व्हाइट हाउस कॉरेस्पोंडेंट्स डिनर (White House Correspondents Dinner Shooting) में गोलीबारी करने के आरोपी कोल टॉमस एलन हथियारों का शौकीन है। उसके हथियार खरीदने के पुराने कई मामले भी सामने आए है। वॉशिंगटन DC में हुए इस डिनर में गोलीबारी करने से कुछ ही महीने पहले, एलन ने एक Maverick 12-गेज पंप-एक्शन शॉटगन खरीदी थी, और उससे भी कई साल पहले, अक्टूबर 2023 में, एक आर्म्सकोर सेमी-ऑटोमैटिक पिस्तौल खरीदी थी।
हमले की योजना
कोल टॉमस एलन ने वॉशिंगटन डीसी में व्हाइट हाउस कॉरेस्पॉन्डेंट्स डिनर पर गोलीबारी की योजना कथित तौर पर कई महीनों से बनाई हुई थी। वह कैलिफोर्निया स्टेट यूनिवर्सिटी-डोमिंग्यूज हिल्स से कंप्यूटर साइंस में मास्टर्स की डिग्री कर रहा था। हमले से पहले उसने Amtrak ट्रेन से पूरे देश की यात्रा की। वह पहले लॉस एंजेलिस से शिकागो और फिर शिकागो से वॉशिंगटन डीसी पहुंचा। वॉशिंगटन पहुंचकर उसने उसी वॉशिंगटन हिल्टन होटल में चेक-इन किया, जहां अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के लिए डिनर का आयोजन हो रहा था।
कार्यवाहक अटॉर्नी जनरल टॉड ब्लैंच ने CBS के कार्यक्रम फेस विद द नेशन (Face the Nation) में बताया कि हमले से पहले एलन कई दिनों तक इसी होटल में रुका रहा था। एलन की बहन ने मैरीलैंड में संघीय एजेंटों को बताया कि उसके भाई ने कैलिफोर्निया की बंदूक की दुकानों से कानूनी रूप से हथियार खरीदे थे और उन्हें अपने माता-पिता के टॉरेंस स्थित घर में बिना उनकी जानकारी के छिपाकर रख दिया था।
‘हिट लिस्ट’ और मैनिफेस्टो
गोलीबारी से ठीक पहले एलन ने अपने परिवार के सदस्यों को एक ‘मैनिफेस्टो’ (घोषणापत्र) भेजा था। कानून प्रवर्तन अधिकारियों के अनुसार, इस मैनिफेस्टो में उसने ट्रंप प्रशासन के अधिकारियों की एक ‘हिट लिस्ट’ बनाई थी, जिसमें पद के अनुसार उच्चतम से निम्नतम क्रम में प्राथमिकता दी गई थी। सूची में FBI निदेशक काश पटेल का नाम शामिल नहीं था।
मैनिफेस्टो में एलन ने वॉशिंगटन हिल्टन होटल की सुरक्षा व्यवस्था को ‘ढीला-ढाला’ बताते हुए उसका मज़ाक भी उड़ाया था। उसने लिखा कि होटल में घुसते ही सबसे पहले जो चीज मुझे महसूस हुई, वह था वहां मौजूद लोगों का घमंड। मैं कई हथियार लेकर अंदर गया, लेकिन किसी को भी यह खयाल तक नहीं आया कि मैं उनके लिए खतरा हो सकता हूं।
घटना पर क्या बोले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने घटना पर चुप्पी तोड़ते हुए कहा कि आरोपी काफी बीमार है। आरोपी एक ईसाई व आस्तिक व्यक्ति था, लेकिन बाद में वह ईसाई विरोधी बन गया। उसमें बहुत बदलाव आ गया।
ट्रंप ने वॉशिंगटन हिल्टन में सुरक्षा में लापरवाही पर सवाल उठाते हुए कहा कि ऐसी घटना उनके प्रस्तावित ‘मिलिट्री टॉप सीक्रेट बॉलरूम’ में कभी नहीं हो सकती। उन्होंने ट्रूथ सोशल पर लिखा कि यह घटना व्हाइट हाउस में बन रहे नए मिलिट्री टॉप सीक्रेट बॉलरूम में कभी नहीं होती। इसे जितनी जल्दी हो सके पूरा किया जाना चाहिए।


