जमशेदपुर के साकची बाजार से 26 मई को लापता हुई तीन वर्षीय बच्ची आफरीन को पुलिस ने 14 दिन बाद सकुशल बरामद कर लिया है। इस मामले में पुलिस ने कपाली निवासी अब्दुल जसीम उर्फ लखन और उसकी पत्नी अफसाना बेगम को गिरफ्तार किया है। प्रारंभिक पूछताछ में दंपती ने बताया कि संतान न होने के कारण उन्होंने बच्ची का अपहरण किया था। सिटी एसपी ललित मीणा ने बुधवार को मामले का खुलासा करते हुए बताया कि बच्ची के लापता होने के बाद पुलिस ने एक विशेष टीम गठित की थी। जांच के दौरान 50 से अधिक सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले गए। सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो के आधार पर आरोपियों की पहचान की गई। पुलिस ने पश्चिम बंगाल के पुरुलिया जिले के झालदा थाना क्षेत्र के पुष्टि गांव में छापेमारी कर आफरीन को सकुशल बरामद किया। आरोपी दंपती ने बच्ची को अपने साथ पुरुलिया ले जाकर छिपाया था। शादी के 10 साल बाद भी संतान न होने से थे परेशान पुलिस के अनुसार, अब्दुल जसीम कपाली में मोबाइल दुकान चलाता है। 26 मई को दंपती साकची बाजार गया था, जहां उनकी नजर आफरीन पर पड़ी। शादी के 10 साल बाद भी संतान न होने से परेशान होकर उन्होंने बच्ची को अपने साथ ले जाने का फैसला किया। वे आफरीन को कपाली स्थित अपने घर ले गए और एक दिन तक वहीं रखा। बच्ची के लापता होने की खबर और सीसीटीवी फुटेज वायरल होने के बाद अफसाना उसे लेकर अपने मायके, पुरुलिया के झालदा स्थित पुष्टि गांव चली गई थी। इधर, 14 दिनों बाद अपनी बेटी को सुरक्षित देखकर मां रुकसार खान ने खुशी व्यक्त की। उन्होंने पुलिस टीम का आभार जताया। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। जमशेदपुर के साकची बाजार से 26 मई को लापता हुई तीन वर्षीय बच्ची आफरीन को पुलिस ने 14 दिन बाद सकुशल बरामद कर लिया है। इस मामले में पुलिस ने कपाली निवासी अब्दुल जसीम उर्फ लखन और उसकी पत्नी अफसाना बेगम को गिरफ्तार किया है। प्रारंभिक पूछताछ में दंपती ने बताया कि संतान न होने के कारण उन्होंने बच्ची का अपहरण किया था। सिटी एसपी ललित मीणा ने बुधवार को मामले का खुलासा करते हुए बताया कि बच्ची के लापता होने के बाद पुलिस ने एक विशेष टीम गठित की थी। जांच के दौरान 50 से अधिक सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले गए। सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो के आधार पर आरोपियों की पहचान की गई। पुलिस ने पश्चिम बंगाल के पुरुलिया जिले के झालदा थाना क्षेत्र के पुष्टि गांव में छापेमारी कर आफरीन को सकुशल बरामद किया। आरोपी दंपती ने बच्ची को अपने साथ पुरुलिया ले जाकर छिपाया था। शादी के 10 साल बाद भी संतान न होने से थे परेशान पुलिस के अनुसार, अब्दुल जसीम कपाली में मोबाइल दुकान चलाता है। 26 मई को दंपती साकची बाजार गया था, जहां उनकी नजर आफरीन पर पड़ी। शादी के 10 साल बाद भी संतान न होने से परेशान होकर उन्होंने बच्ची को अपने साथ ले जाने का फैसला किया। वे आफरीन को कपाली स्थित अपने घर ले गए और एक दिन तक वहीं रखा। बच्ची के लापता होने की खबर और सीसीटीवी फुटेज वायरल होने के बाद अफसाना उसे लेकर अपने मायके, पुरुलिया के झालदा स्थित पुष्टि गांव चली गई थी। इधर, 14 दिनों बाद अपनी बेटी को सुरक्षित देखकर मां रुकसार खान ने खुशी व्यक्त की। उन्होंने पुलिस टीम का आभार जताया। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।


