जालौन के उरई स्थित राजकीय मेडिकल कॉलेज में हाल ही में तीमारदार और डॉक्टर के बीच हुए विवाद और लगातार सामने आ रही अव्यवस्थाओं के बाद उत्तर प्रदेश सरकार ने प्रशासनिक कार्रवाई की है। शासन ने मेडिकल कॉलेज के प्रधानाचार्य डॉ. अरविंद द्विवेदी को उनके पद से हटा दिया है। उनकी जगह कानपुर स्थित राजकीय मेडिकल कॉलेज के पैथोलॉजी विभाग में तैनात आचार्य डॉ. महेंद्र सिंह को जालौन मेडिकल कॉलेज का कार्यवाहक प्रधानाचार्य नियुक्त किया गया है। उत्तर प्रदेश शासन के चिकित्सा शिक्षा अनुभाग-1 द्वारा जारी कार्यालय आदेश संख्या 115/71-1001(001)/2/2026 के अनुसार, डॉ. महेंद्र सिंह को अग्रिम आदेशों तक राजकीय मेडिकल कॉलेज जालौन में प्रधानाचार्य का कार्यभार सौंपा गया है। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि उन्हें इस अतिरिक्त जिम्मेदारी के लिए कोई अलग वेतन या भत्ता नहीं मिलेगा। उनका वेतन पूर्ववत राजकीय मेडिकल कॉलेज कानपुर से ही आहरित होता रहेगा। शासन ने उन्हें तत्काल प्रभाव से नवीन तैनाती स्थल पर कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश दिए हैं। उल्लेखनीय है कि बीते दिनों मेडिकल कॉलेज में भाजपा नेता, उनके बेटे और डॉक्टरों के बीच मारपीट का एक गंभीर विवाद सामने आया था। इस घटना ने जिले के राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में हलचल मचा दी थी। घटना के बाद मेडिकल कॉलेज की व्यवस्थाओं, सुरक्षा और प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हुए थे। इसके अतिरिक्त, कॉलेज में लगातार हो रही अन्य घटनाओं और अव्यवस्थाओं की शिकायतें भी शासन स्तर तक पहुंच रही थीं। इन्हीं घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए शासन ने यह बड़ा फैसला लिया है। यह कार्रवाई मेडिकल कॉलेज की व्यवस्था सुधारने और प्रशासनिक नियंत्रण मजबूत करने के उद्देश्य से की गई है। शासन के इस कदम के बाद मेडिकल कॉलेज परिसर में चर्चाएं तेज हो गई हैं। अब सभी की नजर नए कार्यवाहक प्रधानाचार्य की कार्यशैली और कॉलेज में होने वाले संभावित बदलावों पर टिकी हुई है।


