बेतिया जिले के नौतन प्रखंड स्थित राजकीय प्राथमिक विद्यालय उर्दू, रहीमपुर में स्कूल समय के दौरान कई बच्चे सड़क पर घूमते पाए गए। विद्यालय में पर्याप्त शिक्षक और नामांकित छात्र होने के बावजूद यह स्थिति शिक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है। जानकारी के अनुसार, राजकीय प्राथमिक विद्यालय उर्दू, रहीमपुर में कुल सात शिक्षक कार्यरत हैं। विद्यालय में 119 बच्चे नामांकित हैं, जिनमें से 96 की उपस्थिति दर्ज बताई गई है। इसके बावजूद, स्कूल समय में कई छात्र-छात्राएं परिसर से बाहर सड़क पर घूमते हुए मिले। बच्चे स्कूल के बाहर सड़क पर घूमते हुए देखे गए
मामले की सूचना मिलने पर भास्कर की टीम ने विद्यालय का दौरा किया, जहां कुछ बच्चे स्कूल के बाहर सड़क पर घूमते हुए देखे गए। शिक्षकों की उपस्थिति के बावजूद बच्चों का परिसर से बाहर होना गंभीर लापरवाही को दर्शाता है। यह सवाल उठता है कि सात शिक्षकों और दर्ज उपस्थिति के बावजूद बच्चों की निगरानी और नियमित कक्षाओं का संचालन क्यों नहीं हो रहा था। बच्चों का सड़क पर घूमना चिंताजनक है
स्थानीय लोगों और अभिभावकों ने इस स्थिति पर चिंता व्यक्त की है। उनका कहना है कि बच्चों को सुरक्षित माहौल में शिक्षा प्रदान करना शिक्षकों और विद्यालय प्रबंधन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। स्कूल समय में बच्चों का सड़क पर घूमना चिंताजनक है। नौतन के प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी (BEO) रेयाज अंसारी ने बताया कि यह मामला मीडिया के माध्यम से उनके संज्ञान में आया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि यदि विद्यालय में ऐसी स्थिति पाई जाती है, तो मामले की गहन जांच कराई जाएगी। जांच में दोषी पाए जाने वाले शिक्षकों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। बेतिया जिले के नौतन प्रखंड स्थित राजकीय प्राथमिक विद्यालय उर्दू, रहीमपुर में स्कूल समय के दौरान कई बच्चे सड़क पर घूमते पाए गए। विद्यालय में पर्याप्त शिक्षक और नामांकित छात्र होने के बावजूद यह स्थिति शिक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है। जानकारी के अनुसार, राजकीय प्राथमिक विद्यालय उर्दू, रहीमपुर में कुल सात शिक्षक कार्यरत हैं। विद्यालय में 119 बच्चे नामांकित हैं, जिनमें से 96 की उपस्थिति दर्ज बताई गई है। इसके बावजूद, स्कूल समय में कई छात्र-छात्राएं परिसर से बाहर सड़क पर घूमते हुए मिले। बच्चे स्कूल के बाहर सड़क पर घूमते हुए देखे गए
मामले की सूचना मिलने पर भास्कर की टीम ने विद्यालय का दौरा किया, जहां कुछ बच्चे स्कूल के बाहर सड़क पर घूमते हुए देखे गए। शिक्षकों की उपस्थिति के बावजूद बच्चों का परिसर से बाहर होना गंभीर लापरवाही को दर्शाता है। यह सवाल उठता है कि सात शिक्षकों और दर्ज उपस्थिति के बावजूद बच्चों की निगरानी और नियमित कक्षाओं का संचालन क्यों नहीं हो रहा था। बच्चों का सड़क पर घूमना चिंताजनक है
स्थानीय लोगों और अभिभावकों ने इस स्थिति पर चिंता व्यक्त की है। उनका कहना है कि बच्चों को सुरक्षित माहौल में शिक्षा प्रदान करना शिक्षकों और विद्यालय प्रबंधन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। स्कूल समय में बच्चों का सड़क पर घूमना चिंताजनक है। नौतन के प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी (BEO) रेयाज अंसारी ने बताया कि यह मामला मीडिया के माध्यम से उनके संज्ञान में आया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि यदि विद्यालय में ऐसी स्थिति पाई जाती है, तो मामले की गहन जांच कराई जाएगी। जांच में दोषी पाए जाने वाले शिक्षकों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

