सीतामढ़ी में बिल्डर रंजीत राय पर फायरिंग मामले में कर्ज, सूदखोरी और जमीन विवाद का एंगल सामने आया है। परिजनों ने गांव के दूर के रिश्तेदार संजीत राय पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका दावा है कि कोरोना काल में लिए गए 9 लाख रुपये के कर्ज के बदले अब तक करीब 60 लाख रुपये दिए जा चुके हैं। इसके बावजूद 36 लाख रुपये और मांगे जा रहे थे। परिजनों के मुताबिक, 9 लाख रुपये के बदले साढ़े सात तोला सोना, 10 कट्ठा जमीन और 21 लाख रुपये का चेक भी संजीत राय को दिया गया था। इसके बाद भी कर्ज और ब्याज की रकम पूरी नहीं होने की बात कहकर लगातार पैसे की मांग की जा रही थी। सुबह धमकी, शाम को घर पहुंचकर फायरिंग का आरोप रंजीत राय की पत्नी और बेटे किशन का आरोप है कि गुरुवार सुबह भी उन्हें धमकी दी गई थी। देर शाम संजीत राय अपने कुछ साथियों के साथ रंजीत राय के घर पहुंचा। आरोप है कि उसने दरवाजे पर चढ़कर रंजीत राय पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। फायरिंग में रंजीत राय को पांच गोलियां लगीं। गंभीर हालत में उन्हें सीतामढ़ी के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है। उनकी हालत गंभीर बताई जा रही है। पुलिस ने एक आरोपी को किया गिरफ्तार सीतामढ़ी एसपी अमित रंजन ने बताया कि घटना के संबंध में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। उससे पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल होने की आशंका वाली एक बाइक भी जब्त की है। अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। कर्ज और जमीन विवाद की जांच में जुटी पुलिस गोलीकांड के बाद सूदखोरी, कर्ज और जमीन के लेनदेन को लेकर कई सवाल खड़े हो गए हैं। परिजनों का दावा है कि 9 लाख रुपये के मूल कर्ज के बदले करीब 60 लाख रुपये चुकाने के बाद भी 36 लाख रुपये की अतिरिक्त मांग की जा रही थी। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। जांच के बाद ही स्पष्ट होगा कि गोलीकांड के पीछे कर्ज और ब्याज का विवाद था या इसके साथ जमीन और अन्य लेनदेन भी जुड़े हुए थे। सीतामढ़ी में बिल्डर रंजीत राय पर फायरिंग मामले में कर्ज, सूदखोरी और जमीन विवाद का एंगल सामने आया है। परिजनों ने गांव के दूर के रिश्तेदार संजीत राय पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका दावा है कि कोरोना काल में लिए गए 9 लाख रुपये के कर्ज के बदले अब तक करीब 60 लाख रुपये दिए जा चुके हैं। इसके बावजूद 36 लाख रुपये और मांगे जा रहे थे। परिजनों के मुताबिक, 9 लाख रुपये के बदले साढ़े सात तोला सोना, 10 कट्ठा जमीन और 21 लाख रुपये का चेक भी संजीत राय को दिया गया था। इसके बाद भी कर्ज और ब्याज की रकम पूरी नहीं होने की बात कहकर लगातार पैसे की मांग की जा रही थी। सुबह धमकी, शाम को घर पहुंचकर फायरिंग का आरोप रंजीत राय की पत्नी और बेटे किशन का आरोप है कि गुरुवार सुबह भी उन्हें धमकी दी गई थी। देर शाम संजीत राय अपने कुछ साथियों के साथ रंजीत राय के घर पहुंचा। आरोप है कि उसने दरवाजे पर चढ़कर रंजीत राय पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। फायरिंग में रंजीत राय को पांच गोलियां लगीं। गंभीर हालत में उन्हें सीतामढ़ी के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है। उनकी हालत गंभीर बताई जा रही है। पुलिस ने एक आरोपी को किया गिरफ्तार सीतामढ़ी एसपी अमित रंजन ने बताया कि घटना के संबंध में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। उससे पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल होने की आशंका वाली एक बाइक भी जब्त की है। अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। कर्ज और जमीन विवाद की जांच में जुटी पुलिस गोलीकांड के बाद सूदखोरी, कर्ज और जमीन के लेनदेन को लेकर कई सवाल खड़े हो गए हैं। परिजनों का दावा है कि 9 लाख रुपये के मूल कर्ज के बदले करीब 60 लाख रुपये चुकाने के बाद भी 36 लाख रुपये की अतिरिक्त मांग की जा रही थी। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। जांच के बाद ही स्पष्ट होगा कि गोलीकांड के पीछे कर्ज और ब्याज का विवाद था या इसके साथ जमीन और अन्य लेनदेन भी जुड़े हुए थे।

