बक्सर जिले के डुमरांव थाना क्षेत्र के सम्हार-महरौरा मार्ग पर दिनदहाड़े हुई मुलायम सिंह यादव की हत्या के मामले में पुलिस ने 72 घंटे के भीतर खुलासा करने का दावा किया है। पुलिस की प्रारंभिक जांच में हत्या की वजह एक महिला से अवैध संबंध को लेकर उपजा विवाद सामने आया है। इस मामले में पुलिस ने सम्हार गांव के दो आरोपितों को गिरफ्तार किया है। घटना में इस्तेमाल पिस्टल बरामद उनकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त पिस्टल भी बरामद की गई है। हालांकि,हत्या की पूरी साजिश और घटनाक्रम को लेकर पुलिस की जांच अभी जारी है। मंगलवार को प्रभारी एसडीपीओ समीर कुमार सिंह ने प्रेस वार्ता कर हत्याकांड के खुलासे की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि गिरफ्तार आरोपितों की पहचान सम्हार गांव निवासी सोनम कुमार उर्फ मलु, पिता धर्मेंद्र यादव, और प्रतीक यादव उर्फ पिंटू यादव, पिता स्वर्गीय राजेंद्र सिंह, के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, प्रतीक यादव इस मामले का मुख्य आरोपित है। दोनों की गिरफ्तारी सोमवार शाम भोजपुर कोठी के समीप से की गई। मुख्य आरोपित की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल पिस्टल बरामद की गई है। महिला से संबंध का विवाद बना हत्या की वजह इस हत्याकांड में पुलिस की जांच के बाद हत्या की वजह को लेकर नया मोड़ सामने आया है। मृतक के पिता उदय नारायण सिंह उर्फ वकील यादव ने पहले पैतृक संपत्ति की करीब पौने दो बीघा जमीन को लेकर लंबे समय से चल रहे विवाद को हत्या की वजह बताया था। उन्होंने आरोप लगाया था कि जमीन विवाद को लेकर पहले भी थाने में शिकायत की गई थी, लेकिन मामले को गंभीरता से नहीं लिया गया। हालांकि, प्रभारी एसडीपीओ के अनुसार, अब तक की जांच में जमीन विवाद की पुष्टि नहीं हुई है। मामले में गठित की गई थी SIT पुलिस के मुताबिक, एक महिला से अवैध संबंध को लेकर उपजे विवाद में हत्या किए जाने की बात सामने आई है। पुलिस अब इस विवाद की परिस्थितियों, आरोपितों की भूमिका और हत्या से पहले की घटनाओं की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है। जांच पूरी होने के बाद ही हत्या की वजह और साजिश से जुड़े सभी पहलुओं की स्पष्ट तस्वीर सामने आ सकेगी। घटना की गंभीरता को देखते हुए एसपी शुभम आर्य के निर्देश पर प्रभारी एसडीपीओ समीर कुमार सिंह के नेतृत्व में विशेष जांच टीम (एसआईटी) गठित की गई थी। टीम में डुमरांव थानाध्यक्ष संजय कुमार सिन्हा, एसआई अर्चना कुमारी, मतेंद्र कुमार, विश्वकर्मा यादव, मंगल भूषण पासवान तथा डीआईयू के सुधीर कुमार समेत अन्य पुलिसकर्मी शामिल थे। टीम ने उपलब्ध साक्ष्यों और तकनीकी पहलुओं के आधार पर जांच आगे बढ़ाई, जिसके बाद दो आरोपितों की गिरफ्तारी और हथियार की बरामदगी हुई। घर से डुमरांव निकला था मुलायम, रास्ते में हुई हत्या सम्हार गांव निवासी 30 वर्षीय मुलायम सिंह यादव का शव सुबह करीब 10 बजे सम्हार-महरौरा मार्ग पर सरकारी बोरिंग के समीप मिला था। वह घर से डुमरांव जाने के लिए निकला था। दिनदहाड़े हुई हत्या से इलाके में सनसनी फैल गई थी। मृतक के पिता के बयान पर पांच लोगों को नामजद करते हुए प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। पुलिस ने दो आरोपितों को गिरफ्तार कर हथियार बरामद करने को अहम सफलता बताया है। वहीं, प्राथमिकी में नामजद अन्य आरोपितों की भूमिका की जांच और उनकी गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं। अब पुलिस के सामने हत्या की पूरी साजिश का खुलासा करने और बरामद हथियार समेत अन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपों को मजबूत करने की चुनौती है। बक्सर जिले के डुमरांव थाना क्षेत्र के सम्हार-महरौरा मार्ग पर दिनदहाड़े हुई मुलायम सिंह यादव की हत्या के मामले में पुलिस ने 72 घंटे के भीतर खुलासा करने का दावा किया है। पुलिस की प्रारंभिक जांच में हत्या की वजह एक महिला से अवैध संबंध को लेकर उपजा विवाद सामने आया है। इस मामले में पुलिस ने सम्हार गांव के दो आरोपितों को गिरफ्तार किया है। घटना में इस्तेमाल पिस्टल बरामद उनकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त पिस्टल भी बरामद की गई है। हालांकि,हत्या की पूरी साजिश और घटनाक्रम को लेकर पुलिस की जांच अभी जारी है। मंगलवार को प्रभारी एसडीपीओ समीर कुमार सिंह ने प्रेस वार्ता कर हत्याकांड के खुलासे की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि गिरफ्तार आरोपितों की पहचान सम्हार गांव निवासी सोनम कुमार उर्फ मलु, पिता धर्मेंद्र यादव, और प्रतीक यादव उर्फ पिंटू यादव, पिता स्वर्गीय राजेंद्र सिंह, के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, प्रतीक यादव इस मामले का मुख्य आरोपित है। दोनों की गिरफ्तारी सोमवार शाम भोजपुर कोठी के समीप से की गई। मुख्य आरोपित की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल पिस्टल बरामद की गई है। महिला से संबंध का विवाद बना हत्या की वजह इस हत्याकांड में पुलिस की जांच के बाद हत्या की वजह को लेकर नया मोड़ सामने आया है। मृतक के पिता उदय नारायण सिंह उर्फ वकील यादव ने पहले पैतृक संपत्ति की करीब पौने दो बीघा जमीन को लेकर लंबे समय से चल रहे विवाद को हत्या की वजह बताया था। उन्होंने आरोप लगाया था कि जमीन विवाद को लेकर पहले भी थाने में शिकायत की गई थी, लेकिन मामले को गंभीरता से नहीं लिया गया। हालांकि, प्रभारी एसडीपीओ के अनुसार, अब तक की जांच में जमीन विवाद की पुष्टि नहीं हुई है। मामले में गठित की गई थी SIT पुलिस के मुताबिक, एक महिला से अवैध संबंध को लेकर उपजे विवाद में हत्या किए जाने की बात सामने आई है। पुलिस अब इस विवाद की परिस्थितियों, आरोपितों की भूमिका और हत्या से पहले की घटनाओं की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है। जांच पूरी होने के बाद ही हत्या की वजह और साजिश से जुड़े सभी पहलुओं की स्पष्ट तस्वीर सामने आ सकेगी। घटना की गंभीरता को देखते हुए एसपी शुभम आर्य के निर्देश पर प्रभारी एसडीपीओ समीर कुमार सिंह के नेतृत्व में विशेष जांच टीम (एसआईटी) गठित की गई थी। टीम में डुमरांव थानाध्यक्ष संजय कुमार सिन्हा, एसआई अर्चना कुमारी, मतेंद्र कुमार, विश्वकर्मा यादव, मंगल भूषण पासवान तथा डीआईयू के सुधीर कुमार समेत अन्य पुलिसकर्मी शामिल थे। टीम ने उपलब्ध साक्ष्यों और तकनीकी पहलुओं के आधार पर जांच आगे बढ़ाई, जिसके बाद दो आरोपितों की गिरफ्तारी और हथियार की बरामदगी हुई। घर से डुमरांव निकला था मुलायम, रास्ते में हुई हत्या सम्हार गांव निवासी 30 वर्षीय मुलायम सिंह यादव का शव सुबह करीब 10 बजे सम्हार-महरौरा मार्ग पर सरकारी बोरिंग के समीप मिला था। वह घर से डुमरांव जाने के लिए निकला था। दिनदहाड़े हुई हत्या से इलाके में सनसनी फैल गई थी। मृतक के पिता के बयान पर पांच लोगों को नामजद करते हुए प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। पुलिस ने दो आरोपितों को गिरफ्तार कर हथियार बरामद करने को अहम सफलता बताया है। वहीं, प्राथमिकी में नामजद अन्य आरोपितों की भूमिका की जांच और उनकी गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं। अब पुलिस के सामने हत्या की पूरी साजिश का खुलासा करने और बरामद हथियार समेत अन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपों को मजबूत करने की चुनौती है।

