पश्चिम चंपारण जिले में जन्म से कटे होंठ और तालू की समस्या से जूझ रहे बच्चों को मुफ्त ऑपरेशन के लिए रक्सौल के डंकन अस्पताल भेजा गया। यह सुविधा राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (आरबीएसके) के तहत दी जा रही है। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने बच्चों की पहचान कर जरूरी प्रक्रिया पूरी की। इसके बाद उन्हें एंबुलेंस से अस्पताल रवाना किया गया। पहले जांच करेंगे विशेषज्ञ डॉक्टर डंकन अस्पताल में विशेषज्ञ डॉक्टर पहले बच्चों की जांच करेंगे। उनकी सेहत और ऑपरेशन के लिए उपयुक्तता का आकलन किया जाएगा। इसके बाद डॉक्टरों की सलाह के अनुसार उनकी मुफ्त सर्जरी की जाएगी। 14 नवंबर तक चलेगा विशेष अभियान बिहार सरकार 2 अक्टूबर से 14 नवंबर तक राज्यभर में विशेष अभियान चला रही है। इसके तहत कटे होंठ और तालू की समस्या वाले बच्चों की पहचान कर उन्हें इलाज से जोड़ा जा रहा है। इस समस्या के कारण बच्चों को खाने-पीने और बोलने में परेशानी हो सकती है। समय पर इलाज और सर्जरी से इन दिक्कतों को कम किया जा सकता है। पश्चिम चंपारण जिले में जन्म से कटे होंठ और तालू की समस्या से जूझ रहे बच्चों को मुफ्त ऑपरेशन के लिए रक्सौल के डंकन अस्पताल भेजा गया। यह सुविधा राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (आरबीएसके) के तहत दी जा रही है। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने बच्चों की पहचान कर जरूरी प्रक्रिया पूरी की। इसके बाद उन्हें एंबुलेंस से अस्पताल रवाना किया गया। पहले जांच करेंगे विशेषज्ञ डॉक्टर डंकन अस्पताल में विशेषज्ञ डॉक्टर पहले बच्चों की जांच करेंगे। उनकी सेहत और ऑपरेशन के लिए उपयुक्तता का आकलन किया जाएगा। इसके बाद डॉक्टरों की सलाह के अनुसार उनकी मुफ्त सर्जरी की जाएगी। 14 नवंबर तक चलेगा विशेष अभियान बिहार सरकार 2 अक्टूबर से 14 नवंबर तक राज्यभर में विशेष अभियान चला रही है। इसके तहत कटे होंठ और तालू की समस्या वाले बच्चों की पहचान कर उन्हें इलाज से जोड़ा जा रहा है। इस समस्या के कारण बच्चों को खाने-पीने और बोलने में परेशानी हो सकती है। समय पर इलाज और सर्जरी से इन दिक्कतों को कम किया जा सकता है।

