ट्रैक्टर चालक को 10 साल की जेल:अजीतमल के 11 साल पुराने मामले में आया फैसला, सिपाही की हुई थी मौत

ट्रैक्टर चालक को 10 साल की जेल:अजीतमल के 11 साल पुराने मामले में आया फैसला, सिपाही की हुई थी मौत

औरैया के अजीतमल थाना क्षेत्र में 11 साल पुराने सड़क दुर्घटना मामले में न्यायालय ने फैसला सुनाया है। अपर सत्र न्यायाधीश महेश कुमार ने सिपाही की मौत के दोषी लापरवाह ट्रैक्टर चालक कमल सिंह निवासी बीसलपुर को दस वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई। उस पर 1.10 लाख रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी कर रहे सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता अरविंद कुमार राजपूत ने बताया कि यह घटना 10 मार्च 2015 की है।उस दिन पुलिस चौकी अटसू के सहायक उपनिरीक्षक साधो सिंह अपने हमराही कांस्टेबल प्रमोद कुमार और नरेंद्र सिंह के साथ बल्लापुर ग्राम से पहले ब्रह्मदेव थान के पास चेकिंग कर रहे थे। चेकिंग के दौरान एक टेंपो वहां आकर रुका और उसका चालक शौच के लिए चला गया। l इसी बीच ट्रैक्टर चालक कमल सिंह ने तेजी और लापरवाही से वाहन चलाते हुए सड़क किनारे खड़े सिपाही प्रमोद कुमार और नरेंद्र सिंह को टक्कर मार दी। टक्कर के बाद वह ट्रैक्टर लेकर भागने लगा। इस दुर्घटना में दोनों सिपाही गंभीर रूप से घायल हो गए।उन्हें तुरंत सरकारी अस्पताल अजीतमल ले जाया गया, जहां कांस्टेबल नरेंद्र सिंह को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। सिपाही प्रमोद कुमार की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें सैफई रेफर कर दिया गया। टक्कर से सड़क किनारे खड़ा टेंपो भी क्षतिग्रस्त हो गया था।दरोगा की तहरीर पर थाना अजीतमल में कमल सिंह के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई थी। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। मुकदमे का विचारण अपर सत्र न्यायाधीश महेश कुमार की अदालत में हुआ। मंगलवार को इस मामले में फैसला सुनाया गया।अभियोजन पक्ष ने इसे गैर इरादतन हत्या का गंभीर मामला बताते हुए दोषी को कड़ी सजा देने की बहस की,जबकि बचाव पक्ष ने रहम की याचना की।न्यायालय ने आदेश दिया कि यदि दोषी अर्थदंड अदा नहीं करता है,तो उसे अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। वरिष्ठ अधिवक्ता महावीर शर्मा के अनुसार, कोर्ट ने जमा कराई गई अर्थदंड की 25 प्रतिशत धनराशि घायल सिपाही प्रमोद कुमार को और 25 प्रतिशत मृतक सिपाही नरेंद्र सिंह की पत्नी को अदा करने का आदेश दिया है। lदोषी कमल सिंह को जिला कारागार इटावा भेज दिया गया है।

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