Bladder Cancer Symptoms: पेशाब करते समय हल्की जलन होना बहुत आम बात लगती है। अक्सर लोग सोचते हैं कि पानी कम पिया होगा या शरीर में गर्मी बढ़ गई होगी, इसलिए इसे टाल देते हैं। लेकिन अगर पेशाब में जलन के साथ-साथ खून भी दिखने लगे, तो इसे नजरअंदाज करना भारी पड़ सकता है। मेयो क्लिनिक (Mayo Clinic) का कहना है कि पेशाब में खून आने को डॉक्टरी भाषा में हेमाटूरिया कहते हैं। कई बार यह साधारण यूरिन इंफेक्शन (UTI) या पथरी की वजह से होता है। लेकिन कुछ मामलों में यह पेशाब की थैली का कैंसर (Bladder Cancer) भी हो सकता है। आइए समझते हैं कि ऐसा क्यों होता है और कब आपको बिना देर किए डॉक्टर को दिखाना चाहिए।
पेशाब में जलन और खून आने की वजहें
- यूरिन इंफेक्शन (UTI)।
- गुर्दे या मूत्राशय की पथरी।
- प्रोस्टेट का बढ़ना (पुरुषों में)।
- ब्लैडर कैंसर।
ब्लैडर कैंसर में दिखते हैं ये लक्षण
क्लीवलैंड क्लिनिक के मुताबिक, पेशाब में खून आना ब्लैडर कैंसर का सबसे पहला और बड़ा इशारा होता है। इसके लक्षण आम इंफेक्शन से थोड़े अलग होते हैं;
- बिना दर्द के खून आना।
- खून का अपने आप रुक जाना और फिर आना।
- बार-बार पेशाब का प्रेशर बनना।
- पेशाब करने में दिक्कत या रुकावट।
किसको इसका खतरा ज्यादा रहता है?
- सिगरेट, बीड़ी या तंबाकू पीना।
- 55 साल से ज्यादा उम्र के लोग।
- पुरुषों में ज्यादा खतरा।
- केमिकल वाली जगह काम करना।
डॉक्टर के पास कब जाना बेहद जरूरी है?
अगर आपको कभी भी अपने पेशाब का रंग लाल, गुलाबी या गंदला दिखे, तो बिना इंतज़ार किए तुरंत यूरोलॉजिस्ट (पेशाब रोग विशेषज्ञ) या डॉक्टर को दिखाएं। यह मत सोचिए कि दर्द तो हो नहीं रहा, तो सब ठीक होगा। ब्लैडर कैंसर की अच्छी बात यह है कि अगर शुरुआती दौर में ही इसका पता चल जाए, तो सही इलाज से मरीज पूरी तरह ठीक हो सकता है। डॉक्टर पेशाब की जांच, अल्ट्रासाउंड या अंदरूनी जांच (सिस्टोस्कोपी) करके सही वजह बता देते हैं।
डिस्क्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प है। लेकिन पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।

