उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ स्थित चौधरी चरण सिंह हवाई अड्डे पर फर्जी दस्तावेजों के जरिए हासिल किए गए भारतीय पासपोर्ट के आधार पर यात्रा कर रहे एक नेपाली नागरिक को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी। लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट ने एक बयान में कहा कि आरोपी को 28 अक्टूबर को उस समय पकड़ा गया, जब वह दुबई से एक उड़ान के जरिए लखनऊ पहुंचा था।
लखनऊ पुलिस के एक बयान के अनुसार, आरोपी की पहचान दिलीप कुमार के रूप में हुई है, जिसे 28 अक्टूबर को दुबई से लखनऊ पहुंचने के बाद गिरफ्तार किया गया। आरोपी की उम्र करीब 23 वर्ष है। पुलिस ने बताया कि आव्रजन जांच के दौरान अधिकारियों को दिलीप पर संदेह हुआ था।
जांच के दौरान अधिकारियों को उसके पास से नेपाल का नागरिकता प्रमाणपत्र और नेपाल का पैन कार्ड मिला, जिस पर दिनेश खड्का नाम दर्ज था। वह नेपाल के कैलाली जिले के निवासी नर बहादुर खड्का का पुत्र है। आरोपी पर अपनी नेपाली राष्ट्रीयता छिपाने और एक भारतीय पासपोर्ट प्राप्त करने का आरोप है।
पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने अपनी नेपाली नागरिकता छिपाई और फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल करके भारतीय पासपोर्ट हासिल किया। इन दस्तावेजों में उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले का पता शामिल था। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने बताया कि वह इसी पासपोर्ट का इस्तेमाल करके फरवरी 2026 में दुबई गया और भारत लौटने पर उसे पकड़ लिया गया।
पुलिस ने बताया कि आरोपी ने यह भी दावा किया कि उसके खिलाफ ऑनलाइन जुए (गैंबलिंग) से जुड़ा एक मामला दर्ज है। इसी वजह से उसने भारतीय पहचान पत्र और पासपोर्ट पाने के लिए फर्जी दस्तावेज तैयार करवाए थे। सरोजिनी नगर पुलिस थाने में आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस ने उसके पास से एक फर्जी भारतीय पासपोर्ट, नेपाली नागरिकता प्रमाणपत्र की छाया प्रति, एक नेपाली पैन कार्ड, तीन मोबाइल फोन, एक लैपटॉप और एक स्मार्टवॉच जब्त की है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

