युद्ध और टैरिफ वॉर के बीच तेल कंपनियों ने एक बार फिर घरेलू एलपीजी सिलेंडर के भाव में 60 रुपए की बढ़ोतरी की है। इसका असर खंडवा में 3 लाख 20 उपभोक्ताओं की जेब पर पड़ेगा। बढ़े भाव के हिसाब से यदि शत प्रतिशत उपभोक्ता रिफिल कराते हैं तो जेब पर एक करोड़ 92 लाख रुपए का बोझ बढ़ेगा। इसमें अब तक बुकिंग कराने वाले करीब 20 हजार उपभोक्ताओं की जेब पर 12 लाख रुपए बोझ बढ़ा है।
मार्च में 60 रुपए बढ़ा सिलेंडर का भाव
घरेलू गैस सिलेंडर के भाव बीते सितंबर-अक्टूबर माह में 50 रुपए बढ़े थे। तब 850 रुपए में बुकिंग हुई। जनवरी, फरवरी में भाव बढ़ने के बाद 900 रुपए हुए। और एक बार फिर कंपनियों ने 7 मार्च को घरेलू एलपीजी (14.02 किलोग्राम ) की कीमत 60 रुपए बढ़ाई है। अब 960 रुपए 50 पैसे में बुकिंग होगी। इस पर सिलेंडर के बढ़े भाव को लेकर उपभोक्ता पश्चिमी देशों में युद्ध से जोड़कर देख रहे हैं। जबकि अधिकारियों का तर्क है कि ये बढ़ोतरी सामान्य है।
भुगतान को लेकर असमंजस में उपभोक्ता
गैस सिलेंडर के भाव अचानक बढ़ने से एक से तीन दिन तक पहले ऑनलाइन बुकिंग करने वाले उपभोक्ता भुगतान को लेकर असमंजस में हैं। उपभोक्ताओं का कहना है कि भाव 7 मार्च को बढ़े हैं। उन्होंने बुकिंग 5 और 6 को किया है। अभी सिलेंडर नहीं मिले हैं। अब 60 रुपए भाव बढ़ गए हैं। ऐसे में भुगतान को लेकर स्थित साफ नहीं हैं। गैस एजेंसी वाले मनमानी वसूल करेंगे।
ऐसे समझें जेब पर बोझ
खंडवा में 3 लाख 20 हजार उपभोक्ता हैं। मार्च माह में यदि सभी उपभोक्ता गैस रिफिल कराते हैं तो जेब पर बढ़े भाव 60 रुपए के हिसाब से एक करोड़ 92 लाख रुपए अधिक बोझ पड़ेगा।
फैक्ट फाइल
3,20,934 कुल परिवार
3,00,215 कुल उपभोक्ता
1,96,026 पीएम उज्ज्वला कनेक्शन
इनका कहना : राहुल चंदेल, सेल्स अधिकारी, खंडवा
सिलेंडर की आपूर्ति जिस दिन घर पर होगी। उस तिथि पर निर्धारित भाव के तहत भुगतान करने का नियम है। 7 मार्च से 60 रुपए भाव बढ़ गए हैं। नियम के तहत अब उपभोक्ताओं को रेट ऑफ डिलेवरी का भुगतान करना होगा। तीन कंपनियों के अलग-अलग बुकिंग होती है। बुकिंग स्टेटस देखने के बाद बताएंगे।


