इजराइल ने ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) की इंटेलिजेंस ऑर्गनाइजेशन के प्रमुख मेजर जनरल माजिद खादेमी को मार गिराया है। इस हमले के बाद इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने सोमवार को एक बड़ा बयान जारी किया है।
नेतन्याहू ने इजराइल के दुश्मनों को एक कड़ी चेतावनी दी है। अपने एक्स पोस्ट में नेतन्याहू ने ईरान में इजराइली सेना के ताजा हमलों की सराहना की।
इसके साथ ही उन्होंने कहा कि जो कोई भी इजराइल और उसके नागरिकों को नुकसान पहुंचाने की कोशिश करेगा, उसे इसके गंभीर परिणाम भुगतने होंगे।
नेतन्याहू ने दे डाली सीधी धमकी
इजराइली पीएम ने एक्स पोस्ट में कहा- जो कोई भी हमारे नागरिकों की हत्या करने की कोशिश करेगा, जो कोई भी इजराइली राज्य के खिलाफ आतंकवाद को बढ़ावा देगा, जो कोई भी ईरानी बुराई की धुरी बनाएगा, उनकी मौत की जिम्मेदारी उन्हीं के सिर होगी।
नेतन्याहू ने आगे कहा- हम पूरी ताकत और दृढ़ संकल्प के साथ काम कर रहे हैं. जो कोई भी हमें नुकसान पहुंचाना चाहेगा, हम उस तक पहुंचेंगे।
पूरी ताकत के साथ आगे बढ़ते रहेंगे- नेतन्याहू
इजराइली पीएम ने कहा- हम सभी मोर्चों पर पूरी ताकत के साथ आगे बढ़ते रहेंगे, जब तक कि खतरा पूरी तरह खत्म नहीं हो जाता और युद्ध के सभी लक्ष्य हासिल नहीं हो जाते।
इससे पहले दिन में, इजराइली सेना ने टेलीग्राम पर जारी एक बयान में कहा कि ईरानी सेना के सबसे वरिष्ठ कमांडरों में से एक माजिद खादेमी को रविवार रात तेहरान में इजराइली वायु सेना के एक सटीक हमले में मार गिराया गया।
इजराइली सेना ने क्या कहा?
इजराइली सेना के अनुसार, खादेमी ने हाल ही में ब्रिगेडियर जनरल मोहम्मद काजेमी के ‘ऑपरेशन राइजिंग लायन’ में मारे जाने के बाद यह पद संभाला था।
वह ईरानी शासन के शीर्ष नेतृत्व के लिए खुफिया जानकारी जुटाने और इजराइल और अमेरिकी नागरिकों के खिलाफ आतंकवादी गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए जिम्मेदार था।
ईरान का एक और कमांडर ढ़ेर
वहीं, एक अलग बयान में इजराइली सेना ने यह भी पुष्टि की कि कुद्स फोर्स की स्पेशल ऑपरेशंस यूनिट 840 के कमांडर असगर बाघेरी भी इस ऑपरेशन में मारे गए।
बाघेरी ने दुनिया भर में इजराइली और अमेरिकी ठिकानों के खिलाफ कई हमलों की साजिश रची थी. उसने इजराइल, सीरिया तथा लेबनान के भीतर भी अभियानों की योजना बनाई थी।
उसकी यूनिट ने सीरिया-इजराइल सीमा पर इजराइल के सैनिकों को निशाना बनाया था और ईरान से इजराइल में हथियारों की तस्करी में मदद की थी।


