सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) कंपनियों के शेयरों में तगड़ी खरीदारी और वैश्विक बाजारों से मिले सकारात्मक संकेतों के बीच घरेलू शेयर बाजार शुक्रवार को लगातार दूसरे सत्र में बढ़त के साथ बंद हुआ। सेंसेक्स 414 अंक चढ़ गया, जबकि निफ्टी में करीब 149 अंक की तेजी रही। बीएसई का 30 शेयरों वाला मानक सूचकांक सेंसेक्स 413.66 अंक यानी 0.56 प्रतिशत बढ़कर 74,729.27 अंक पर बंद हुआ।
कारोबार के दौरान एक समय यह 463.17 अंक चढ़कर 74,778.78 अंक तक पहुंच गया था। एनएसई का 50 शेयरों वाला मानक सूचकांक निफ्टी भी 148.80 अंक यानी 0.65 प्रतिशत बढ़कर 23,146.15 अंक पर बंद हुआ। सेंसेक्स के समूह में शामिल कंपनियों में से टेक महिंद्रा का शेयर सबसे अधिक 8.45 प्रतिशत चढ़ा।
कंपनी ने जुलाई-सितंबर तिमाही में एकीकृत शुद्ध लाभ 32.74 प्रतिशत बढ़कर 1,585.6 करोड़ रुपये रहने की सूचना दी थी। इसके अलावा, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस), इन्फोसिस, भारती एयरटेल, महिंद्रा एंड महिंद्रा, बजाज फाइनेंस और एचसीएलटेक के शेयरों में भी तेजी रही। दूसरी तरफ, इंटरग्लोब एविएशन (इंडिगो), रिलायंस इंडस्ट्रीज, एशियन पेंट्स और भारत इलेक्ट्रॉनिक्स के शेयर गिरावट के साथ बंद हुए।
साप्ताहिक आधार पर बीएसई सेंसेक्स में कुल 2,256.94 अंक यानी 3.11 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई जबकि एनएसई निफ्टी 625.7 अंक यानी 2.77 प्रतिशत चढ़ गया। जियोजित इन्वेस्टमेंट्स लिमिटेड के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, तिमाही नतीजों और कंपनियों के प्रबंधन की सकारात्मक टिप्पणियों से आईटी क्षेत्र की आय संभावनाओं को लेकर भरोसा बढ़ा है। कच्चे तेल की कीमतों में नरमी और रुपये में मजबूती से भी बाजार धारणा को समर्थन मिला।
वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड का भाव 0.30 प्रतिशत गिरकर 105.6 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया। हालांकि व्यापक बाजार में गिरावट का रुख देखा गया। मझोली कंपनियों का बीएसई मिडकैप सेलेक्ट सूचकांक 0.37 प्रतिशत गिर गया जबकि छोटी कंपनियों के स्मालकैप सेलेक्ट सूचकांक में 0.14 प्रतिशत की गिरावट रही।
क्षेत्रवार सूचकांकों में आईटी खंड ने सर्वाधिक 3.38 प्रतिशत की छलांग लगाई जबकि फोकस आईटी खंड में 3.29 प्रतिशत की तेजी रही। दूरसंचार खंड में 1.56 प्रतिशत, धातु खंड में 0.78 प्रतिशत और वाहन खंड में 0.77 प्रतिशत की बढ़त रही। बीएसई पर सूचीबद्ध कुल 2,404 कंपनियों के शेयर चढ़कर बंद हुए जबकि 1,962 कंपनियों में गिरावट रही और 250 अन्य अपरिवर्तित रहीं।
रेलिगेयर ब्रोकिंग के वरिष्ठ उपाध्यक्ष (शोध) अजीत मिश्रा ने कहा, शुक्रवार को बाजार में लगातार दूसरे सत्र में तेजी रही। तिमाही नतीजों के बाद आईटी शेयरों में खरीदारी बाजार की बढ़त का प्रमुख कारण रही, जबकि अन्य क्षेत्रों ने भी समर्थन दिया। रुपये में मजबूती जारी रहने से भी घरेलू बाजार की धारणा को बल मिला।
इस बीच, बाजार नियामक सेबी ने समापन नीलामी सत्र (सीएएस) के ढांचे में संशोधन कर दिया है। नए नियमों के तहत 10 मिनट का समापन नीलामी सत्र सभी कारोबारी सत्रों में अपराह्न 3.30 बजे से 3.40 बजे तक चलेगा, जबकि सूचकांक और शेयर डेरिवेटिव में कारोबार कुछ अपवादों को छोड़कर 3.45 बजे तक जारी रहेगा। एक अहम बदलाव वायदा एवं विकल्प अनुबंधों की समाप्ति पर उनके निपटान से जुड़ा है।
अब निपटान के लिए लगातार कारोबार के अंतिम 30 मिनट के दौरान के कारोबार के मात्रा-भारित औसत मूल्य (वीडब्ल्यूएपी) पद्धति का इस्तेमाल किया जाएगा। विदेशी संस्थागत निवेशकों ने बृहस्पतिवार को 5,285.37 करोड़ रुपये के शेयरों की शुद्ध बिकवाली की थी। एशिया के अन्य बाजारों में दक्षिण कोरिया का कॉस्पी, जापान का निक्की, चीन का शंघाई कंपोजिट और हांगकांग का हैंग सेंग बढ़त के साथ बंद हुए।
यूरोप के अधिकांश बाजार बढ़त के साथ कारोबार कर रहे थे। अमेरिकी बाजार बृहस्पतिवार को बढ़त के साथ बंद हुए थे। सेंसेक्स बृहस्पतिवार को 1,533.72 अंक उछलकर 74,315.61 अंक पर और निफ्टी 374.65 अंक चढ़कर 22,997.35 अंक पर बंद हुआ था।

