जौनपुर में राज्य निर्वाचन आयोग ने मतदाता सूची के तीसरे सत्यापन अभियान में 36,719 डुप्लीकेट मतदाताओं के नाम हटा दिए हैं। आयोग ने इस अभियान के लिए जिला प्रशासन को 18 लाख 11 हजार 662 संभावित डुप्लीकेट नामों की सूची सौंपी थी, जिसका सत्यापन कार्य अब पूरा हो गया है। जिले में कुल 37 लाख 23 हजार 888 मतदाता दर्ज हैं। इस व्यापक सत्यापन प्रक्रिया को पूरा करने के लिए 1959 बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) को तैनात किया गया था। यह कार्रवाई त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के मद्देनजर की गई है। 23 दिसंबर को अनंतिम मतदाता सूची के प्रकाशन के बाद राज्य निर्वाचन आयोग ने जिला प्रशासन को तीसरी बार सत्यापन का निर्देश दिया था। इससे पहले भी आयोग ने दो सत्यापन अभियान चलाए थे। पहले चरण में 19 लाख 28 हजार 560 संभावित डुप्लीकेट मतदाताओं की सूची भेजी गई थी, जिसके परिणामस्वरूप 2 लाख 19 हजार 43 नाम हटाए गए थे। दूसरे चरण में 9 लाख 51 हजार 391 संभावित डुप्लीकेट मतदाताओं की पहचान की गई थी, जिनमें से 2 लाख 78 हजार 880 नाम हटाए गए। इन हटाए गए नामों में कुछ मृत मतदाता और कुछ स्थानांतरित हो चुके मतदाता शामिल थे। सत्यापन प्रक्रिया में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) तकनीक का भी उपयोग किया गया। पहले के अभियानों में गांवों और ब्लॉकों को शामिल किया गया था, जबकि इस बार पूरे जिले के आंकड़ों पर काम किया गया। सॉफ्टवेयर ने एक ही नाम वाले मतदाताओं को चिह्नित करने में मदद की। बीएलओ ने घर-घर जाकर मतदाताओं का सत्यापन किया। इस दौरान मौजूद मतदाताओं के आधार कार्ड के अंतिम चार अंक दर्ज किए गए। जो मतदाता अपने पते पर नहीं मिले, उनके नाम सूची से हटा दिए गए। सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी (पंचायत एवं नगरीय निकाय) राकेश कुमार सिंह ने बताया कि निर्वाचन आयोग ने तीसरी बार डुप्लीकेट मतदाताओं की सूची सौंपकर सत्यापन का निर्देश दिया था। यह कार्य पूरा कर रिपोर्ट आयोग को सौंप दी गई है। उन्होंने पुष्टि की कि इस अभियान में 36,719 डुप्लीकेट मतदाताओं के नाम हटाए गए हैं।


