बेगूसराय में बैंक मैनेजर से 6 लाख की ठगी:ऐप डाउनलोड कराकर ठगों ने खाते से उड़ाए पैसे; साइबर पुलिस ने वापस कराए 1.77 लाख

बेगूसराय में बैंक मैनेजर से 6 लाख की ठगी:ऐप डाउनलोड कराकर ठगों ने खाते से उड़ाए पैसे; साइबर पुलिस ने वापस कराए 1.77 लाख

बेगूसराय में बैंक मैनेजर से ठगी का मामला सामने आया है। ऐप डाउनलोड कराकर साइबर ठगों ने खाते से 6 लाख रुपए उड़ा लिए। हालांकि पुलिस की मुस्तैदी और त्वरित कार्रवाई के चलते पीड़ित को उनकी डूबी हुई रकम का एक हिस्सा वापस मिल गया है। पीड़ित संतोष कुमार बांका जिले के अमरपुर मोदी टोला के रहने वाले हैं। वर्तमान में बरौनी में ‘क्रेडिट एक्सिस ग्रामीण लिमिटेड’ में ब्रांच मैनेजर के पद पर कार्यरत हैं। उन्होंने बताया 12 अप्रैल 2025 को एक अज्ञात नंबर (8002720307) से कॉल आया। केवाईसी (KYC) अपडेट कराने के बहाने आभा (ABHA) नाम का एक फर्जी मोबाइल एप्लीकेशन डाउनलोड करवाया गया। ऐप में अपना मोबाइल नंबर, पैन कार्ड और अन्य डिटेल्स डालने के बाद साइबर ठगों ने उनके इंडसइंड बैंक खाते (IndusInd Bank) में सेंध लगा दी।ठगों ने कुल चार ट्रांजेक्शन के जरिए उनके खाते से देखते ही देखते छह लाख रुपए गायब कर दिए। संतोष कुमार ने साइबर थाने दी गई शिकायत में बताया कि ठगों ने पहली बार में 2 लाख, दूसरी बार में 2 लाख, तीसरी बार में 1.5 लाख और चौथी बार में 50 हजार की अवैध निकासी की। फोन पर आने वाले सभी मैसेज को ठगों द्वारा रीड किया जा रहा था। शक होने पर वापस कॉल किया तो आरोपियों ने खुद को इंडसइंड बैंक का कस्टमर केयर अधिकारी बताकर गुमराह किया। जिसके बाद इसकी शिकायत राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन नंबर 1930 पर दर्ज कराई। फिर बेगूसराय साइबर थाना में मामला दर्ज किया गया था। साइबर डीएसपी इमरान अहमद ने बताया कि पुलिस टीम ने तकनीकी कार्रवाई करते हुए ठगों के खातों को ट्रैक किया और उसमें मौजूद राशि को फ्रीज (होल्ड) करवा दिया। इस मुस्तैदी के कारण होल्ड किया गया 1,77,889 रुपए (एक लाख सतहत्तर हजार आठ सौ नवासी) सफलतापूर्वक रिकवर कर वादी संतोष कुमार के खाते में वापस भिजवा दिया गया है। साइबर पुलिस की अपील: सतर्क रहें, सुरक्षित रहें 1. किसी भी अनजान व्यक्ति के कहने पर अपने मोबाइल में कोई भी ऐप (जैसे Anydesk, TeamViewer, या कोई अज्ञात KYC ऐप) डाउनलोड नहीं करें। 2. बैंक कभी भी फोन पर पैन, आईडी या ओटीपी (OTP) जैसी निजी जानकारियां नहीं मांगता है। यह सब देने से बचें। 3. किसी भी प्रकार की ऑनलाइन धोखाधड़ी के शिकार होते हैं, तो तुरंत 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर अपनी शिकायत दर्ज कराएं। जिससे समय रहते पैसा होल्ड किया जा सके। बेगूसराय में बैंक मैनेजर से ठगी का मामला सामने आया है। ऐप डाउनलोड कराकर साइबर ठगों ने खाते से 6 लाख रुपए उड़ा लिए। हालांकि पुलिस की मुस्तैदी और त्वरित कार्रवाई के चलते पीड़ित को उनकी डूबी हुई रकम का एक हिस्सा वापस मिल गया है। पीड़ित संतोष कुमार बांका जिले के अमरपुर मोदी टोला के रहने वाले हैं। वर्तमान में बरौनी में ‘क्रेडिट एक्सिस ग्रामीण लिमिटेड’ में ब्रांच मैनेजर के पद पर कार्यरत हैं। उन्होंने बताया 12 अप्रैल 2025 को एक अज्ञात नंबर (8002720307) से कॉल आया। केवाईसी (KYC) अपडेट कराने के बहाने आभा (ABHA) नाम का एक फर्जी मोबाइल एप्लीकेशन डाउनलोड करवाया गया। ऐप में अपना मोबाइल नंबर, पैन कार्ड और अन्य डिटेल्स डालने के बाद साइबर ठगों ने उनके इंडसइंड बैंक खाते (IndusInd Bank) में सेंध लगा दी।ठगों ने कुल चार ट्रांजेक्शन के जरिए उनके खाते से देखते ही देखते छह लाख रुपए गायब कर दिए। संतोष कुमार ने साइबर थाने दी गई शिकायत में बताया कि ठगों ने पहली बार में 2 लाख, दूसरी बार में 2 लाख, तीसरी बार में 1.5 लाख और चौथी बार में 50 हजार की अवैध निकासी की। फोन पर आने वाले सभी मैसेज को ठगों द्वारा रीड किया जा रहा था। शक होने पर वापस कॉल किया तो आरोपियों ने खुद को इंडसइंड बैंक का कस्टमर केयर अधिकारी बताकर गुमराह किया। जिसके बाद इसकी शिकायत राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन नंबर 1930 पर दर्ज कराई। फिर बेगूसराय साइबर थाना में मामला दर्ज किया गया था। साइबर डीएसपी इमरान अहमद ने बताया कि पुलिस टीम ने तकनीकी कार्रवाई करते हुए ठगों के खातों को ट्रैक किया और उसमें मौजूद राशि को फ्रीज (होल्ड) करवा दिया। इस मुस्तैदी के कारण होल्ड किया गया 1,77,889 रुपए (एक लाख सतहत्तर हजार आठ सौ नवासी) सफलतापूर्वक रिकवर कर वादी संतोष कुमार के खाते में वापस भिजवा दिया गया है। साइबर पुलिस की अपील: सतर्क रहें, सुरक्षित रहें 1. किसी भी अनजान व्यक्ति के कहने पर अपने मोबाइल में कोई भी ऐप (जैसे Anydesk, TeamViewer, या कोई अज्ञात KYC ऐप) डाउनलोड नहीं करें। 2. बैंक कभी भी फोन पर पैन, आईडी या ओटीपी (OTP) जैसी निजी जानकारियां नहीं मांगता है। यह सब देने से बचें। 3. किसी भी प्रकार की ऑनलाइन धोखाधड़ी के शिकार होते हैं, तो तुरंत 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर अपनी शिकायत दर्ज कराएं। जिससे समय रहते पैसा होल्ड किया जा सके।  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *