इजराइल के लिए जासूसी करने वाले शख्स को ईरान ने फांसी पर लटकाया, अमेरिका से बवाल बढ़ने के बाद एक और एक्शन

इजराइल के लिए जासूसी करने वाले शख्स को ईरान ने फांसी पर लटकाया, अमेरिका से बवाल बढ़ने के बाद एक और एक्शन

ईरान में मौत की सजा देने का सिलसिला फिर तेज हो गया है। तनाव भरे माहौल के बीच ईरान ने इजराइल के लिए जासूसी करने के आरोप में एक शख्स को फांसी दे दी है।

जिस शख्स को फांसी की सजा दी गई है, उसकी पहचान गुलामरेजा खानी शेकराब में रूप में हुई है। ईरान की सेमी-सरकारी तस्नीम न्यूज एजेंसी ने यह जानकारी दी। सुप्रीम कोर्ट ने इस फैसले पर आखिरी मुहर लगाई।

संघर्ष के बीच बढ़ी फांसीयां

28 फरवरी को अमेरिका और इजराइल के साथ ईरान का युद्ध शुरू हुआ था, जिसके बाद ईरान ने कई लोगों को जासूसी के आरोप में मौत की सजा दी है।

अधिकारियों का कहना है कि ये लोग दुश्मन देशों के साथ मिलकर काम कर रहे थे। लेकिन इस पूरे मामले को लेकर दुनिया भर में सवाल उठ रहे हैं।

मानवाधिकार संगठन इस बढ़ती फांसीयों की कड़ी आलोचना कर रहे हैं। उनके अनुसार, ईरान में सबूतों के बिना या कमजोर सबूतों पर भी मौत की सजाएं दी जा रही हैं। कई सालों से एक्टिविस्ट ईरान को चीन के बाद दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा जल्लाद बता रहे हैं।

कौन था गुलामरेजा खानी शेकराब?

तस्नीम न्यूज के मुताबिक गुलामरेजा खानी शेकराब पर इजराइल की खुफिया एजेंसी के साथ जानकारी साझा करने का आरोप था।

निचली अदालत ने उसे दोषी पाया और सुप्रीम कोर्ट ने भी फैसले को सही ठहराया। जिसके बाद फांसी की सजा को जल्द ही लागू कर दिया गया।

ईरान में फांसी का रिकॉर्ड

ईरान लंबे समय से मौत की सजाओं के लिए चर्चा में रहता है। खासकर राजनीतिक मामलों, जासूसी और ड्रग्स से जुड़े मामलों में फांसी की सजा आम है। अंतरराष्ट्रीय संगठनों का कहना है कि पिछले कुछ सालों में ईरान में सैकड़ों लोगों को फांसी दी गई है।

कुछ रिपोर्ट्स में कहा गया है कि 2024-25 के दौरान भी यह आंकड़ा काफी ऊंचा रहा। इसके अलावा, जब से इजराइल और ईरान के बीच सीधा संघर्ष शुरू हुआ है, तब से ईरान अंदरूनी सुरक्षा को लेकर और सख्त हो गया है।

सरकार का कहना है कि दुश्मन देश जासूस भेजकर अस्थिरता फैला रहे हैं। वहीं विपक्षी आवाजें और मानवाधिकार वाले लोग कहते हैं कि इस बहाने विरोधी आवाजों को दबाया जा रहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *