मधुबनी में बिहार सरकार के श्रम संसाधन, प्रवासी श्रमिक कल्याण एवं कौशल विकास मंत्री और खजौली विधायक अरुण शंकर प्रसाद के काफिले पर रविवार को हमला हो गया। यह घटना खजौली थाना क्षेत्र के ठाहर गांव में हुई, जहां असामाजिक तत्वों ने मंत्री की गाड़ी पर पथराव किया। इस हमले में मंत्री की गाड़ी का पिछला शीशा पूरी तरह टूट गया। पीड़ित परिवार से मिलकर लौट रहे थे मंत्री अरुण शंकर प्रसाद अपने विधानसभा क्षेत्र में एक सड़क दुर्घटना के पीड़ित परिवार से संवेदना व्यक्त कर लौट रहे थे। मधुबनी के एसपी योगेंद्र कुमार के अनुसार, ठाहर गांव के पास कुछ असामाजिक तत्वों ने उन्हें रोका और अनुचित मांग करने लगे। घटना से जुड़ी तस्वीर देखिए…. स्थीनीय लोगों ने गाड़ी पर ईंट-पत्थर बरसाया मंत्री ने उन्हें समझाने का प्रयास किया, लेकिन जब वे वहां से निकलने लगे, तो उपद्रवियों ने महिलाओं को आगे कर काफिले पर ईंट-पत्थर बरसाना शुरू कर दिया। सुरक्षाकर्मियों ने सूझबूझ दिखाते हुए मंत्री को सुरक्षित वहां से निकाला। थाने पर की शिकायत घटना के बाद मंत्री अरुण शंकर प्रसाद अपने दर्जनों समर्थकों के साथ रविवार देर शाम कलुआही थाना पहुंचे। मामले की गंभीरता को देखते हुए खजौली के एसडीपीओ सदर-2 कामिनी कौशल, मधुबनी के एसपी योगेंद्र कुमार और डीआईजी मनोज कुमार तिवारी तुरंत कलुआही थाना पहुंचे। उन्होंने मंत्री से घटना की विस्तृत जानकारी ली। पुलिस इस हमले के पीछे एक और बड़ी वजह मानकर चल रही है। दरअसल, दो दिन पहले इलाके में एक साइकिल और मोटरसाइकिल की टक्कर हुई थी, जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई थी। पुलिस ने इस मामले में बाइक जब्त कर दो लोगों को जेल भी भेजा है। एसपी ने संदेह जताया है कि हमलावरों का मकसद इस दुर्घटना की आड़ में कुछ और ही था। जांच के लिए SIT टीम का गठन इलाके के सीसीटीवी कैमरों को खंगाला गया है और सभी अपराधियों की पहचान कर ली गई है। मधुबनी एसपी योगेंद्र कुमार ने बताया कि अपराधियों को पकड़ने के लिए एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि जल्द ही सभी दोषियों की गिरफ्तारी होगी और इस मामले में त्वरित सुनवाई (स्पीड ट्रायल) चलाकर अपराधियों को कड़ी सजा दिलवाई जाएगी। राज्य के एक कैबिनेट मंत्री पर इस तरह का हमला सुरक्षा व्यवस्था पर चिंताएं बढ़ा देता है। मधुबनी में बिहार सरकार के श्रम संसाधन, प्रवासी श्रमिक कल्याण एवं कौशल विकास मंत्री और खजौली विधायक अरुण शंकर प्रसाद के काफिले पर रविवार को हमला हो गया। यह घटना खजौली थाना क्षेत्र के ठाहर गांव में हुई, जहां असामाजिक तत्वों ने मंत्री की गाड़ी पर पथराव किया। इस हमले में मंत्री की गाड़ी का पिछला शीशा पूरी तरह टूट गया। पीड़ित परिवार से मिलकर लौट रहे थे मंत्री अरुण शंकर प्रसाद अपने विधानसभा क्षेत्र में एक सड़क दुर्घटना के पीड़ित परिवार से संवेदना व्यक्त कर लौट रहे थे। मधुबनी के एसपी योगेंद्र कुमार के अनुसार, ठाहर गांव के पास कुछ असामाजिक तत्वों ने उन्हें रोका और अनुचित मांग करने लगे। घटना से जुड़ी तस्वीर देखिए…. स्थीनीय लोगों ने गाड़ी पर ईंट-पत्थर बरसाया मंत्री ने उन्हें समझाने का प्रयास किया, लेकिन जब वे वहां से निकलने लगे, तो उपद्रवियों ने महिलाओं को आगे कर काफिले पर ईंट-पत्थर बरसाना शुरू कर दिया। सुरक्षाकर्मियों ने सूझबूझ दिखाते हुए मंत्री को सुरक्षित वहां से निकाला। थाने पर की शिकायत घटना के बाद मंत्री अरुण शंकर प्रसाद अपने दर्जनों समर्थकों के साथ रविवार देर शाम कलुआही थाना पहुंचे। मामले की गंभीरता को देखते हुए खजौली के एसडीपीओ सदर-2 कामिनी कौशल, मधुबनी के एसपी योगेंद्र कुमार और डीआईजी मनोज कुमार तिवारी तुरंत कलुआही थाना पहुंचे। उन्होंने मंत्री से घटना की विस्तृत जानकारी ली। पुलिस इस हमले के पीछे एक और बड़ी वजह मानकर चल रही है। दरअसल, दो दिन पहले इलाके में एक साइकिल और मोटरसाइकिल की टक्कर हुई थी, जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई थी। पुलिस ने इस मामले में बाइक जब्त कर दो लोगों को जेल भी भेजा है। एसपी ने संदेह जताया है कि हमलावरों का मकसद इस दुर्घटना की आड़ में कुछ और ही था। जांच के लिए SIT टीम का गठन इलाके के सीसीटीवी कैमरों को खंगाला गया है और सभी अपराधियों की पहचान कर ली गई है। मधुबनी एसपी योगेंद्र कुमार ने बताया कि अपराधियों को पकड़ने के लिए एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि जल्द ही सभी दोषियों की गिरफ्तारी होगी और इस मामले में त्वरित सुनवाई (स्पीड ट्रायल) चलाकर अपराधियों को कड़ी सजा दिलवाई जाएगी। राज्य के एक कैबिनेट मंत्री पर इस तरह का हमला सुरक्षा व्यवस्था पर चिंताएं बढ़ा देता है।


