Teacher News: राजस्थान हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, 10 हजार सरकारी शिक्षकों के प्रमोशन का रास्ता साफ, 28 याचिकाएं खारिज

Teacher News: राजस्थान हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, 10 हजार सरकारी शिक्षकों के प्रमोशन का रास्ता साफ, 28 याचिकाएं खारिज

जोधपुर। राजस्थान हाईकोर्ट ने शिक्षा विभाग के सेवा नियमों में किए गए बदलाव को चुनौती देने वाली 28 याचिकाओं को खारिज कर दिया है। कोर्ट के इस फैसले के बाद कॉमर्स, म्यूजिक, कृषि, चित्रकला और गृह विज्ञान जैसे विषयों के करीब 10 हजार सीनियर टीचर्स के प्रमोशन का रास्ता साफ हो गया है। इन शिक्षकों की पदोन्नति लंबे समय से अटकी हुई थी। जस्टिस अरुण मोंगा और जस्टिस संदीप शाह की खंडपीठ ने सुनवाई के बाद राजस्थान शैक्षिक (राज्य एवं अधीनस्थ) सेवा प्रथम संशोधन नियम-2024 को सही माना और इसे वैध ठहराया।

यह वीडियो भी देखें

कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि 1986 की राष्ट्रीय शिक्षा नीति लागू होने के बाद 10+2+3 व्यवस्था शुरू हुई थी। इसके बाद 9वीं और 10वीं कक्षा में कई विशेष विषयों की जरूरत कम हो गई। ऐसे में इन विषयों को पढ़ाने वाले शिक्षक वर्षों तक एक ही पद पर काम करते रहे और उन्हें प्रमोशन का मौका नहीं मिल पाया। राज्य सरकार ने ऐसे शिक्षकों को राहत देने के लिए 7 फरवरी 2024 को नियमों में बदलाव किया था। इस संशोधन में 50 प्रतिशत पदोन्नति के पद केवल सीनियर टीचर (जनरल) के लिए तय किए गए थे।

याचिकाकर्ताओं के वकीलों का तर्क

याचिकाकर्ताओं के वकीलों ने कोर्ट में कहा कि प्रमोशन के लिए विचार किया जाना कर्मचारियों का अधिकार है। उनका कहना था कि जनरल टीचर और सब्जेक्ट स्पेशलिस्ट टीचर के बीच किया गया वर्गीकरण गलत है और नियमों में बदलाव कर उनके अधिकार कम नहीं किए जा सकते। वहीं राज्य सरकार की ओर से कोर्ट में कहा गया कि यह संशोधन स्थाई नहीं है। सरकार ने इसे केवल एक बार की राहत और अस्थायी व्यवस्था बताया। कोर्ट ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद राज्य सरकार के संशोधन को सही माना और सभी याचिकाएं खारिज कर दीं।

राजस्थान हाईकोर्ट में ग्रीष्मकालीन पीठों का गठन

वहीं दूसरी तरफ राजस्थान हाईकोर्ट प्रशासन ने ग्रीष्मावकाश को लेकर अधिसूचना जारी कर दी है। राजस्थान हाईकोर्ट की मुख्य पीठ जोधपुर व जयपुर पीठ में एक जून से 28 जून 2026 तक ग्रीष्मावकाश रहेगा। इस अवधि के दौरान अत्यावश्यक मामलों की सुनवाई के लिए मुख्य पीठ में अवकाशकालीन पीठों का गठन किया गया है। मुख्य पीठ में एकल पीठ के रूप में न्यायाधीश संजीत पुरोहित एक जून से पांच जून तक, न्यायाधीश संदीप शाह आठ जून से 12 जून तक, न्यायाधीश मुकेश राजपुरोहित 15 से 16 जून तथा 18 से 19 जून तक और न्यायाधीश बलजिंदर सिंह संधू 22 जून से 25 जून तक अवकाशकालीन न्यायाधीश के रूप में कार्य करेंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *