कटिहार के मनिहारी क्षेत्र में बुधवार को एक आवारा सांड के हमले में 55 वर्षीय बुजुर्ग शेख इजराईल गंभीर रूप से घायल हो गए। इस घटना के बाद इलाके में चिंता का माहौल है। मनिहारी पश्चिम टोला निवासी शेख इजराईल बुधवार को अपने गैरेज जा रहे थे। अंबेडकर चौक के समीप अचानक पीछे से आए एक सांड ने उन पर हमला कर दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सांड ने उन्हें उठाकर जमीन पर पटक दिया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद स्थानीय लोगों ने तुरंत घायल शेख इजराईल को नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद उनकी नाजुक स्थिति को देखते हुए चिकित्सकों ने उन्हें सदर अस्पताल रेफर कर दिया। उनकी हालत फिलहाल चिंताजनक बनी हुई है। रोजाना की तरह काम पर जा रहे थे घायल के पुत्र शेख इश्तियाक ने बताया कि उन्हें फोन पर घटना की सूचना मिली। उनके पिता पेशे से गाड़ी मिस्त्री हैं और मनिहारी चौक के पास उनका गैरेज है। वे रोजाना की तरह अपने काम पर जा रहे थे, तभी सांड ने उन पर हमला किया। इस घटना को लेकर स्थानीय लोगों में आक्रोश है। ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में आवारा पशुओं की संख्या लगातार बढ़ रही है, जिससे लोगों का बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। उन्होंने जिला प्रशासन से आवारा पशुओं पर शीघ्र नियंत्रण करने की मांग की है, ताकि ऐसी घटनाओं को रोका जा सके। कटिहार के मनिहारी क्षेत्र में बुधवार को एक आवारा सांड के हमले में 55 वर्षीय बुजुर्ग शेख इजराईल गंभीर रूप से घायल हो गए। इस घटना के बाद इलाके में चिंता का माहौल है। मनिहारी पश्चिम टोला निवासी शेख इजराईल बुधवार को अपने गैरेज जा रहे थे। अंबेडकर चौक के समीप अचानक पीछे से आए एक सांड ने उन पर हमला कर दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सांड ने उन्हें उठाकर जमीन पर पटक दिया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद स्थानीय लोगों ने तुरंत घायल शेख इजराईल को नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद उनकी नाजुक स्थिति को देखते हुए चिकित्सकों ने उन्हें सदर अस्पताल रेफर कर दिया। उनकी हालत फिलहाल चिंताजनक बनी हुई है। रोजाना की तरह काम पर जा रहे थे घायल के पुत्र शेख इश्तियाक ने बताया कि उन्हें फोन पर घटना की सूचना मिली। उनके पिता पेशे से गाड़ी मिस्त्री हैं और मनिहारी चौक के पास उनका गैरेज है। वे रोजाना की तरह अपने काम पर जा रहे थे, तभी सांड ने उन पर हमला किया। इस घटना को लेकर स्थानीय लोगों में आक्रोश है। ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में आवारा पशुओं की संख्या लगातार बढ़ रही है, जिससे लोगों का बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। उन्होंने जिला प्रशासन से आवारा पशुओं पर शीघ्र नियंत्रण करने की मांग की है, ताकि ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।


