पठानकोट के सुजानपुर स्थित एकमात्र बस स्टैंड की हालत जर्जर हो चुकी है। वर्षों से बदहाली का शिकार यह बस स्टैंड अब यात्रियों के लिए परेशानी का सबब बन गया है। यहां न तो बसें रुकती हैं और न ही यात्रियों के बैठने की कोई उचित व्यवस्था है, जिससे स्थानीय लोगों में रोष है। विधायक नरेश पुरी सुजानपुर बस स्टैंड की खस्ता हालत का मुद्दा विधानसभा में भी उठा चुके हैं। लेकिन, इसके बावजूद लोगों को इन दिक्कतों से जूझना पड़ रहा है। बस के लिए जाना पड़ता है मलिकपुर बता दें, सुजानपुर एक एतिहासिक कस्बा है। जिसकी आबादी लगभग 50 हजार हो चुकी है। स्थानीय निवासियों के अनुसार, बस पकड़ने के लिए उन्हें मजबूरन मलकपुर चौक जाना पड़ता है। उनका कहना है कि लंबे समय से किसी भी विभाग या जनप्रतिनिधि ने इस बस स्टैंड की ओर ध्यान नहीं दिया है।
रघुनाथ सहाय पुरी ने करवाया था निर्माण सौरभ जसरोटिया ने बताया कि इस बस स्टैंड का निर्माण सुजानपुर के पूर्व विधायक रघुनाथ सहाय पुरी ने करवाया था। उनके अनुसार, निर्माण के बाद इसकी देखरेख नहीं की गई, जिसके कारण आज इसकी हालत बेहद खराब है। पहले यात्री यहां बसों का इंतजार करते थे, लेकिन अब जर्जर स्थिति के कारण लोग यहां आने से भी बचते हैं। तूफान में बस स्टैंड की जर्जर शेड उड़ी स्थानीय निवासी रमेश काटल ने बताया कि कुछ समय पहले आए तूफान में बस स्टैंड की शेड उड़ गई थी, जिसकी मरम्मत आज तक नहीं करवाई गई। उन्होंने कहा कि यह बस स्टैंड अब लगभग बंद पड़ा है। उन्होंने प्रशासन से जल्द मरम्मत करवाने और बसों का ठहराव सुनिश्चित करने की मांग की है, ताकि यात्रियों को गर्मी और बरसात में राहत मिल सके।


