बरेली में दो दिनों से लापता 9वीं क्लास के छात्र का शव गुरुवार रात रेलवे कालोनी के खंडहरनुमा घर में फांसी के फंदे पर लटका मिला। छात्र के चाचा शिशुपाल, जो खुद पेशे से वकील हैं, ने घटनास्थल की स्थिति पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि जिस जगह शव मिला, वहां काफी जाला लगा हुआ था और स्लैब पर धूल जमा थी। अगर आलोक खुद वहां गया होता, तो जाले हटे होते और धूल पर पैरों के निशान होते। इसी आधार पर परिवार ने अंदेशा जताया है कि किसी ने हत्या करके शव को वहां लटकाया है। स्कूल टीचर पर प्रताड़ना का आरोप
यह मामला बरेली के इज्जतनगर थाना क्षेत्र का है। न्यू मॉडल रेलवे कॉलोनी में रहने वाला 15 वर्षीय आलोक विराट केंद्रीय विद्यालय IVRI में कक्षा 9 का छात्र था। वह हाल ही में परीक्षा में फेल हो गया था, जिसके बाद से वह काफी तनाव में था। परिजनों ने स्कूल के क्लास टीचर पर आलोक को मानसिक रूप से प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि इसी परेशानी की वजह से वह दो दिन पहले घर से कहीं चला गया था। अधिवक्ता पिता ने दर्ज कराई थी रिपोर्ट
आलोक के पिता मुरारी लाल पेशे से वकील हैं। बेटे के अचानक गायब होने पर उन्होंने इज्जतनगर थाने में उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए छात्र की तलाश के लिए दो टीमें भी बनाई थीं। गुरुवार शाम को स्थानीय लोगों ने रेलवे कॉलोनी के एक जर्जर मकान में शव लटका देखा, जिसकी पहचान आलोक के रूप में हुई। सूचना मिलते ही पुलिस और परिवार के लोग मौके पर पहुंच गए। पुलिस की शुरुआती जांच और पोस्टमार्टम
एसपी सिटी मानुष पारीक ने बताया कि प्रथम दृष्टया यह मामला आत्महत्या का लग रहा है क्योंकि छात्र परीक्षा में असफल होने के कारण डिप्रेशन में था। हालांकि, पुलिस हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही है। परिजनों ने जो हत्या की आशंका और टीचर पर प्रताड़ना के आरोप लगाए हैं, उन्हें भी जांच के दायरे में रखा गया है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है, जिसकी रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की असल वजह साफ हो पाएगी।


