इज़रायल (Israel) और फिलिस्तीनी आतंकी संगठन हमास (Hamas) के बीच युद्ध जारी है। इज़रायली सेना गाज़ा (Gaza) और आसपास के फिलिस्तीनी इलाकों पर लगातार हमले कर रही है और हमास के आतंकियों का सफाया कर रही है। हालांकि इज़रायली हमलों में निर्दोष फिलिस्तीनी भी मारे जा रहे हैं। इसी बीच अब कुछ ऐसा हुआ कि इज़रायली सेना के 2 सैनिकों ने अपनी जान गंवा दी।
ड्रोन धमाके में मारे गए 2 इज़रायली सैनिक
दोनों इज़रायली सैनिकों की मौत ड्रोन धमाके की वजह से हुई। जानकारी के अनुसार एक हथियारबंद फर्स्ट-पर्सन व्यू (FPV) ड्रोन उड़ान भरते समय किसी कारण से सेना की एक चौकी के अंदर क्रैश हो गया और जब दोनों सैनिक उसे देखने आए, उसी समय उस ड्रोन में धमाका हो गया, जिसकी वजह से उनकी मौत हो गई।
सैनिकों की हुई पहचान
मारे गए दोनों इज़रायली सैनिकों की पहचान हो गई है। दोनों ही रिज़र्व सैनिक थे। मारे गए पहले सैनिक का नाम मास्टर सार्जेंट (रिज़र्व) नादाव काली (Nadav Kali) था, जिसकी उम्र 24 वर्ष थी और वह हर हालुत्ज़ से था। मारे गए दूसरे सैनिक का नाम मास्टर सार्जेंट (रिज़र्व) ओफेक मोआलेम (Ofek Moalem) था, जिसकी उम्र 23 वर्ष थी और वह यरुशलेम से था। दोनों ही इज़रायली सेना की यरूशलेम ब्रिगेड की 7007वीं बटालियन के सदस्य थे। हादसे के बाद दोनों को अश्केलॉन के बरज़िलाई मेडिकल सेंटर ले जाया गया, जहाँ उन्हें मृत घोषित कर दिया गया।
किस वजह से क्रैश हुआ ड्रोन?
इज़रायली सेना का हथियारबंद FPV ड्रोन उड़ान भरते समय किस वजह से क्रैश हुआ, फिलहाल इसका पता नहीं चला है। हालांकि मामले की जांच शुरू हो गई है। हादसे की वजह संभावित रूप से तकनीकी खराबी को बताया जा रहा है। सेना की शुरुआती जांच के अनुसार 2 इज़रायली सैनिक गाज़ा के उत्तर में सेना के बफर ज़ोन के अंदर एक सैन्य चौकी से अतालेफ नाम का FPV ड्रोन उड़ा रहे थे। पहला ड्रोन अपना मिशन पूरा करने में सफल रहा, लेकिन दूसरा ड्रोन टेकऑफ के दौरान किसी अज्ञात वजह से सैन्य चौकी के अंदर ही क्रैश हो गया। कुछ मिनट बाद दोनों सैनिक क्रैश हुए ड्रोन के पास गए और उसे उठाया, तभी उसमें धमाका हो गया जिससे दोनों बुरी तरह घायल हो गए।

