मुंबई की एक उपभोक्ता अदालत ने अग्रवाल पैकर्स एंड मूवर्स को सामान स्थानांतरित करते समय हुए नुकसान की भरपाई के लिए दंपति को 2.30 लाख रुपये से अधिक का मुआवजा देने का निर्देश दिया है। जिला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग (दक्षिण मुंबई) ने पिछले महीने पारित अपने आदेश में कहा कि सामान की पैकिंग तथा उसे वाहन में चढ़ाते व उतारते समय सावधानी रखना कंपनी की कानूनी जिम्मेदारी है। आयोग ने लॉजिस्टिक्स कंपनी ‘अग्रवाल पैकर्स एंड मूवर्स’ को सामान स्थानांतरित के लिए दंपति से ली गई 1,33,717 रुपये की पूरी राशि एक अगस्त, 2023 से छह प्रतिशत सालाना ब्याज के साथ लौटाने का निर्देश दिया।
इसके अलावा, सामान को हुए नुकसान के लिए 50,000 रुपये, मानसिक पीड़ा एवं असुविधा के लिए 50,000 रुपये और मुकदमे पर हुए खर्च के रूप में 10,000 रुपये देने का निर्देश दिया गया है। कंपनी को यह भुगतान 45 दिन के भीतर करना होगा। शिकायतकर्ताओं के अनुसार, उन्होंने जुलाई, 2023 में अपने घरेलू सामान को नए घर तक पहुंचाने के लिए कंपनी की सेवाएं ली थीं।
हालांकि, सामान पहुंचने पर कई वस्तुएं क्षतिग्रस्त मिलीं। कंपनी ने इसके लिए केवल 5,000 रुपये का मुआवजा देने की पेशकश की। इसके बाद दंपति ने कंपनी पर लापरवाही और सेवा में कमी का आरोप लगाते हुए उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम के तहत उचित मुआवजे की मांग के साथ आयोग का रुख किया था।

