समस्तीपुर के शिवाजीनगर प्रखंड मुख्यालय स्थित सभागार में आज पंचायत समिति की सामान्य बैठक हुई। प्रखंड प्रमुख डॉ. गोविंद कुमार ने बैठक की अध्यक्षता की, जबकि प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) आलोक कुमार सिंह ने इसका संचालन किया। इसमें प्रखंड क्षेत्र के पंचायत प्रतिनिधियों, पंचायत समिति सदस्यों और विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया। बैठक में प्रखंड क्षेत्र में संचालित विकास योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की गई। केंद्र और राज्य सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की स्थिति पर चर्चा हुई, जिसमें अधिकारियों ने संबंधित योजनाओं की प्रगति की जानकारी दी। बता दें कि मीटिंग के दौरान शिक्षा व्यवस्था में सुधार का आदेश दिया गया है। साथ ही प्राथमिक और उप प्राथमिक केंद्रों पर गरीब मरीजों के लिए चिकित्सा सुविधा और विभिन्न पंचायतों में जर्जर सड़क को जल्द मरम्मती का निर्देश है। इसके अलावा राज्य और केंद्र सरकार की विभिन्न जन कल्याणकारी योजनाओं पर विशेष निगरानी देकर क्रियान्वयन करने को लेकर आदेश पारित किया गया है। सुविधाओं से जुड़े मुद्दों पर चर्चा इसके अलावा, पंचायत स्तर पर चल रहे विकास काम, पेयजल व्यवस्था, स्वच्छता अभियान, शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क निर्माण, आवास योजना और अन्य बुनियादी सुविधाओं से जुड़े मुद्दों पर भी विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। उपस्थित जनप्रतिनिधियों ने अपने-अपने पंचायत क्षेत्रों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। उन्होंने ग्रामीण सड़कों की मरम्मत, जलजमाव, पेयजल आपूर्ति, आवास योजना के लंबित मामलों और अन्य विकास संबंधी आवश्यकताओं को अधिकारियों के समक्ष रखा। जनप्रतिनिधियों ने लंबित योजनाओं को शीघ्र पूरा करने और विकास काम में तेजी लाने की मांग की। योजनाओं का फायदा अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का आदेश प्रखंड प्रमुख डॉ. गोविंद कुमार ने कहा कि पंचायत समिति की बैठक जनप्रतिनिधियों और प्रशासन के बीच समन्वय स्थापित करने का एक महत्वपूर्ण मंच है। उन्होंने सभी विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिया कि जनता से जुड़े मामलों का समयबद्ध निपटारा सुनिश्चित करें और विकास योजनाओं का फायदा अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाएं। बीडीओ आलोक कुमार सिंह ने विभिन्न विभागों की योजनाओं की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार की योजनाओं का पारदर्शी और प्रभावी क्रियान्वयन प्रशासन की प्राथमिकता है और विकास काम में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। समस्तीपुर के शिवाजीनगर प्रखंड मुख्यालय स्थित सभागार में आज पंचायत समिति की सामान्य बैठक हुई। प्रखंड प्रमुख डॉ. गोविंद कुमार ने बैठक की अध्यक्षता की, जबकि प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) आलोक कुमार सिंह ने इसका संचालन किया। इसमें प्रखंड क्षेत्र के पंचायत प्रतिनिधियों, पंचायत समिति सदस्यों और विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया। बैठक में प्रखंड क्षेत्र में संचालित विकास योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की गई। केंद्र और राज्य सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की स्थिति पर चर्चा हुई, जिसमें अधिकारियों ने संबंधित योजनाओं की प्रगति की जानकारी दी। बता दें कि मीटिंग के दौरान शिक्षा व्यवस्था में सुधार का आदेश दिया गया है। साथ ही प्राथमिक और उप प्राथमिक केंद्रों पर गरीब मरीजों के लिए चिकित्सा सुविधा और विभिन्न पंचायतों में जर्जर सड़क को जल्द मरम्मती का निर्देश है। इसके अलावा राज्य और केंद्र सरकार की विभिन्न जन कल्याणकारी योजनाओं पर विशेष निगरानी देकर क्रियान्वयन करने को लेकर आदेश पारित किया गया है। सुविधाओं से जुड़े मुद्दों पर चर्चा इसके अलावा, पंचायत स्तर पर चल रहे विकास काम, पेयजल व्यवस्था, स्वच्छता अभियान, शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क निर्माण, आवास योजना और अन्य बुनियादी सुविधाओं से जुड़े मुद्दों पर भी विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। उपस्थित जनप्रतिनिधियों ने अपने-अपने पंचायत क्षेत्रों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। उन्होंने ग्रामीण सड़कों की मरम्मत, जलजमाव, पेयजल आपूर्ति, आवास योजना के लंबित मामलों और अन्य विकास संबंधी आवश्यकताओं को अधिकारियों के समक्ष रखा। जनप्रतिनिधियों ने लंबित योजनाओं को शीघ्र पूरा करने और विकास काम में तेजी लाने की मांग की। योजनाओं का फायदा अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का आदेश प्रखंड प्रमुख डॉ. गोविंद कुमार ने कहा कि पंचायत समिति की बैठक जनप्रतिनिधियों और प्रशासन के बीच समन्वय स्थापित करने का एक महत्वपूर्ण मंच है। उन्होंने सभी विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिया कि जनता से जुड़े मामलों का समयबद्ध निपटारा सुनिश्चित करें और विकास योजनाओं का फायदा अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाएं। बीडीओ आलोक कुमार सिंह ने विभिन्न विभागों की योजनाओं की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार की योजनाओं का पारदर्शी और प्रभावी क्रियान्वयन प्रशासन की प्राथमिकता है और विकास काम में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।


