भोपाल के कटारा हिल्स स्थित बागमुगालिया एक्सटेंशन में रिटायर्ड महिला जज की बहू ट्विशा शर्मा की आत्महत्या का मामला उलझता जा रहा है। घटना के छह दिन बाद भी मृतक के परिजनों ने शव लेने से इनकार कर दिया है। परिवार आरोपी सास गिरीबाला सिंह को मिली जमानत से नाराज है और न्याय की मांग पर अड़ा हुआ है। इसी बीच मामले में नया मोड़ तब आया, जब आरोपी सास गिरीबाला सिंह द्वारा जिला कोर्ट में दाखिल जमानत आवेदन के कुछ हिस्से सामने आए। आवेदन में गिरीबाला सिंह ने बहू ट्विशा शर्मा को ड्रग एडिक्ट बताया है। उन्होंने कोर्ट में दावा किया कि ट्विशा को नशे की लत थी और जब उसे नशा नहीं मिलता था तो उसके हाथ कांपने लगते थे तथा वह चिड़चिड़ा व्यवहार करने लगती थी। गिरीबाला सिंह ने इन तथ्यों का उल्लेख अपनी जमानत याचिका में किया है। वहीं समर्थ सिंह की अग्रिम जमानत याचिका पर आज सुनवाई होगी। दैनिक भास्कर के पास गिरीबाला का कोर्ट में दिया गया आवेदन मौजूद है। 12 घंटे लापता रही थी ट्विशा गिरीबाला सिंह के जमानत आवेदन में लिखा गया है कि बहू ट्विशा 17 अप्रैल 2026 की सुबह बाय फ्लाइट दिल्ली के लिए रवाना हुई। 18 अप्रैल 2026 को मायके पहुंची। करीब 12 घंटे लापता रही। पूछने पर ट्विशा ने नहीं बताया कि वह कहां रही। ट्विशा चार तेलगु फिल्मों में एक्ट्रेस के तौर पर काम कर चुकी थीं। इसी के साथ वह एड फिल्मों में काम करने के साथ ही मॉडलिंग भी कर चुकी थीं। ब्यूटी पार्लर से लौटते ही मां का कॉल आया 11 मई की शाम ट्विशा ब्यूटी पार्लर से तैयार होकर घर लौटी थी। टीवी देखने के दौरान ही मां का कॉल आ गया और वह मां से बात करने लगी। मां से बात करते हुए वह छत पर पहुंची थी। उसके बाद कॉल डिस्कनेक्ट हो गया। रात करीब साढ़े दस बजे के आसपास ट्विशा ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। प्रेग्नेंट होते ही बदल गया व्यवहार गिरीबाला सिंह के वकील ने कोर्ट में सुनवाई के दौरान तर्क दिए कि ट्विशा गर्भवती थी। प्रेग्नेंट होते ही ससुराल पक्ष के लिए उसका व्यवहार बदल गया था। वकील ने यह भी तर्क दिया कि ससुराल पक्ष अपनी प्रेग्नेंट बहू का इलाज करा रहे थे। पति उसे घटना के दिन ही ब्यूटी पार्लर लेकर पहुंचा था। वहां से तैयार होने के बाद ट्विशा घर पहुंची थी। ट्विशा गर्भवती थी, लेकिन उसका अबॉर्शन हो गया था। हर माह जरूरत के हिसाब से पैसे देते थे गिरीबाला सिंह की ओर से कोर्ट में पेश बेल एप्लीकेशन में उन पर लगे तमाम आरोप निराधार बताए गए। आवेदन में बताया गया है कि दहेज के लिए प्रताड़ित करने के आरोप गलत हैं। ट्विशा से कभी किसी प्रकार के दहेज की मांग नहीं की गई। प्रति माह उसे उसकी जरूरतों के हिसाब से पैसा दिया जाता था। यह पैसा उसे ऑनलाइन खाते में दिया जाता था। प्रमाण के तौर पर ऑनलाइन ट्रांजेक्शन को कोर्ट में पेश किया गया है। इसमें 50 हजार रुपए से लेकर पांच हजार रुपए तक के कई ट्रांजेक्शन शामिल हैं। गिरीबाला ने कोर्ट में कहा है कि ट्विशा का मनोचिकित्सक डॉ. सत्यकांत त्रिवेदी के पास इलाज भी चल रहा था। उसकी मानसिक स्थिति ठीक नहीं थी। कोर्ट को दिए आवेदन में बताया कि ट्विशा को काउंसलर काकोली राय के पास भी भेजा गया था। ट्विशा के परिजनों की मांग, दोबारा पीएम हो ट्विशा के परिजनों का आरोप है कि मामले की निष्पक्ष जांच नहीं की जा रही है। घटना के बाद से फरार चल रहे ट्विषा के पति समर्थ की गिरफ्तारी में भी पुलिस लापरवाही बरत रही है। परिजनों ने मांग की है कि मध्यप्रदेश के बाहर की पुलिस से जांच कराई जाए। नई दिल्ली के एम्स में ट्विशा का दोबारा पोस्टमार्टम कराया जाए। ट्विशा के परिजन ने बताया कि वे कटारा हिल्स थाना गए थे, लेकिन वहां टीआई व अन्य पुलिसकर्मियों ने उनसे ठीक से बात तक नहीं की। पुलिस पर भी कार्रवाई हो यह भी सीएम से उनकी मांग थी। ट्विशा के परिजनों ने बताया- परेशान थी ट्विशा के परिजनों ने पुलिस को बताया कि आत्महत्या से पहले ट्विशा काफी परेशान लग रही थी। उसने फोन पर बात करने के दौरान परेशान होने का जिक्र किया था। मां से मोबाइल पर बात करने के दौरान कॉल डिस्कनेक्ट हो गया। ट्विशा की मां ने कॉल कर यह बात सास गिरीबाला सिंह को बताई। सास बेटे समर्थ के साथ उसकी तलाश करने लगीं। इस बीच उसने ट्विशा को छत पर पाइप पर प्लास्टिक की रस्सी के सहारे लटका देखा। पति समर्थ पड़ोस में रहने वाले रिश्तेदार की मदद से ट्विशा को लेकर एम्स पहुंचा था। एसीपी मिसरोद के नेतृत्व में एसआईटी का गठन ट्विशा आत्महत्या मामले की जांच के लिए एसआईटी का गठन कर दिया गया है। इसका नेतृत्व एसीपी मिसरोद रजनीश कश्यप कर रहे हैं। इसमें कटारा हिल्स थाना प्रभारी सुनील दुबे व बाग सेवनिया थाना प्रभारी संजय सोनी सहित कुल छह लोग शामिल हैं। एसआईटी में महिला पुलिसकर्मियों को भी शामिल किया गया है। दूसरी ओर पुलिस की एक अलग टीम घटना के बाद से फरार चल रहे आरोपी समर्थ शर्मा की तलाश में जुटी है। रविवार को परिजन सीएम हाउस पहुंचे थे, जहां कई घंटे तक वह मेन गेट के सामने बैठे रहे। फिल्मी दुनिया में कामयाब नहीं हो पाई थी ट्विशा ट्विशा शर्मा पत्नी समर्थ शर्मा (24) मूलरूप से नोएडा की रहने वाली थी। ट्विशा शर्मा शादी से पहले साउथ की फिल्मों में भी अहम किरदार निभा चुकी थी। बाद में फिल्मी दुनिया में कामयाबी नहीं मिलने पर उसने करियर की राह बदल ली। उसने एमबीए की पढ़ाई की थी, जिसके आधार पर बीते कई सालों तक दिल्ली की एक कंपनी में नौकरी की। इसी दौरान एक डेटिंग एप पर उसकी मुलाकात समर्थ सिंह से हुई थी। दोनों के बीच कई मुलाकातें हुईं और परिवार की सहमति से 12 दिसंबर 2025 में शादी हुई। शादी के समय वह निजी कंपनी में नौकरी कर रही थी और वर्क फ्राम होम पर थी। समर्थ जिला न्यायालय में वकालत करते हैं, जबकि उनकी मां गिरीबाला जिला जज थीं और रिटायर्ड हो चुकी हैं। ये खबर भी पढ़ें… ट्विशा के परिजन का सीएम हाउस पर प्रदर्शन भोपाल में रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह की बहू ट्विशा शर्मा की सुसाइड का मामला सीएम हाउस तक पहुंच गया है। ट्विशा के मायके वालों ने रविवार को यहां मुख्यमंत्री सचिवालय के अधिकारियों से बात की। इसके बाद ट्विशा के पिता नवनिधि शर्मा ने कहा- अधिकारियों ने माना कि जांच के लिए मध्य प्रदेश के बाहर की एजेंसी की जरूरत है। उन्होंने शव के दूसरे पोस्टमॉर्टम की जरूरत भी मानी है।पूरी खबर पढ़ें


