विकास कार्यों में लापरवाही पर कलेक्टर ने जताई नाराजगी:सलूंबर में PWD करेगा सड़कों का सर्वे, शिकायतें निपटाने के लिए कहा

विकास कार्यों में लापरवाही पर कलेक्टर ने जताई नाराजगी:सलूंबर में PWD करेगा सड़कों का सर्वे, शिकायतें निपटाने के लिए कहा

सलूंबर जिला मुख्यालय स्थित कलेक्ट्रेट के वीसी कक्ष में जिला कलेक्टर मुहम्मद जुनैद पी.पी. की अध्यक्षता में जिला स्तरीय अधिकारियों की समीक्षा बैठक हुई। बैठक में जिले के विकास कार्यों,जनसुविधाओं और विभागीय कार्यप्रणाली की विस्तृत समीक्षा की गई। कलेक्टर ने कई विभागों को सख्त निर्देश दिए और लापरवाही पर नाराजगी भी जताई। विकास कार्यों में तेजी लाने पर दिया जोर बैठक के दौरान कलेक्टर ने”वेस्ट टू वेल्थ पार्क”के विकास कार्यों को पंच गौरव योजना के अनुरूप गति देने के निर्देश दिए।उन्होंने सभी विकास कार्यों में तेजी लाने और गुणवत्ता सुनिश्चित करने पर जोर दिया। सार्वजनिक निर्माण विभाग(पीडब्ल्यूडी) की कार्यशैली पर असंतोष व्यक्त करते हुए कलेक्टर ने कहा कि विभागीय ढिलाई से जिले की छवि प्रभावित हो रही है। उन्होंने डामर की शीघ्र उपलब्धता सुनिश्चित कर सड़क निर्माण एवं मरम्मत कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। सर्वे रिपोर्ट तैयार करने के लिए कहा कलेक्टर ने अतिरिक्त जिला कलेक्टर डॉ.दिनेश राय सपेला को निर्देशित किया कि जिले की सभी प्रमुख सड़कों का उपखंड अधिकारियों से सर्वे कराकर विस्तृत रिपोर्ट तैयार की जाए। साथ ही,लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई करने के भी निर्देश दिए गए। आमजन की समस्याओं के त्वरित समाधान पर विशेष जोर देते हुए, सभी अधिकारियों को अपने मोबाइल फोन हर समय चालू रखने और नागरिकों के फोन कॉल पर संवेदनशील एवं संतोषजनक प्रतिक्रिया देने के निर्देश दिए गए। संपर्क पोर्टल पर दर्ज शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने को भी कहा गया। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि किसी भी शिकायत को बंद करने से पहले शिकायतकर्ता से संवाद कर उसकी संतुष्टि अवश्य सुनिश्चित करें। मानसून से पहले मरम्मत के दिए निर्देश ग्रामीण विकास विभाग को सलूंबर विधानसभा क्षेत्र के लिए विधायक जनसुनवाई केंद्र का प्रस्ताव शीघ्र तैयार करने के निर्देश दिए गए। जल संसाधन विभाग को मानसून से पूर्व सभी मरम्मत कार्य पूर्ण करने के आदेश दिए गए। सोनार माता क्षेत्र में आधारभूत सुविधाओं के विकास के लिए पीडब्ल्यूडी और वन विभाग को आपसी समन्वय से तत्काल कार्य शुरू करने के निर्देश दिए गए। जिले में बढ़ती आत्महत्या की घटनाओं पर चिंता व्यक्त करते हुए, जिला कलेक्टर ने चिकित्सा विभाग को स्कूलों और महाविद्यालयों में नियमित काउंसलिंग कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए। इसका उद्देश्य युवाओं को मानसिक स्वास्थ्य संबंधी सहायता उपलब्ध कराना और ऐसी घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाना है।

​ 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *