जहानाबाद में 27 अप्रैल 2026 को विभागीय निर्देशानुसार जनता दरबार का आयोजन किया गया। जिला प्रशासन ने आमजनों की समस्याओं की सुनवाई की, जिसमें कुल 12 आवेदन प्राप्त हुए। जिला पदाधिकारी अलंकृता पाण्डेय ने अपने कार्यालय प्रकोष्ठ में और अपर समाहर्ता (राजस्व) अनिल कुमार सिन्हा ने समाहरणालय स्थित ग्राम प्लेक्स भवन में इन मामलों की सुनवाई की। जनता दरबार के दौरान तीन मामलों का तत्काल निष्पादन किया गया। इनमें राजस्व, उद्योग और बैंकिंग से संबंधित एक-एक मामला शामिल था। सुनवाई के दौरान शिक्षा से जुड़े नामांकन के दो मामले, अतिक्रमण से संबंधित दो मामले और परिमार्जन का एक मामला सामने आया। इनके अतिरिक्त अन्य कई समस्याएं भी प्रस्तुत की गईं। जिला पदाधिकारी ने भूमि विवाद, दाखिल-खारिज और परिमार्जन से संबंधित मामलों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अंचल पदाधिकारियों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने अवैध कब्जा हटाने के लिए अनुमंडल पदाधिकारी को, शिक्षा संबंधी समस्याओं के समाधान के लिए जिला शिक्षा पदाधिकारी को और अन्य मामलों के लिए संबंधित अधिकारियों को शीघ्र कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इस जनता दरबार में अपर समाहर्ता (राजस्व) अनिल कुमार सिन्हा, अपर समाहर्ता सह जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी राजीव कुमार, अपर समाहर्ता (विभागीय जांच) विनय कुमार सिंह, निदेशक डीआरडीए रोहित कुमार मिश्रा, निदेशक एनईपी सुदर्शन कुमार, जिला पंचायत राज पदाधिकारी सुजीत कुमार, सहायक निदेशक सामाजिक सुरक्षा कोषांग पूनम कुमारी, सहायक निदेशक दिव्यांगजन सशक्तिकरण कोषांग विजेता रंजन, वरीय उप समाहर्ता होमा इरफान, जिला कल्याण पदाधिकारी संजय कुमार और जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (मनरेगा) सहित कई अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। जहानाबाद में 27 अप्रैल 2026 को विभागीय निर्देशानुसार जनता दरबार का आयोजन किया गया। जिला प्रशासन ने आमजनों की समस्याओं की सुनवाई की, जिसमें कुल 12 आवेदन प्राप्त हुए। जिला पदाधिकारी अलंकृता पाण्डेय ने अपने कार्यालय प्रकोष्ठ में और अपर समाहर्ता (राजस्व) अनिल कुमार सिन्हा ने समाहरणालय स्थित ग्राम प्लेक्स भवन में इन मामलों की सुनवाई की। जनता दरबार के दौरान तीन मामलों का तत्काल निष्पादन किया गया। इनमें राजस्व, उद्योग और बैंकिंग से संबंधित एक-एक मामला शामिल था। सुनवाई के दौरान शिक्षा से जुड़े नामांकन के दो मामले, अतिक्रमण से संबंधित दो मामले और परिमार्जन का एक मामला सामने आया। इनके अतिरिक्त अन्य कई समस्याएं भी प्रस्तुत की गईं। जिला पदाधिकारी ने भूमि विवाद, दाखिल-खारिज और परिमार्जन से संबंधित मामलों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अंचल पदाधिकारियों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने अवैध कब्जा हटाने के लिए अनुमंडल पदाधिकारी को, शिक्षा संबंधी समस्याओं के समाधान के लिए जिला शिक्षा पदाधिकारी को और अन्य मामलों के लिए संबंधित अधिकारियों को शीघ्र कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इस जनता दरबार में अपर समाहर्ता (राजस्व) अनिल कुमार सिन्हा, अपर समाहर्ता सह जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी राजीव कुमार, अपर समाहर्ता (विभागीय जांच) विनय कुमार सिंह, निदेशक डीआरडीए रोहित कुमार मिश्रा, निदेशक एनईपी सुदर्शन कुमार, जिला पंचायत राज पदाधिकारी सुजीत कुमार, सहायक निदेशक सामाजिक सुरक्षा कोषांग पूनम कुमारी, सहायक निदेशक दिव्यांगजन सशक्तिकरण कोषांग विजेता रंजन, वरीय उप समाहर्ता होमा इरफान, जिला कल्याण पदाधिकारी संजय कुमार और जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (मनरेगा) सहित कई अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।


