Sai Kishore on Gujrat Titans: इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2025 में 15 मैचों में 19 विकेट चटकाकर गुजरात टाइटंस (GT) के हीरो रहे आर साई किशोर को IPL 2026 के शुरुआती मैचों में बाहर बैठना पड़ रहा है। लेकिन 6 फुट 5 इंच लंबे इस स्पिनर के चेहरे पर कोई शिकन नहीं है। उन्होंने साफ कह दिया है कि उनके लिए खुद के प्रदर्शन से ज्यादा टीम की जीत मायने रखती है।
‘टीम हमेशा पहले आती है’
मीडिया को दिए एक खास इंटरव्यू में साई किशोर ने दिल जीतने वाली बात कही। उन्होंने कहा, ‘क्रिकेट कोई इंडिविजुअल (व्यक्तिगत) खेल नहीं है, यह एक टीम खेल है। दिन के अंत में, आप तब जश्न मनाते हैं जब आप ट्रॉफी जीतते हैं या IPL जीतते हैं। इसलिए हर फैसले में टीम हमेशा सबसे ऊपर आती है।’ साई किशोर ने आगे कहा कि वह खुद एक लीडर रहे हैं, इसलिए वह इस बात को किसी और से बेहतर समझते हैं। हालांकि प्लेइंग इलेवन में न होने से थोड़ी निराशा जरूर होती है, लेकिन उन्हें पता है कि जैसे-जैसे पिचें पुरानी होंगी और गर्मी बढ़ेगी, स्पिनर्स का रोल अहम हो जाएगा और उन्हें मौका जरूर मिलेगा।
डेटा नहीं, अपने आप पर है भरोसा
आज के दौर में जहां क्रिकेट आंकड़ों और ‘मैच-अप्स’ का खेल बन चुका है, साई किशोर अपनी ‘इंसटिंक्ट’ (अंतरात्मा की आवाज) पर ज्यादा भरोसा करते हैं। उनका मानना है कि मैदान पर डेटा काम आता है, लेकिन आखिरी फैसला आपके दिमाग और उस पल की फीलिंग का होता है। साई किशोर ने इंटरव्यू में बड़ी बातें कही। साई ने बताया कि गुजरात टाइटंस ने उन्हें साफ कहा है कि उनका काम कप्तान को कंट्रोल देना है। जब रोल साफ होता है, तो परफॉर्म करना आसान हो जाता है।
ऑल राउंडर बनने की तैयारी
भारतीय टीम में दोबारा जगह बनाने के लिए साई किशोर अपनी फील्डिंग और बैटिंग पर भी कड़ी मेहनत कर रहे हैं। उनका कहना है कि भारत में खेलने के लिए आपको तीनों डिपार्टमेंट में बेस्ट होना पड़ता है। फिर उन्होंने बहुत ही खूबसूरत बात कही, ‘मुझे बस अपने बगीचे को सुंदर बनाना है (अपनी स्किल सुधारनी है)। जब आप पूरी तरह तैयार होते हैं, तो मौका अपने आप आपके पास आता है।’


