गोंडा के परसपुर थाना क्षेत्र में भाजपा नेता और जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि भूपेंद्र सिंह पर हुए जानलेवा हमले के 28 दिन बाद भी पुलिस घटना का खुलासा नहीं कर सकी है। 20 अप्रैल की रात कार्यक्रम में जाते समय उनकी स्कॉर्पियो पर फायरिंग हुई थी, जिसमें उन्हें पेट में गोली लगी थी। घटना के बाद परिवार ने घर के सीसीटीवी फुटेज पुलिस को सौंपे और चार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। इसके बावजूद परसपुर पुलिस समेत चार जांच टीमें अब तक किसी ठोस नतीजे पर नहीं पहुंच सकी हैं। भूपेंद्र सिंह का इलाज अभी लखनऊ में चल रहा है। उनकी पत्नी अनामिका सिंह जिला पंचायत सदस्य हैं। मामले में लगातार देरी होने से परिवार ने सरकार और पुलिस प्रशासन से जल्द न्याय दिलाने की मांग की है। थाना अध्यक्ष कमल शंकर चतुर्वेदी के अनुसार, पुलिस कई बिंदुओं पर जांच कर रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।


