गोंडा (उप्र) 10 सितंबर गोंडा जिले में बुधवार रात दुकान से घर लौट रहे 45 वर्षीय एक व्यापारी पर कथित रूप से जानलेवा हमला किया गया तथा अगले दिन उसकी मौत हो गयी। पुलिस ने यह जानकारी दी। इस घटना से राजनीतिक विवाद भी खड़ा हो गया है।
हत्या के विरोध में भाजपा की सहयोगी निषाद पार्टी और विपक्षी समाजवादी पार्टी के नेता एक साथ आ गए हैं। पुलिस ने मामले में नामजद 10 आरोपियों में से दो को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार, वारदात के पीछे सोशल मीडिया पर पोस्ट करने को लेकर हुई रंजिश सामने आई है।
अपर पुलिस अधीक्षक (पश्चिमी) राधेश्याम राय ने बताया कि परसपुर थानाक्षेत्र के रेक्सड़िया गांव के विनोद कुमार साहनी (45) शाहपुर बाजार में बर्तन की दुकान चलाते थे तथा बुधवार रात दुकान बंद करने के बाद वह मोटरसाइकिल से घर लौट रहे थे। राय के अनुसार लल्लन यादव की दुकान के पास पहुंचते ही चार मोटरसाइकिल से आए 10 लोगों ने उनकी बाइक रोक ली और उन्हें घेरकर पीटना शुरू कर दिया। उन्होंने बताया कि विनोद गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर गिर पड़े जिसके बाद हमलावर उन्हें मृत समझकर मौके से फरार हो गए।
पुलिस के अनुसार, हमले के दौरान विनोद ने तीन हमलावरों को पहचान लिया था। पुलिस का कहना है कि परिजन गंभीर हालत में विनोद को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए, जहां से उन्हें मेडिकल कॉलेज, गोंडा भेजा गया। हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने उन्हें लखनऊ रेफर कर दिया।
इलाज के दौरान बृहस्पतिवार को उनकी मौत हो गई। राय ने बताया कि विनोद की ओर से दी गई तहरीर के आधार पर शुभम सिंह उर्फ गोलू, सुभाष सिंह, आकाश सिंह समेत 10 लोगों के खिलाफ पहले जानलेवा हमले की प्राथमिकी दर्ज की गई थी। व्यापारी की मौत के बाद प्राथमिकी में हत्या की धारा बढ़ाई गई है।
राय ने बताया कि प्रारंभिक जांच में विनोद और आरोपियों के बीच सोशल मीडिया पर पोस्ट किए जाने को लेकर विवाद की बात सामने आई है। पुलिस ने शुभम सिंह उर्फ गोलू और सुभाष सिंह को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश के लिए पुलिस टीम लगाई गई हैं। इस हत्या के विरोध में लखनऊ के किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) के पोस्टमार्टम गृह में विरोध प्रदर्शन हुआ, जहां कैबिनेट मंत्री और निषाद पार्टी के अध्यक्ष संजय निषाद, समाजवादी पार्टी के पिछड़ा वर्ग प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष राजपाल कश्यप के साथ धरने पर बैठे।
मौत की खबर मिलने के बाद केजीएमयू के पोस्टमार्टम गृह पहुंचे निषाद ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की और उन्हें हर संभव मदद का भरोसा दिलाया। उन्होंने पारसपुर के थानाध्यक्ष , शाहपुर पुलिस चौकी प्रभारी और मामले से जुड़े अन्य कर्मचारियों को बर्खास्त करने की मांग की। निषाद ने मीडिया से कहा, अगर कार्रवाई नहीं हुई, तो हम 11 सितंबर को गोंडा में पुलिस अधीक्षक के घर और ऑफिस के बाहर विरोध प्रदर्शन करेंगे।
उन्होंने सभी आरोपियों की तुरंत गिरफ्तारी और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की भी मांग की। इस बीच, समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने साहनी की हत्या की उच्च-स्तरीय निष्पक्ष जांच की मांग की। यादव ने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया कि गोंडा में सपा से जुड़े हुए बर्तन व्यापारी विनोद कुमार साहनी की हत्या की उच्चस्तरीय निष्पक्ष जांच हो।
उन्होंने कहा कि भाजपा राज में उत्तर प्रदेश में अपराध एवं अराजकता के चरम पर है।

