बिजनौर की विशेष अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश कल्पना पांडेय ने एक किशोरी से छेड़छाड़ और जान से मारने की धमकी देने के मामले में आरोपी मतीन को दोषी करार दिया है। न्यायाधीश ने आरोपी को तीन वर्ष के कारावास और 12 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। विशेष लोक अभियोजन अधिकारी भालेंद्र राठौर के अनुसार, यह घटना 19 अक्टूबर 2022 को हुई थी। थाना स्योहारा में दर्ज रिपोर्ट के मुताबिक, एक व्यक्ति ने बताया कि उसकी 16 वर्षीय बेटी कक्षा 11 में पढ़ती है। वह ट्यूशन पढ़कर साइकिल से घर लौट रही थी, तभी रास्ते में एक बाइक सवार व्यक्ति ने उसके साथ छेड़छाड़ की। किशोरी के शोर मचाने पर आरोपी ने उसे गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी देकर फरार हो गया। पीड़िता ने घर आकर घटना की जानकारी दी, लेकिन बदनामी के डर से तत्काल रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई गई। अगले दिन, 20 अक्टूबर को, पीड़िता जब दोबारा ट्यूशन से घर आ रही थी, तो आरोपी ने फिर से उसके साथ छेड़छाड़ की। इसके बाद पीड़िता के पिता ने अज्ञात युवक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस की विवेचना में आरोपी का नाम मतीन प्रकाश में आया। पुलिस ने आरोपी मतीन को गिरफ्तार कर उसके खिलाफ आरोप पत्र कोर्ट में पेश किया। न्यायाधीश कल्पना पांडेय ने सभी साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर आरोपी मतीन को दोषी पाया और उसे उपरोक्त सजा सुनाई।


