दीपावली और छठ महापर्व के मौके पर बिहार राज्य पथ परिवहन निगम ने दूसरे राज्यों में रहने वाले बिहारवासियों के लिए विशेष बस सेवा की शुरुआत की है। 5 से 20 नवंबर के बीच दिल्ली, हरियाणा, यूपी, झारखंड और पश्चिम बंगाल से करीब 200 विशेष बसें चलेंगी। रविवार से ऑनलाइन बुकिंग शुरू हो गई है। पटना के लिए दिल्ली से 13, हरियाणा से 7, झारखंड से 4, मुजफ्फरपुर के लिए दिल्ली से 34, दरभंगा के लिए हरियाणा से 22, दिल्ली से 6, पूर्णिया के लिए हरियाणा से 18, दिल्ली से 12, गया के लिए दिल्ली से 10, झारखंड से 6, हरियाणा से 2 आैर यूपी से 2 बसें चलेंगी। परिवहन मंत्री दामोदर रावत ने कहा कि एसी सीटर आैर स्लीपर बस के किराया पर 30 प्रतिशत से अधिक सब्सिडी दी जा रही है। किराया चार्ट रूट नॉन-एसी सीटर एसी स्लीपर पटना-दिल्ली 1182 रुपए 1935 रुपए पटना-अंबाला 1303 रुपए 2134 रुपए पटना-गुरुग्राम 1193 रुपए 1948 रुपए पटना-गुमला 502 रुपए 800 रुपए पटना-कोलकाता 839 रुपए 1276 रुपए पटना-गाजियाबाद 1120 रुपए 1854 रुपए पटना-दिल्ली के बीच नॉन एसी स्लीपर और एसी सीटर बस की भी सुविधा है। नॉन एसी स्लीपर का किराया 1483 रुपए आैर एसी सीटर का 1318 रुपए है। कब से कब तक चलेंगी : 5 नवंबर से 20 नवंबर तक
किन राज्यों से : दिल्ली, हरियाणा, उत्तरप्रदेश, पश्चिम बंगाल और झारखंड
बुकिंग : वेबसाइट bsrtc.bihar.gov.in पर
गंगा घाटों और पहुंच पथों पर लगेंगी 47 हजार लाइटें छठ महापर्व के दौरान गंगा घाटों और पहुंच पथों पर 40 हजार से अधिक अस्थायी लाइटें लगाई जाएंगी। वर्तमान में पटना नगर निगम क्षेत्र के गंगा घाटों और पहुंच पथों पर 50 हाइमास्ट लाइट और करीब 2200 स्ट्रीट लाइटें लगी हुई हैं। महापर्व के अवसर पर करीब 47 हजार अस्थायी लाइटें लगाई जाएंगी। इनमें करीब 30 हजार फ्लड एवं मेटल लाइट और 17 हजार ट्यूबलाइट शामिल हैं। गंगा घाटों के साथ-साथ तालाबों आैर पार्कों में भी विशेष प्रकाश व्यवस्था की जाएगी। उधर, शहर की सड़कों, गली-मोहल्लों और सार्वजनिक स्थलों को भी दूधिया रोशनी से जगमग करने की तैयारी है। एक ओर खराब स्ट्रीट लाइटों की मरम्मत का कार्य अंतिम चरण में है, वहीं वार्डों में अतिरिक्त स्ट्रीट लाइट लगाने का कार्य भी शुरू कर दिया गया है। रविवार को पहली खेप में सभी वार्डों को 1800 अतिरिक्त लाइटें उपलब्ध कराई गईं। पहले चरण में वार्डों में 50-50 लाइटें लगाई जाएंगी। इसके बाद जरूरत के हिसाब से संख्या बढ़ेगी। नगर आयुक्त यशपाल मीणा ने लाइट लगाने का काम सीमा पर पूरा करने को कहा है। पहुंच मार्ग बनाना चुनौती : नगर निगम की टीम लगातार छठ घाटों का निरीक्षण कर रही है। अधिकतर जगहों पर अभी पहुंच मार्ग बनाने की चुनौती है। बांसघाट और एलसीटी घाट तक पहुंचने के लिए एप्रोच रोड बनाना मुश्किल लग रहा है। यहां दलदली मिट्टी होने के चलते काम करने में दिक्कत हो रही है। इसी तरह कई घाटों पर अभी बांस-बल्ली से बैरिकेडिंग का काम शुरू नहीं किया जा सका है। दो दिन तक बारिश के चलते घाटों को तैयार करने की चुनौती बढ़ गई है। अब धूप निकलने के बाद कुछ स्थिति सुधरने की उम्मीद है। दीपावली और छठ महापर्व के मौके पर बिहार राज्य पथ परिवहन निगम ने दूसरे राज्यों में रहने वाले बिहारवासियों के लिए विशेष बस सेवा की शुरुआत की है। 5 से 20 नवंबर के बीच दिल्ली, हरियाणा, यूपी, झारखंड और पश्चिम बंगाल से करीब 200 विशेष बसें चलेंगी। रविवार से ऑनलाइन बुकिंग शुरू हो गई है। पटना के लिए दिल्ली से 13, हरियाणा से 7, झारखंड से 4, मुजफ्फरपुर के लिए दिल्ली से 34, दरभंगा के लिए हरियाणा से 22, दिल्ली से 6, पूर्णिया के लिए हरियाणा से 18, दिल्ली से 12, गया के लिए दिल्ली से 10, झारखंड से 6, हरियाणा से 2 आैर यूपी से 2 बसें चलेंगी। परिवहन मंत्री दामोदर रावत ने कहा कि एसी सीटर आैर स्लीपर बस के किराया पर 30 प्रतिशत से अधिक सब्सिडी दी जा रही है। किराया चार्ट रूट नॉन-एसी सीटर एसी स्लीपर पटना-दिल्ली 1182 रुपए 1935 रुपए पटना-अंबाला 1303 रुपए 2134 रुपए पटना-गुरुग्राम 1193 रुपए 1948 रुपए पटना-गुमला 502 रुपए 800 रुपए पटना-कोलकाता 839 रुपए 1276 रुपए पटना-गाजियाबाद 1120 रुपए 1854 रुपए पटना-दिल्ली के बीच नॉन एसी स्लीपर और एसी सीटर बस की भी सुविधा है। नॉन एसी स्लीपर का किराया 1483 रुपए आैर एसी सीटर का 1318 रुपए है। कब से कब तक चलेंगी : 5 नवंबर से 20 नवंबर तक
किन राज्यों से : दिल्ली, हरियाणा, उत्तरप्रदेश, पश्चिम बंगाल और झारखंड
बुकिंग : वेबसाइट bsrtc.bihar.gov.in पर
गंगा घाटों और पहुंच पथों पर लगेंगी 47 हजार लाइटें छठ महापर्व के दौरान गंगा घाटों और पहुंच पथों पर 40 हजार से अधिक अस्थायी लाइटें लगाई जाएंगी। वर्तमान में पटना नगर निगम क्षेत्र के गंगा घाटों और पहुंच पथों पर 50 हाइमास्ट लाइट और करीब 2200 स्ट्रीट लाइटें लगी हुई हैं। महापर्व के अवसर पर करीब 47 हजार अस्थायी लाइटें लगाई जाएंगी। इनमें करीब 30 हजार फ्लड एवं मेटल लाइट और 17 हजार ट्यूबलाइट शामिल हैं। गंगा घाटों के साथ-साथ तालाबों आैर पार्कों में भी विशेष प्रकाश व्यवस्था की जाएगी। उधर, शहर की सड़कों, गली-मोहल्लों और सार्वजनिक स्थलों को भी दूधिया रोशनी से जगमग करने की तैयारी है। एक ओर खराब स्ट्रीट लाइटों की मरम्मत का कार्य अंतिम चरण में है, वहीं वार्डों में अतिरिक्त स्ट्रीट लाइट लगाने का कार्य भी शुरू कर दिया गया है। रविवार को पहली खेप में सभी वार्डों को 1800 अतिरिक्त लाइटें उपलब्ध कराई गईं। पहले चरण में वार्डों में 50-50 लाइटें लगाई जाएंगी। इसके बाद जरूरत के हिसाब से संख्या बढ़ेगी। नगर आयुक्त यशपाल मीणा ने लाइट लगाने का काम सीमा पर पूरा करने को कहा है। पहुंच मार्ग बनाना चुनौती : नगर निगम की टीम लगातार छठ घाटों का निरीक्षण कर रही है। अधिकतर जगहों पर अभी पहुंच मार्ग बनाने की चुनौती है। बांसघाट और एलसीटी घाट तक पहुंचने के लिए एप्रोच रोड बनाना मुश्किल लग रहा है। यहां दलदली मिट्टी होने के चलते काम करने में दिक्कत हो रही है। इसी तरह कई घाटों पर अभी बांस-बल्ली से बैरिकेडिंग का काम शुरू नहीं किया जा सका है। दो दिन तक बारिश के चलते घाटों को तैयार करने की चुनौती बढ़ गई है। अब धूप निकलने के बाद कुछ स्थिति सुधरने की उम्मीद है।

