नवादा में हिसुआ थाना क्षेत्र के चंद्रवंशी मोहल्ले में एक कॉलेज स्टूडेंट को गोली मारकर हत्या कर दी गई। मृतक की पहचान हिसुआ निवासी शिक्षक मनीष भारती के बेटे प्रणव उर्फ पीयूष कुमार (25) के रूप में हुई है। वह बीएच पार्ट वन का छात्र था और अपने घर का सबसे छोटा बेटा था। पुलिस के अनुसार, यह विवाद कॉलेज में बैठने को लेकर हुआ था। पीयूष को उसके घर से करीब 100 मीटर दूर गोली मारी गई, जिससे उसकी मौत हो गई। घटना के समय चंद्रवंशी नगर में एक स्कॉर्पियो, एक बलेनो और एक बुलेट से 15 से 20 लोग पहुंचे थे। इसी दौरान गोली मारकर हत्या की गई। गोली चलने के बाद सभी आरोपी गाड़ियां छोड़कर फरार हो गए। इस घटना में दो अन्य लोग भी जख्मी हुए हैं, जिनका एक प्राइवेट अस्पताल में इलाज चल रहा है। पुलिस ने दो आरोपियों, अखिलेश कुमार और चंदन कुमार को गिरफ्तार किया है। गोली लगने के बाद पीयूष को पहले स्थानीय अस्पताल और फिर नवादा के सदर अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद लोग बाइक से शव को हिसुआ बाजार ले गए और करीब 6 घंटे तक सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन किया। बुधवार को भी बाजार की सभी दुकानें बंद वहीं, युवक की हत्या के बाद हिसुआ में बहुजन समाज के विभिन्न नेताओं और कार्यकर्ताओं ने पहुंचकर विरोध जताया। इस दौरान स्थानीय विधायक एवं भाजपा नेता अनिल सिंह के खिलाफ भी नारेबाजी की गई। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि क्षेत्र में बहुजन समाज को दबाने का प्रयास किया जा रहा है। भीम आर्मी के जिला अध्यक्ष धर्मेंद्र राजवंशी समेत अन्य नेताओं ने कहा कि बहुजनों पर अत्याचार अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। नेताओं ने कहा कि जब तक मृतक के परिजनों को न्याय नहीं मिलता, आंदोलन जारी रहेगा। मंगलवार को हिसुआ बंद के बाद बुधवार को भी बंद का आह्वान किया गया है। आज सुबह से ही लोगों ने अपनी दुकानें बंद रखी है। जख्मी चंदन बोला- हम पर भी हुई फायरिंग दूसरे पक्ष के जख्मी बगोदर गांव निवासी विजय सिंह के बेटे चंदन कुमार ने बताया कि गोलीबारी में उसे भी गोली लगी है। उसके साथ भदसैनी गांव निवासी नवलेश सिंह के बेटे अखिलेश कुमार पर भी फायरिंग हुई है। चंदन के अनुसार प्रणव समेत कुछ लोगों ने पहले एक युवक के साथ मारपीट की थी। इसकी जानकारी मिलने पर वे लोग कॉलेज में मारपीट करने वाले युवकों के परिजनों से बात करने और उन्हें समझाने के लिए पहुंचे थे। चंदन का आरोप है कि इसी दौरान अचानक कुछ लोग लाठी-डंडा लेकर बाहर निकले और उन लोगों पर हमला कर दिया। इसके बाद उन्हें वहां से दौड़ा दिया गया। जख्मी चंदन ने दावा किया कि बाद में वहीं लोग बंदूक लेकर आए और फायरिंग शुरू कर दी। उसके अनुसार, मृतक प्रणव कुमार के हाथ में भी पिस्टल थी और कुछ अन्य लोगों के हाथ में भी हथियार थे। अचानक हुई फायरिंग के दौरान गोली लगने से वह और अखिलेश कुमार घायल हो गए। दोनों का इलाज कराया गया है। हालांकि, घटना को लेकर दोनों पक्षों की ओर से अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही है और फायरिंग की वास्तविक वजह का पता लगाया जा रहा है। घटना से जुड़ी 3 तस्वीरें… ‘आंखों के सामने बच्चे की मौत देखी, अब बर्दाश्त नहीं’ मृतक की पड़ोसी चाची रूबी देवी ने बताया कि प्रणव मेरे बच्चे जैसा था। मैंने अपनी आंखों के सामने उसे मौत के मुंह में जाते देखा है। रूबी देवी ने भावुक होकर कहा कि अब यह दर्द और अन्याय बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने घटना में शामिल आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि पूरा महिला समाज एकजुट होकर न्याय के लिए आवाज उठाएगा। उन्होंने आक्रोश में बदला लेने की बात भी कही। बाजार बंद से डेढ़ करोड़ रुपए के कारोबार का नुकसान हिसुआ बाजार में युवक की हत्या के बाद आक्रोश का असर कारोबार पर भी देखने को मिला। हत्या के विरोध में बाजार की 300 से अधिक दुकानें पूरी तरह बंद रहीं। स्थिति ऐसी रही कि दुकानदारों ने लोगों को पानी की बोतल तक की बिक्री नहीं की। पूरे बाजार में सन्नाटा पसरा रहा और दुकानदारों में घटना को लेकर गहरी नाराजगी देखी गई। दुकानदार रवि कुमार ने बताया कि सामान्य दिनों में इस समय बाजार में करीब डेढ़ करोड़ रुपए का कारोबार होता है। एक दिन दुकानें बंद रहने से कारोबारियों को लगभग डेढ़ करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। दुकानदारों ने हत्या मामले में आरोपियों की गिरफ्तारी और निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की। 6 सालों से अध्यक्ष पद की लड़ाई
हिसुआ के टीएच कॉलेज में अध्यक्ष पद को लेकर पिछले करीब 6 सालों से विवाद की स्थिति बनी हुई है। स्थानीय पत्रकार आलोक कुमार के अनुसार, कॉलेज में छोटी-छोटी बातों को लेकर छात्रों के बीच छिटपुट विवाद पहले भी होते रहे हैं। हत्या के पीछे बैठने को लेकर विवाद की बात सामने आ रही है, जिसने पूरे मामले को गंभीर बना दिया है। हालांकि, कॉलेज प्रशासन परिसर में किसी तरह के विवाद से इनकार कर रहा है। बताया जाता है कि अध्यक्ष पद की दावेदारी को लेकर कॉलेज में पहले भी कई बार विवाद की स्थिति उत्पन्न होती रही है। पोस्टमॉर्टम के बाद परिजनों को सौंपा गया शव, 2 आरोपी गिरफ्तार हिसुआ थाना प्रभारी मृत्युंजय कुमार ने बताया कि रात करीब 1 बजे पोस्टमॉर्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद मृतक का शव परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, गोलीबारी में घायल दोनों आरोपी निजी अस्पताल में इलाज करा रहे थे, वहां से उन्हें गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अखिलेश कुमार और चंदन कुमार के रूप में हुई है। थाना प्रभारी ने बताया कि मृतक के अंतिम संस्कार के बाद परिजनों की ओर से आवेदन प्राप्त होने पर प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। नवादा में हिसुआ थाना क्षेत्र के चंद्रवंशी मोहल्ले में एक कॉलेज स्टूडेंट को गोली मारकर हत्या कर दी गई। मृतक की पहचान हिसुआ निवासी शिक्षक मनीष भारती के बेटे प्रणव उर्फ पीयूष कुमार (25) के रूप में हुई है। वह बीएच पार्ट वन का छात्र था और अपने घर का सबसे छोटा बेटा था। पुलिस के अनुसार, यह विवाद कॉलेज में बैठने को लेकर हुआ था। पीयूष को उसके घर से करीब 100 मीटर दूर गोली मारी गई, जिससे उसकी मौत हो गई। घटना के समय चंद्रवंशी नगर में एक स्कॉर्पियो, एक बलेनो और एक बुलेट से 15 से 20 लोग पहुंचे थे। इसी दौरान गोली मारकर हत्या की गई। गोली चलने के बाद सभी आरोपी गाड़ियां छोड़कर फरार हो गए। इस घटना में दो अन्य लोग भी जख्मी हुए हैं, जिनका एक प्राइवेट अस्पताल में इलाज चल रहा है। पुलिस ने दो आरोपियों, अखिलेश कुमार और चंदन कुमार को गिरफ्तार किया है। गोली लगने के बाद पीयूष को पहले स्थानीय अस्पताल और फिर नवादा के सदर अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद लोग बाइक से शव को हिसुआ बाजार ले गए और करीब 6 घंटे तक सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन किया। बुधवार को भी बाजार की सभी दुकानें बंद वहीं, युवक की हत्या के बाद हिसुआ में बहुजन समाज के विभिन्न नेताओं और कार्यकर्ताओं ने पहुंचकर विरोध जताया। इस दौरान स्थानीय विधायक एवं भाजपा नेता अनिल सिंह के खिलाफ भी नारेबाजी की गई। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि क्षेत्र में बहुजन समाज को दबाने का प्रयास किया जा रहा है। भीम आर्मी के जिला अध्यक्ष धर्मेंद्र राजवंशी समेत अन्य नेताओं ने कहा कि बहुजनों पर अत्याचार अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। नेताओं ने कहा कि जब तक मृतक के परिजनों को न्याय नहीं मिलता, आंदोलन जारी रहेगा। मंगलवार को हिसुआ बंद के बाद बुधवार को भी बंद का आह्वान किया गया है। आज सुबह से ही लोगों ने अपनी दुकानें बंद रखी है। जख्मी चंदन बोला- हम पर भी हुई फायरिंग दूसरे पक्ष के जख्मी बगोदर गांव निवासी विजय सिंह के बेटे चंदन कुमार ने बताया कि गोलीबारी में उसे भी गोली लगी है। उसके साथ भदसैनी गांव निवासी नवलेश सिंह के बेटे अखिलेश कुमार पर भी फायरिंग हुई है। चंदन के अनुसार प्रणव समेत कुछ लोगों ने पहले एक युवक के साथ मारपीट की थी। इसकी जानकारी मिलने पर वे लोग कॉलेज में मारपीट करने वाले युवकों के परिजनों से बात करने और उन्हें समझाने के लिए पहुंचे थे। चंदन का आरोप है कि इसी दौरान अचानक कुछ लोग लाठी-डंडा लेकर बाहर निकले और उन लोगों पर हमला कर दिया। इसके बाद उन्हें वहां से दौड़ा दिया गया। जख्मी चंदन ने दावा किया कि बाद में वहीं लोग बंदूक लेकर आए और फायरिंग शुरू कर दी। उसके अनुसार, मृतक प्रणव कुमार के हाथ में भी पिस्टल थी और कुछ अन्य लोगों के हाथ में भी हथियार थे। अचानक हुई फायरिंग के दौरान गोली लगने से वह और अखिलेश कुमार घायल हो गए। दोनों का इलाज कराया गया है। हालांकि, घटना को लेकर दोनों पक्षों की ओर से अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही है और फायरिंग की वास्तविक वजह का पता लगाया जा रहा है। घटना से जुड़ी 3 तस्वीरें… ‘आंखों के सामने बच्चे की मौत देखी, अब बर्दाश्त नहीं’ मृतक की पड़ोसी चाची रूबी देवी ने बताया कि प्रणव मेरे बच्चे जैसा था। मैंने अपनी आंखों के सामने उसे मौत के मुंह में जाते देखा है। रूबी देवी ने भावुक होकर कहा कि अब यह दर्द और अन्याय बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने घटना में शामिल आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि पूरा महिला समाज एकजुट होकर न्याय के लिए आवाज उठाएगा। उन्होंने आक्रोश में बदला लेने की बात भी कही। बाजार बंद से डेढ़ करोड़ रुपए के कारोबार का नुकसान हिसुआ बाजार में युवक की हत्या के बाद आक्रोश का असर कारोबार पर भी देखने को मिला। हत्या के विरोध में बाजार की 300 से अधिक दुकानें पूरी तरह बंद रहीं। स्थिति ऐसी रही कि दुकानदारों ने लोगों को पानी की बोतल तक की बिक्री नहीं की। पूरे बाजार में सन्नाटा पसरा रहा और दुकानदारों में घटना को लेकर गहरी नाराजगी देखी गई। दुकानदार रवि कुमार ने बताया कि सामान्य दिनों में इस समय बाजार में करीब डेढ़ करोड़ रुपए का कारोबार होता है। एक दिन दुकानें बंद रहने से कारोबारियों को लगभग डेढ़ करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। दुकानदारों ने हत्या मामले में आरोपियों की गिरफ्तारी और निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की। 6 सालों से अध्यक्ष पद की लड़ाई
हिसुआ के टीएच कॉलेज में अध्यक्ष पद को लेकर पिछले करीब 6 सालों से विवाद की स्थिति बनी हुई है। स्थानीय पत्रकार आलोक कुमार के अनुसार, कॉलेज में छोटी-छोटी बातों को लेकर छात्रों के बीच छिटपुट विवाद पहले भी होते रहे हैं। हत्या के पीछे बैठने को लेकर विवाद की बात सामने आ रही है, जिसने पूरे मामले को गंभीर बना दिया है। हालांकि, कॉलेज प्रशासन परिसर में किसी तरह के विवाद से इनकार कर रहा है। बताया जाता है कि अध्यक्ष पद की दावेदारी को लेकर कॉलेज में पहले भी कई बार विवाद की स्थिति उत्पन्न होती रही है। पोस्टमॉर्टम के बाद परिजनों को सौंपा गया शव, 2 आरोपी गिरफ्तार हिसुआ थाना प्रभारी मृत्युंजय कुमार ने बताया कि रात करीब 1 बजे पोस्टमॉर्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद मृतक का शव परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, गोलीबारी में घायल दोनों आरोपी निजी अस्पताल में इलाज करा रहे थे, वहां से उन्हें गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अखिलेश कुमार और चंदन कुमार के रूप में हुई है। थाना प्रभारी ने बताया कि मृतक के अंतिम संस्कार के बाद परिजनों की ओर से आवेदन प्राप्त होने पर प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

