पटना महाविर मंदिर के पास से 3 साल की बच्ची अंशु कुमारी 4 अप्रैल को लापता हुई थी। उसका आज तक पता नहीं चला है। अंशु मां के साथ शाम में करीब 6 बजे हनुमान मंदिर में पूजा के लिए गई थी। बच्ची की नानी मीना देवी कहती हैं कि मदद मांगने के लिए 4 बार जीआरपी थाने गई और 3 से अधिक बार कोतवाली थाने गई, पर आवेदन नहीं लिया गया। 15 दिन से परिजन बच्ची की तलाश के लिए भटक रहे हैं। कोतवाली थाने में गुमशुदगी से संबंधित एविडेंस मांगे गए, पर मेरे पास आवेदन के अलावा कुछ नहीं था। इस कारण पुलिस वालों ने लौटा दिया। इसलिए हमलोगों ने इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) को आवेदन देकर सीसीटीवी उपलब्ध कराने को कहा है। ये काम तो पुलिस को करनी चाहिए, पर हमें कहा जा रहा है। वहीं, दूसरी तरफ बेटी के लापता होने के बाद से मां की तबीयत खराब है। वे इस वक्त सदमें में हैं। लापता रुखसार कोतवाली इलाके के कमला नेहरू नगर की रहने वाली है। 4 अप्रैल को काफी खोजा, पर नहीं मिली बच्ची बच्ची की नानी कहती हैं कि 4 अप्रैल को जब मेरी बेटी नीतू घर लौटी तब उसके साथ नतनी अंशु नहीं थी। वो डर के मारे मुझे कुछ नहीं बता रही थी। काफी देर तक नतनी नहीं दिखी तो मैंने नीतू से पूछा कि अंशु कहां है। जिसके बाद नीतू ने मुझे बताया कि मंदिर के पास बच्ची कहीं लापता हो गई। मैंने उसे बहुत खोजा पर वो नहीं मिली। उसके बाद से नीतू बीमार रह रही है। बच्ची के लापता होने के गम में कुछ नहीं बोल रही है। उसकी बेटी उसे मिल जाएगी तो वो भी ठीक हो जाएगी। मैं प्लास्टिक बेचने का काम करती हूं। महिला सिपाही के साथ थाने गए, तब आवेदन लिया बच्ची की नानी मीना देवी कहती है कि शनिवार को भी हम थाने में आवेदन देने के लिए भटक रहे थे। रास्ते में हमें एक महिला सिपाही मिली। हमने उसे अपनी परेशानी बताई, जिसके बाद उसने हमारी मदद की। महिला सिपाही के साथ हम कोतवाली थाने गए। वहां उसकी मदद से पुलिस ने हमारा आवेदन लिया। बच्ची की नानी मीना देवी कहती हैं कि मेरे दामाद की मौत हो चुकी है। सड़क हादसे में उनकी जान चली गई थी। उसके बाद से मेरी बेट नीतू अपनी बच्ची के साथ मेरे पास ही रहती है। नीतू ही घर संभाल रही है।
पिछले साल गायब हुई बच्ची आज तक नहीं मिली इसी तरीके से कोतवाली थाना क्षेत्र के कमला नेहरू नगर से 8 नवंबर 2024 को 3 साल की बच्ची रुखसार गुमशुदा हो गई थी। इसके बारे में आज तक पटना पुलिस पता नहीं लगा पाई। पिता अज्जू ने हाई कोर्ट तक का दरवाजा खटखटाया, लेकिन अभी भी न्याय की उम्मीद में पटना पुलिस और कोर्ट का चक्कर लगा रहे हैं। पटना महाविर मंदिर के पास से 3 साल की बच्ची अंशु कुमारी 4 अप्रैल को लापता हुई थी। उसका आज तक पता नहीं चला है। अंशु मां के साथ शाम में करीब 6 बजे हनुमान मंदिर में पूजा के लिए गई थी। बच्ची की नानी मीना देवी कहती हैं कि मदद मांगने के लिए 4 बार जीआरपी थाने गई और 3 से अधिक बार कोतवाली थाने गई, पर आवेदन नहीं लिया गया। 15 दिन से परिजन बच्ची की तलाश के लिए भटक रहे हैं। कोतवाली थाने में गुमशुदगी से संबंधित एविडेंस मांगे गए, पर मेरे पास आवेदन के अलावा कुछ नहीं था। इस कारण पुलिस वालों ने लौटा दिया। इसलिए हमलोगों ने इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) को आवेदन देकर सीसीटीवी उपलब्ध कराने को कहा है। ये काम तो पुलिस को करनी चाहिए, पर हमें कहा जा रहा है। वहीं, दूसरी तरफ बेटी के लापता होने के बाद से मां की तबीयत खराब है। वे इस वक्त सदमें में हैं। लापता रुखसार कोतवाली इलाके के कमला नेहरू नगर की रहने वाली है। 4 अप्रैल को काफी खोजा, पर नहीं मिली बच्ची बच्ची की नानी कहती हैं कि 4 अप्रैल को जब मेरी बेटी नीतू घर लौटी तब उसके साथ नतनी अंशु नहीं थी। वो डर के मारे मुझे कुछ नहीं बता रही थी। काफी देर तक नतनी नहीं दिखी तो मैंने नीतू से पूछा कि अंशु कहां है। जिसके बाद नीतू ने मुझे बताया कि मंदिर के पास बच्ची कहीं लापता हो गई। मैंने उसे बहुत खोजा पर वो नहीं मिली। उसके बाद से नीतू बीमार रह रही है। बच्ची के लापता होने के गम में कुछ नहीं बोल रही है। उसकी बेटी उसे मिल जाएगी तो वो भी ठीक हो जाएगी। मैं प्लास्टिक बेचने का काम करती हूं। महिला सिपाही के साथ थाने गए, तब आवेदन लिया बच्ची की नानी मीना देवी कहती है कि शनिवार को भी हम थाने में आवेदन देने के लिए भटक रहे थे। रास्ते में हमें एक महिला सिपाही मिली। हमने उसे अपनी परेशानी बताई, जिसके बाद उसने हमारी मदद की। महिला सिपाही के साथ हम कोतवाली थाने गए। वहां उसकी मदद से पुलिस ने हमारा आवेदन लिया। बच्ची की नानी मीना देवी कहती हैं कि मेरे दामाद की मौत हो चुकी है। सड़क हादसे में उनकी जान चली गई थी। उसके बाद से मेरी बेट नीतू अपनी बच्ची के साथ मेरे पास ही रहती है। नीतू ही घर संभाल रही है।
पिछले साल गायब हुई बच्ची आज तक नहीं मिली इसी तरीके से कोतवाली थाना क्षेत्र के कमला नेहरू नगर से 8 नवंबर 2024 को 3 साल की बच्ची रुखसार गुमशुदा हो गई थी। इसके बारे में आज तक पटना पुलिस पता नहीं लगा पाई। पिता अज्जू ने हाई कोर्ट तक का दरवाजा खटखटाया, लेकिन अभी भी न्याय की उम्मीद में पटना पुलिस और कोर्ट का चक्कर लगा रहे हैं।


