अररिया जिले के सिमराहा थाना क्षेत्र के पोठिया स्थित नेशनल हाईवे-27 पर सोमवार को एक सड़क हादसे में 10 वर्षीय बच्चे की मौत हो गई। मृतक की पहचान वार्ड संख्या-6 निवासी मोहम्मद हसाबुल के पुत्र सोहेल (10) के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, सोहेल सड़क किनारे खड़ा होकर घर जाने के लिए सड़क पार करने का इंतजार कर रहा था। तभी विपरीत दिशा से आ रही एक तेज रफ्तार पिकअप वैन ने उसे टक्कर मार दी। इस हादसे में सोहेल की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद चालक वाहन सहित फरार हो गया। सड़क पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं
घटना की सूचना मिलते ही मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। बच्चे की मौत से आक्रोशित ग्रामीणों ने नेशनल हाईवे-27 को दोनों ओर से जाम कर दिया। इससे सड़क पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यातायात बाधित हो गया। ग्रामीणों का आरोप है कि पोठिया एनएच-27 के समीप भारी वाहन लगातार गलत दिशा में चलाए जाते हैं, जिससे आए दिन हादसे होते रहते हैं। उन्होंने बताया कि लगभग एक वर्ष पहले भी इसी स्थान से करीब 100 मीटर की दूरी पर गलत दिशा से आ रही गाड़ी की चपेट में आने से तीन लोगों की मौत हो गई थी। इसके बावजूद प्रशासन ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है। स्थानीय लोगों का कहना है कि फैक्ट्री में जाने वाले वाहन नियमों की अनदेखी कर लगातार गलत लेन में चलते हैं, जिससे आम लोगों की जान जोखिम में रहती है। अररिया जिले के सिमराहा थाना क्षेत्र के पोठिया स्थित नेशनल हाईवे-27 पर सोमवार को एक सड़क हादसे में 10 वर्षीय बच्चे की मौत हो गई। मृतक की पहचान वार्ड संख्या-6 निवासी मोहम्मद हसाबुल के पुत्र सोहेल (10) के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, सोहेल सड़क किनारे खड़ा होकर घर जाने के लिए सड़क पार करने का इंतजार कर रहा था। तभी विपरीत दिशा से आ रही एक तेज रफ्तार पिकअप वैन ने उसे टक्कर मार दी। इस हादसे में सोहेल की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद चालक वाहन सहित फरार हो गया। सड़क पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं
घटना की सूचना मिलते ही मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। बच्चे की मौत से आक्रोशित ग्रामीणों ने नेशनल हाईवे-27 को दोनों ओर से जाम कर दिया। इससे सड़क पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यातायात बाधित हो गया। ग्रामीणों का आरोप है कि पोठिया एनएच-27 के समीप भारी वाहन लगातार गलत दिशा में चलाए जाते हैं, जिससे आए दिन हादसे होते रहते हैं। उन्होंने बताया कि लगभग एक वर्ष पहले भी इसी स्थान से करीब 100 मीटर की दूरी पर गलत दिशा से आ रही गाड़ी की चपेट में आने से तीन लोगों की मौत हो गई थी। इसके बावजूद प्रशासन ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है। स्थानीय लोगों का कहना है कि फैक्ट्री में जाने वाले वाहन नियमों की अनदेखी कर लगातार गलत लेन में चलते हैं, जिससे आम लोगों की जान जोखिम में रहती है।


