मोतिहारी शहर और जिले को जाम से छुटकारा दिलाने के लिए डीएम सौरभ सुमन यादव और एसपी स्वर्ण प्रभात ने मिलकर एक एक्शन प्लान बनाया है। लगातार जाम की शिकायतें मिलने के बाद डीएम और एसपी ने खुद शहर की सड़कों पर घूमकर स्थिति देखी। शहर के उन सभी इलाकों का दौरा किया गया, जहां ट्रैफिक का दबाव सबसे ज्यादा रहता है। इनमें अस्पताल चौक, मीना बाजार और छतौनी जैसे इलाके शामिल हैं। यहां ठेला और टेंपो चालकों को पहले निर्देश दिए गए। इसके बाद अधिकारियों के साथ बैठक कर जाम रोकने का प्लान तैयार हुआ। इसमें सबसे बड़ी जिम्मेदारी संबंधित थानाध्यक्षों को दी गई है। थानाध्यक्ष पर होगी कार्रवाई एसपी ने थानाध्यक्षों को साफ निर्देश दिया है कि जिले के सभी खास चौक-चौराहों के 50 फीट के दायरे में न तो ठेले लगेंगे और न ही ई-रिक्शा या टोटो खड़े होंगे। अगर ऐसी कोई शिकायत मिलती है, तो वहां की गश्ती पार्टी और थानाध्यक्ष पर कार्रवाई होगी। इस पर नजर रखने का काम थाना और गश्ती दल को करना है। ट्रैफिक को लेकर आ रही शिकायतें एसपी स्वर्ण प्रभात ने बताया कि जिले में ट्रैफिक को लेकर लगातार कई शिकायतें आ रही थीं। जाम की समस्या से लोग परेशान हो रहे थे। शहर के लोगों को जाम से छुटकारा दिलाने के लिए ट्रैफिक में 20 से ज्यादा अधिकारी और 100 से ज्यादा जवान लगाए गए हैं। सभी खास जगहों पर अधिकारियों के साथ जवानों को तैनात किया गया है। इनकी निगरानी के लिए एसडीओ और डीएसपी को जिम्मेदारी दी गई है। एसपी ने आम लोगों से कहा है कि अगर उन्हें जिले में कहीं भी ट्रैफिक की समस्या या जाम दिखता है, तो वे जारी किए गए हेल्पलाइन नंबर पर फोन कर इसकी जानकारी दे सकते हैं। मोतिहारी शहर और जिले को जाम से छुटकारा दिलाने के लिए डीएम सौरभ सुमन यादव और एसपी स्वर्ण प्रभात ने मिलकर एक एक्शन प्लान बनाया है। लगातार जाम की शिकायतें मिलने के बाद डीएम और एसपी ने खुद शहर की सड़कों पर घूमकर स्थिति देखी। शहर के उन सभी इलाकों का दौरा किया गया, जहां ट्रैफिक का दबाव सबसे ज्यादा रहता है। इनमें अस्पताल चौक, मीना बाजार और छतौनी जैसे इलाके शामिल हैं। यहां ठेला और टेंपो चालकों को पहले निर्देश दिए गए। इसके बाद अधिकारियों के साथ बैठक कर जाम रोकने का प्लान तैयार हुआ। इसमें सबसे बड़ी जिम्मेदारी संबंधित थानाध्यक्षों को दी गई है। थानाध्यक्ष पर होगी कार्रवाई एसपी ने थानाध्यक्षों को साफ निर्देश दिया है कि जिले के सभी खास चौक-चौराहों के 50 फीट के दायरे में न तो ठेले लगेंगे और न ही ई-रिक्शा या टोटो खड़े होंगे। अगर ऐसी कोई शिकायत मिलती है, तो वहां की गश्ती पार्टी और थानाध्यक्ष पर कार्रवाई होगी। इस पर नजर रखने का काम थाना और गश्ती दल को करना है। ट्रैफिक को लेकर आ रही शिकायतें एसपी स्वर्ण प्रभात ने बताया कि जिले में ट्रैफिक को लेकर लगातार कई शिकायतें आ रही थीं। जाम की समस्या से लोग परेशान हो रहे थे। शहर के लोगों को जाम से छुटकारा दिलाने के लिए ट्रैफिक में 20 से ज्यादा अधिकारी और 100 से ज्यादा जवान लगाए गए हैं। सभी खास जगहों पर अधिकारियों के साथ जवानों को तैनात किया गया है। इनकी निगरानी के लिए एसडीओ और डीएसपी को जिम्मेदारी दी गई है। एसपी ने आम लोगों से कहा है कि अगर उन्हें जिले में कहीं भी ट्रैफिक की समस्या या जाम दिखता है, तो वे जारी किए गए हेल्पलाइन नंबर पर फोन कर इसकी जानकारी दे सकते हैं।

