भोजपुर के धुधुआं गांव में पुलिस टीम पर हमला किए जाने के मामले में पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई तेज कर दी है। पुलिस पर ईंट-पत्थर से हमला कर दो सरकारी बोलेरो गाड़ियों को क्षतिग्रस्त करने और पुलिसकर्मियों को घायल करने के आरोप में संजय राय समेत 30-40 अज्ञात लोगों को नामजद किया गया है। इस मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए नामजद आरोपी संजय राय और कंचन कुमारी को गिरफ्तार कर लिया है। दोनों रिश्ते में भाई-बहन हैं। अन्य की पहचान कर गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। घटना मुफस्सिल थाना क्षेत्र की है। गिरफ्तारी के बाद बढ़ा विवाद दरोगा धर्मेंद्र कुमार के बयान पर प्राथमिकी दर्ज की गई है। प्राथमिकी में कहा गया है कि पुलिस टीम 20 मई को धुधुआं गांव में हुई मारपीट और हत्या के प्रयास में शामिल आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अजय राय के घर के पास पहुंची थी। इस दौरान पुलिस को देखकर एक व्यक्ति वहां से भागने लगा। पुलिस बल ने पीछा कर उसे पकड़ लिया, जिसकी पहचान संजय राय के रूप में हुई। संजय राय पुलिस कार्रवाई का विरोध करने लगा। आसपास मौजूद महिलाओं और ग्रामीणों को पुलिस के खिलाफ उकसाने लगा। देखते ही देखते बड़ी संख्या में लोग जुट गए और विरोध शुरू कर दिया। आरोपियों ने पुलिस बल पर ईंट-पत्थर से हमला कर दिया, जिसमें कई पुलिसकर्मी चोटिल हो गए। हमले के दौरान पुलिस की दो गाड़ियों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया। स्थिति नियंत्रित करने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। वहीं, ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस गाड़ी से टक्कर से बुआ-भतीजी घायल हो गई।
आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी मुफस्सिल थानाध्यक्ष राम कल्याण यादव ने बताया कि नामजद और अज्ञात आरोपियों की पहचान की जा रही है। पुलिस लगातार छापेमारी अभियान चला रही है। सरकारी कार्य में बाधा डालने और पुलिस बल पर हमला करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। भोजपुर के धुधुआं गांव में पुलिस टीम पर हमला किए जाने के मामले में पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई तेज कर दी है। पुलिस पर ईंट-पत्थर से हमला कर दो सरकारी बोलेरो गाड़ियों को क्षतिग्रस्त करने और पुलिसकर्मियों को घायल करने के आरोप में संजय राय समेत 30-40 अज्ञात लोगों को नामजद किया गया है। इस मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए नामजद आरोपी संजय राय और कंचन कुमारी को गिरफ्तार कर लिया है। दोनों रिश्ते में भाई-बहन हैं। अन्य की पहचान कर गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। घटना मुफस्सिल थाना क्षेत्र की है। गिरफ्तारी के बाद बढ़ा विवाद दरोगा धर्मेंद्र कुमार के बयान पर प्राथमिकी दर्ज की गई है। प्राथमिकी में कहा गया है कि पुलिस टीम 20 मई को धुधुआं गांव में हुई मारपीट और हत्या के प्रयास में शामिल आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अजय राय के घर के पास पहुंची थी। इस दौरान पुलिस को देखकर एक व्यक्ति वहां से भागने लगा। पुलिस बल ने पीछा कर उसे पकड़ लिया, जिसकी पहचान संजय राय के रूप में हुई। संजय राय पुलिस कार्रवाई का विरोध करने लगा। आसपास मौजूद महिलाओं और ग्रामीणों को पुलिस के खिलाफ उकसाने लगा। देखते ही देखते बड़ी संख्या में लोग जुट गए और विरोध शुरू कर दिया। आरोपियों ने पुलिस बल पर ईंट-पत्थर से हमला कर दिया, जिसमें कई पुलिसकर्मी चोटिल हो गए। हमले के दौरान पुलिस की दो गाड़ियों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया। स्थिति नियंत्रित करने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। वहीं, ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस गाड़ी से टक्कर से बुआ-भतीजी घायल हो गई।
आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी मुफस्सिल थानाध्यक्ष राम कल्याण यादव ने बताया कि नामजद और अज्ञात आरोपियों की पहचान की जा रही है। पुलिस लगातार छापेमारी अभियान चला रही है। सरकारी कार्य में बाधा डालने और पुलिस बल पर हमला करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।


