झाबुआ जिले के बामनिया क्षेत्र में हुए हाई-प्रोफाइल अपहरण केस का खुलासा करते हुए पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। शुक्रवार को पुलिस ने बताया कि लगभग 1 करोड़ रुपए के लेन-देन के पुराने विवाद के चलते इस वारदात को अंजाम दिया गया था। घटना 28 अगस्त की है। खवासा निवासी योगेश व्यास ने पेटलावद थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि उनके रिश्तेदार अपूर्व शर्मा रक्षाबंधन पर घर आए हुए थे। जब अपूर्व बामनिया में मंचूरियन खाने गए, तब मारुति वैगनआर कार में आए तीन बदमाशों ने उन्हें जबरन अगवा कर लिया। पुलिस ने बामनिया से लेकर उज्जैन तक आरोपियों का पीछा किया। पुलिस की घेराबंदी और दबाव को देखकर अपहरणकर्ता अपूर्व शर्मा को इंदौर के देवास नाके पर छोड़कर फरार हो गए थे। इसके बाद से पुलिस लगातार आरोपियों की तलाश में जुटी थी। 8 अक्टूबर को मुखबिर से सूचना मिली कि मुख्य आरोपी प्रकाश पटेल अपने साथियों के साथ इंदौर के विजय नगर और महालक्ष्मी नगर इलाके में घूम रहा है। पुलिस ने तुरंत तीनों को पकड़ा और वारदात में इस्तेमाल कार भी जब्त कर ली। ये पकड़ गए पुलिस पूछताछ में सामने आया कि अपूर्व शर्मा और आरोपियों के बीच कारोबारी रिश्ते थे और उनके बीच लंबे समय से पैसों का विवाद चल रहा था। पुलिस ने प्रकाश कुमार पटेल (36 वर्ष, निवासी तुलसी नगर, इंदौर), आयुष तिवारी (26 वर्ष, निवासी चित्रा नगर, इंदौर) और सुनील कुमार पटेल (30 वर्ष, निवासी गणेशपुरी, इंदौर) को गिरफ्तार किया है।

