गिरिडीह के मुफ्फसिल थाना क्षेत्र स्थित सीसीएल के कबरीबाद माइंस में गुरुवार सुबह अवैध कोयला कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की गई। सीसीएल प्रबंधन और मुफ्फसिल पुलिस की संयुक्त टीम ने छापेमारी कर तस्करी में इस्तेमाल हो रही 15 से 16 बाइकों को जब्त किया। बताया जा रहा है कि लंबे समय से इस क्षेत्र में अवैध कोयला उत्खनन और तस्करी की शिकायतें मिल रही थीं। छापेमारी के दौरान तस्करों में अफरा-तफरी मच गई। कई लोग मौके से फरार हो गए। कार्रवाई के बाद पूरे इलाके में हड़कंप का माहौल है। रात के अंधेरे में होता था अवैध खनन सीसीएल प्रबंधन के अनुसार, तस्कर रात के अंधेरे का फायदा उठाकर माइंस क्षेत्र में पहुंचते थे। अवैध रूप से कोयला निकालकर बाइकों के जरिए विभिन्न स्थानों तक पहुंचाते थे। परियोजना पदाधिकारी जी.एस. मीणा ने बताया कि इस अवैध गतिविधि के कारण कंपनी के उत्पादन कार्य पर गंभीर असर पड़ रहा है। प्रतिदिन एक रेक कोयला उत्पादन का लक्ष्य निर्धारित है, लेकिन तस्करों की सक्रियता के चलते यह लक्ष्य पूरा नहीं हो पा रहा है। कई बार तस्करों की मौजूदगी के कारण काम बाधित हो जाता है। उत्पादन पूरी तरह ठप होने की स्थिति बन जाती है। तस्करों पर सख्त कार्रवाई की तैयारी छापेमारी के दौरान जब्त की गई सभी बाइकों को मुफ्फसिल थाना भेज दिया गया है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। तस्करी में शामिल लोगों की पहचान की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि चिन्हित तस्करों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। स्थानीय लोगों के अनुसार, क्षेत्र में लंबे समय से अवैध कोयला कारोबार फल-फूल रहा है। इस कार्रवाई से तस्करों के मनोबल पर असर पड़ने की उम्मीद जताई जा रही है। गिरिडीह के मुफ्फसिल थाना क्षेत्र स्थित सीसीएल के कबरीबाद माइंस में गुरुवार सुबह अवैध कोयला कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की गई। सीसीएल प्रबंधन और मुफ्फसिल पुलिस की संयुक्त टीम ने छापेमारी कर तस्करी में इस्तेमाल हो रही 15 से 16 बाइकों को जब्त किया। बताया जा रहा है कि लंबे समय से इस क्षेत्र में अवैध कोयला उत्खनन और तस्करी की शिकायतें मिल रही थीं। छापेमारी के दौरान तस्करों में अफरा-तफरी मच गई। कई लोग मौके से फरार हो गए। कार्रवाई के बाद पूरे इलाके में हड़कंप का माहौल है। रात के अंधेरे में होता था अवैध खनन सीसीएल प्रबंधन के अनुसार, तस्कर रात के अंधेरे का फायदा उठाकर माइंस क्षेत्र में पहुंचते थे। अवैध रूप से कोयला निकालकर बाइकों के जरिए विभिन्न स्थानों तक पहुंचाते थे। परियोजना पदाधिकारी जी.एस. मीणा ने बताया कि इस अवैध गतिविधि के कारण कंपनी के उत्पादन कार्य पर गंभीर असर पड़ रहा है। प्रतिदिन एक रेक कोयला उत्पादन का लक्ष्य निर्धारित है, लेकिन तस्करों की सक्रियता के चलते यह लक्ष्य पूरा नहीं हो पा रहा है। कई बार तस्करों की मौजूदगी के कारण काम बाधित हो जाता है। उत्पादन पूरी तरह ठप होने की स्थिति बन जाती है। तस्करों पर सख्त कार्रवाई की तैयारी छापेमारी के दौरान जब्त की गई सभी बाइकों को मुफ्फसिल थाना भेज दिया गया है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। तस्करी में शामिल लोगों की पहचान की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि चिन्हित तस्करों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। स्थानीय लोगों के अनुसार, क्षेत्र में लंबे समय से अवैध कोयला कारोबार फल-फूल रहा है। इस कार्रवाई से तस्करों के मनोबल पर असर पड़ने की उम्मीद जताई जा रही है।


