Thyroid Muscle Cramps Summer: गर्मियों का मौसम आते ही थायराइड के कई मरीज एक अजीब परेशानी से जूझने लगते हैं। कई लोगों को सुबह उठते ही पिंडलियों (Calves) में तेज ऐंठन होती है, पैर भारी हो जाते हैं और जोड़ों में दर्द बढ़ जाता है। ज्यादातर लोग इसे केवल लू लगना, डिहाइड्रेशन या गर्मियों की कमजोरी मानकर नजरअंदाज कर देते हैं। लेकिन इसका असली कारण शरीर में होने वाला थायराइड मायोपैथी (Thyroid Myopathy) और कैल्शियम-मिनरल शिफ्ट है।
आइए एंडोक्राइनोलॉजिस्ट डॉ. दीपक चंद गुप्ता से समझते हैं कि गर्मियों का तापमान आपके थायराइड के जरिए हड्डियों और मांसपेशियों पर कैसे वार करता है।
क्यों होने लगता है हड्डियों और मांसपेशियों में दर्द?
डॉ. दीपक चंद गुप्ता बताते हैं, “थायराइड हॉर्मोन सीधे तौर पर हमारी मांसपेशियों के प्रोटीन को बनाने और हड्डियों में कैल्शियम के अवशोषण (Absorption) को कंट्रोल करते हैं। गर्मियों में जब शरीर से अत्यधिक पसीना निकलता है, तो थायराइड के मरीजों में यह पूरा बैलेंस बिगड़ जाता है।” थायराइड के दोनों प्रकारों में यह समस्या गर्मियों में इस तरह असर डालती है।
हाइपोथायरायडिज्म (पिंडलियों में ऐंठन): इस बीमारी में मांसपेशियों का मेटाबॉलिज्म पहले से ही धीमा होता है। गर्मियों में जब पसीने के जरिए सोडियम, पोटैशियम और मैग्नीशियम जैसे जरूरी मिनरल्स शरीर से बाहर निकलते हैं, तो सुस्त मांसपेशियां अचानक शॉक में चली जाती हैं। इसी वजह से रात को सोते समय या सुबह उठते ही पैरों और पिंडलियों में तेज, दर्दनाक ऐंठन (Cramps) होने लगती है।
हाइपरथायरायडिज्म (जोड़ों में दर्द और जकड़न): ओवरएक्टिव थायराइड के मरीजों में हड्डियां बहुत तेजी से कैल्शियम छोड़ना शुरू कर देती हैं (Bone Resorption)। गर्मियों में जब धूप और तापमान के कारण बॉडी का मेटाबॉलिक स्ट्रेस बढ़ता है, तो जोड़ों के बीच का फ्लूइड और कैल्शियम का बैलेंस बिगड़ जाता है, जिससे घुटनों और कंधों में दर्द शुरू हो जाता है।
थायराइड के 3 समर-केयर टिप्स
दवा बदलने या खुद से पेनकिलर खाने के बजाय, गर्मियों में अपने थायराइड और हड्डियों के तालमेल को इन तरीकों से ठीक करें।
केवल सादा पानी पीने से मांसपेशियों की ऐंठन ठीक नहीं होगी। पसीने से खोए मिनरल्स की भरपाई के लिए डाइट में नींबू पानी (सेंधा नमक के साथ) या नारियल पानी शामिल करें। नारियल पानी में मौजूद पोटैशियम मांसपेशियों के दर्द को तुरंत शांत करता है।
थायराइड के मरीजों के लिए विटामिन डी बेहद जरूरी है, क्योंकि इसके बिना कैल्शियम हड्डियों में एब्जॉर्ब नहीं हो सकता। तेज दोपहर की धूप से बचें, लेकिन सुबह या शाम की हल्की धूप में 15 मिनट जरूर बैठें।
रात को सोने से पहले और सुबह उठने के तुरंत बाद पैरों और पिंडलियों की हल्की स्ट्रेचिंग (खिंचाव) करें। इससे मांसपेशियों में लैक्टिक एसिड जमा नहीं होगा और ब्लड सर्कुलेशन बेहतर रहेगा।
डिस्क्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प है। लेकिन पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।


