मोतिहारी में दोस्त के घर पार्टी कर डेरा लौट रहे युवक की सड़क दुर्घटना में मौत हो गई। घटना मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के बनकट के पास की है। मृतक की पहचान चिरैया थाना क्षेत्र के पनसलवा गांव निवासी सत्येंद्र त्रिपाठी के इकलौते बेटे विक्की(29) के रूप में हुई है। विक्की महात्मा गांधी केंद्रीय विश्वविद्यालय में पीजी का छात्र था और दो माह पहले ही बीपीएससी के माध्यम से असिस्टेंट प्रोफेसर के पद पर उसकी बहाली हुई थी। परिजन के अनुसार, घटना से पहले वह घर से यह कहकर निकला था कि दोस्त की पार्टी में जा रहा है और जल्द लौट आएगा। कुछ देर बाद परिजनों को फोन आया कि उसका सड़क दुर्घटना हो गई है। इसके बाद परिवार के लोग मौके पर पहुंचे, जहां विक्की सड़क पर पड़ा मिला। घर का था इकलौता वारिस परिजनों ने बताया कि विक्की दो बहनों के बीच इकलौता भाई था। बड़ी बहन की शादी हो चुकी है, जबकि विक्की की खुद अभी शादी नहीं हुई थी। वह छोटी बहन की शादी की तैयारी कर रहा था। छोटी बहन अभी पढ़ाई कर रही है। पिता पूजा-पाठ कर परिवार चलाते हुए बच्चों की पढ़ाई करा रहे थे। विक्की की असिस्टेंट प्रोफेसर के पद पर नौकरी लगने से परिवार में काफी खुशी थी। बेटे का शव देखकर बेहोश होती रही मां विक्की का शव पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल लाया गया तो उसके माता-पिता और बहन भी अस्पताल पहुंचे। जैसे ही बहन को अपने इकलौते भाई की मौत की जानकारी मिली, वह शव से लिपटकर रोने लगी। मां बार-बार बेहोश हो रही थी। विक्की की यूनिवर्सिटी की एक प्रोफेसर भी उसकी मौत की खबर सुनकर अस्पताल पहुंचीं। शव देखकर वह भी रोते-रोते बेहोश हो गईं। मुफ्फसिल थानाध्यक्ष अमित कुमार ने बताया कि अज्ञात वाहन की ठोकर से बाइक सवार युवक की मौत हुई है। शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया गया है। मोतिहारी में दोस्त के घर पार्टी कर डेरा लौट रहे युवक की सड़क दुर्घटना में मौत हो गई। घटना मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के बनकट के पास की है। मृतक की पहचान चिरैया थाना क्षेत्र के पनसलवा गांव निवासी सत्येंद्र त्रिपाठी के इकलौते बेटे विक्की(29) के रूप में हुई है। विक्की महात्मा गांधी केंद्रीय विश्वविद्यालय में पीजी का छात्र था और दो माह पहले ही बीपीएससी के माध्यम से असिस्टेंट प्रोफेसर के पद पर उसकी बहाली हुई थी। परिजन के अनुसार, घटना से पहले वह घर से यह कहकर निकला था कि दोस्त की पार्टी में जा रहा है और जल्द लौट आएगा। कुछ देर बाद परिजनों को फोन आया कि उसका सड़क दुर्घटना हो गई है। इसके बाद परिवार के लोग मौके पर पहुंचे, जहां विक्की सड़क पर पड़ा मिला। घर का था इकलौता वारिस परिजनों ने बताया कि विक्की दो बहनों के बीच इकलौता भाई था। बड़ी बहन की शादी हो चुकी है, जबकि विक्की की खुद अभी शादी नहीं हुई थी। वह छोटी बहन की शादी की तैयारी कर रहा था। छोटी बहन अभी पढ़ाई कर रही है। पिता पूजा-पाठ कर परिवार चलाते हुए बच्चों की पढ़ाई करा रहे थे। विक्की की असिस्टेंट प्रोफेसर के पद पर नौकरी लगने से परिवार में काफी खुशी थी। बेटे का शव देखकर बेहोश होती रही मां विक्की का शव पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल लाया गया तो उसके माता-पिता और बहन भी अस्पताल पहुंचे। जैसे ही बहन को अपने इकलौते भाई की मौत की जानकारी मिली, वह शव से लिपटकर रोने लगी। मां बार-बार बेहोश हो रही थी। विक्की की यूनिवर्सिटी की एक प्रोफेसर भी उसकी मौत की खबर सुनकर अस्पताल पहुंचीं। शव देखकर वह भी रोते-रोते बेहोश हो गईं। मुफ्फसिल थानाध्यक्ष अमित कुमार ने बताया कि अज्ञात वाहन की ठोकर से बाइक सवार युवक की मौत हुई है। शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया गया है।

