गयाजी केंद्रीय मंत्री जीतनराम मांझी ने ‘सांसद जन उद्यम खेल-सांस्कृतिक महोत्सव 2026’ का उद्घाटन किया। गांधी मैदान में फीता काटकर और दीप प्रज्वलित कर इस महोत्सव की शुरुआत हुई। आयोजन 20 से 25 अप्रैल तक होगा। जिसमें प्रतिदिन सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक अलग-अलग खेल और सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे। केंद्रीय मंत्री ने अपने संबोधन के दौरान बिहार में शराबबंदी के मुद्दे पर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि सरकार को ऐसे निर्णय लेने चाहिए, जिनसे जनता को किसी प्रकार की परेशानी न हो। इस विषय पर सभी पक्षों को ध्यान में रखते हुए संतुलित निर्णय लेना आवश्यक है, ताकि न तो जन-जीवन प्रभावित हो और न ही आर्थिक नुकसान हो। महिला आरक्षण के मुद्दे पर कहा कि विपक्षी दलों की ओर से अपनाए गए रवैये से जनता में असंतोष है। विशेष रूप से महिलाओं में इस मुद्दे को लेकर नाराजगी देखी जा रही है, जिसका सीधा लाभ राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) को मिल सकता है। पश्चिम बंगाल में इस बार राजनीतिक स्थिति में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। नीतीश कुमार की तारीफ जीतनराम मांझी ने महिला सशक्तिकरण पर बिहार के पूर्व सीएम मुख्यमंत्री नीतीश की सराहना की है। उन्होंने कहा कि साइकिल योजना, पोशाक योजना और महिलाओं को दिए गए आरक्षण जैसे कदम ने राज्य में महिलाओं की स्थिति को मजबूत किया है। इन योजनाओं के कारण महिलाओं का सरकार पर विश्वास बढ़ा है। विकास के साथ जुड़ रही हैं। पीएम नरेंद्र मोदी का श्रेय उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री जीतनराम मांझी ने कहा कि गयाजी जिले के इतिहास में ऐसा आयोजन पहली बार हो रहा है। इसे युवाओं के लिए प्रेरणा मंच बताया, जहां वे खेल, संस्कृति, अनुशासन और आत्मनिर्भरता सीखेंगे। मांझी ने इस आयोजन का श्रेय प्रधानमंत्री के नेतृत्व और प्रेरणा को दिया। आत्मनिर्भर बनने का आह्वान युवाओं से आत्मनिर्भर बनने का आह्वान कहा कि अगर प्रत्येक व्यक्ति स्वयं आगे बढ़े और कम से कम 50 लोगों को रोजगार दे, तो बेरोजगारी की समस्या कम हो सकती है। महोत्सव में खेल प्रतियोगिताओं के साथ-साथ सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। आयोजकों के अनुसार, यह स्थानीय कलाकारों, खिलाड़ियों और युवाओं को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर देगा। इसके अतिरिक्त, सामाजिक और शैक्षणिक गतिविधियों के माध्यम से जागरूकता बढ़ाने का भी प्रयास किया जाएगा।महोत्सव के पहले दिन बड़ी संख्या में स्थानीय लोग, युवा और विभिन्न क्षेत्रों के प्रतिभागी गांधी मैदान में मौजूद रहे। पूरे परिसर में उत्साह और उमंग का माहौल देखने को मिला। गयाजी केंद्रीय मंत्री जीतनराम मांझी ने ‘सांसद जन उद्यम खेल-सांस्कृतिक महोत्सव 2026’ का उद्घाटन किया। गांधी मैदान में फीता काटकर और दीप प्रज्वलित कर इस महोत्सव की शुरुआत हुई। आयोजन 20 से 25 अप्रैल तक होगा। जिसमें प्रतिदिन सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक अलग-अलग खेल और सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे। केंद्रीय मंत्री ने अपने संबोधन के दौरान बिहार में शराबबंदी के मुद्दे पर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि सरकार को ऐसे निर्णय लेने चाहिए, जिनसे जनता को किसी प्रकार की परेशानी न हो। इस विषय पर सभी पक्षों को ध्यान में रखते हुए संतुलित निर्णय लेना आवश्यक है, ताकि न तो जन-जीवन प्रभावित हो और न ही आर्थिक नुकसान हो। महिला आरक्षण के मुद्दे पर कहा कि विपक्षी दलों की ओर से अपनाए गए रवैये से जनता में असंतोष है। विशेष रूप से महिलाओं में इस मुद्दे को लेकर नाराजगी देखी जा रही है, जिसका सीधा लाभ राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) को मिल सकता है। पश्चिम बंगाल में इस बार राजनीतिक स्थिति में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। नीतीश कुमार की तारीफ जीतनराम मांझी ने महिला सशक्तिकरण पर बिहार के पूर्व सीएम मुख्यमंत्री नीतीश की सराहना की है। उन्होंने कहा कि साइकिल योजना, पोशाक योजना और महिलाओं को दिए गए आरक्षण जैसे कदम ने राज्य में महिलाओं की स्थिति को मजबूत किया है। इन योजनाओं के कारण महिलाओं का सरकार पर विश्वास बढ़ा है। विकास के साथ जुड़ रही हैं। पीएम नरेंद्र मोदी का श्रेय उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री जीतनराम मांझी ने कहा कि गयाजी जिले के इतिहास में ऐसा आयोजन पहली बार हो रहा है। इसे युवाओं के लिए प्रेरणा मंच बताया, जहां वे खेल, संस्कृति, अनुशासन और आत्मनिर्भरता सीखेंगे। मांझी ने इस आयोजन का श्रेय प्रधानमंत्री के नेतृत्व और प्रेरणा को दिया। आत्मनिर्भर बनने का आह्वान युवाओं से आत्मनिर्भर बनने का आह्वान कहा कि अगर प्रत्येक व्यक्ति स्वयं आगे बढ़े और कम से कम 50 लोगों को रोजगार दे, तो बेरोजगारी की समस्या कम हो सकती है। महोत्सव में खेल प्रतियोगिताओं के साथ-साथ सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। आयोजकों के अनुसार, यह स्थानीय कलाकारों, खिलाड़ियों और युवाओं को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर देगा। इसके अतिरिक्त, सामाजिक और शैक्षणिक गतिविधियों के माध्यम से जागरूकता बढ़ाने का भी प्रयास किया जाएगा।महोत्सव के पहले दिन बड़ी संख्या में स्थानीय लोग, युवा और विभिन्न क्षेत्रों के प्रतिभागी गांधी मैदान में मौजूद रहे। पूरे परिसर में उत्साह और उमंग का माहौल देखने को मिला।


