अग्निशमन विभाग में आईजी के पद पर तैनात एम सुनील नायक को आंध्र प्रदेश हाई कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। कोर्ट ने उनकी गिरफ्तारी पर रोक लगा दिया है। अब इस मामले की अगली सुनवाई 9 मार्च को होगी। एम सुनील नायक की ओर से आंध्र प्रदेश हाई कोर्ट में गिरफ्तारी पर रोक लगाने के लिए अर्जी लगाई गई थी। फिलहाल एम सुनील नायक बिहार में हैं। हाई वोल्टेज ड्रामा पिछले सप्ताह आंध्र प्रदेश की पुलिस आईजीएम सुनील नायक को अरेस्ट करने उनके सरकारी आवास पर पहुंच गई थी अरेस्ट करके ट्रांजिट रिमांड के लिए सिविल कोर्ट पटना लेकर पहुंची। इस ACJM 12 के कोर्ट में सुनवाई हुई। हालांकि आधे अधूरे डॉक्यूमेंट के चलते कोर्ट ने ट्रांजिट रिमांड खारिज कर दिया। इसके बाद आंध्र पुलिस को बैरंग यहां से लौटना पड़ा। आंध्र पुलिस के पास ना वारंट था और ना ही डायरी पूरी थी। गिरफ्तारी के दौरान हाई वोल्टेज ड्रामा भी चला। आईजी एम सुनील नायक की और से पटना सिविल कोर्ट में ट्रांजिट जमानत की अर्जी लगाई गई थी। इस मामले में जिला एवं सत्र न्यायाधीश रूपेश देव की कोर्ट में सुनवाई होनी थी। लेकिन आज आईजी के अधिवक्ता ने कोर्ट में ट्रांजिट अग्रिम जमानत वापस लेने की प्रार्थना की। इसमें कोर्ट को बताया गया कि मामला आंध्र प्रदेश हाई कोर्ट में चल रहा है। जमानत पर सुनवाई होनी है। इसीलिए प्रस्तुत जमानत याचिका वापस ले रहे हैं। अग्निशमन विभाग में आईजी के पद पर तैनात एम सुनील नायक को आंध्र प्रदेश हाई कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। कोर्ट ने उनकी गिरफ्तारी पर रोक लगा दिया है। अब इस मामले की अगली सुनवाई 9 मार्च को होगी। एम सुनील नायक की ओर से आंध्र प्रदेश हाई कोर्ट में गिरफ्तारी पर रोक लगाने के लिए अर्जी लगाई गई थी। फिलहाल एम सुनील नायक बिहार में हैं। हाई वोल्टेज ड्रामा पिछले सप्ताह आंध्र प्रदेश की पुलिस आईजीएम सुनील नायक को अरेस्ट करने उनके सरकारी आवास पर पहुंच गई थी अरेस्ट करके ट्रांजिट रिमांड के लिए सिविल कोर्ट पटना लेकर पहुंची। इस ACJM 12 के कोर्ट में सुनवाई हुई। हालांकि आधे अधूरे डॉक्यूमेंट के चलते कोर्ट ने ट्रांजिट रिमांड खारिज कर दिया। इसके बाद आंध्र पुलिस को बैरंग यहां से लौटना पड़ा। आंध्र पुलिस के पास ना वारंट था और ना ही डायरी पूरी थी। गिरफ्तारी के दौरान हाई वोल्टेज ड्रामा भी चला। आईजी एम सुनील नायक की और से पटना सिविल कोर्ट में ट्रांजिट जमानत की अर्जी लगाई गई थी। इस मामले में जिला एवं सत्र न्यायाधीश रूपेश देव की कोर्ट में सुनवाई होनी थी। लेकिन आज आईजी के अधिवक्ता ने कोर्ट में ट्रांजिट अग्रिम जमानत वापस लेने की प्रार्थना की। इसमें कोर्ट को बताया गया कि मामला आंध्र प्रदेश हाई कोर्ट में चल रहा है। जमानत पर सुनवाई होनी है। इसीलिए प्रस्तुत जमानत याचिका वापस ले रहे हैं।


