जमुई में सहायक शिक्षा विकास पदाधिकारी (एडीईओ) प्रतियोगिता परीक्षा बुधवार को दूसरे दिन भी शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। बिहार लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित इस परीक्षा में उपस्थित परीक्षार्थियों की तुलना में अनुपस्थित परीक्षार्थियों की संख्या अधिक रही। जिले के 14 परीक्षा केंद्रों पर यह परीक्षा कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच एक ही पाली में आयोजित की गई। जिला प्रशासन ने कदाचारमुक्त और सुव्यवस्थित संचालन सुनिश्चित करने के लिए व्यापक इंतजाम किए थे। प्रशासनिक अधिकारियों ने लगातार निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया सभी केंद्रों पर सुरक्षाकर्मी तैनात थे और प्रशासनिक अधिकारियों ने लगातार निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। अभ्यर्थियों को सुबह 9:00 बजे से पहले कड़ी जांच के बाद ही केंद्र में प्रवेश दिया गया। निर्धारित समय के बाद पहुंचने वाले अभ्यर्थियों को प्रवेश नहीं मिला। केवल प्रवेश पत्र के साथ ही अंदर जाने की अनुमति थी, अन्य आपत्तिजनक सामग्री पर पूर्ण प्रतिबंध था। कुल 4968 परीक्षार्थियों को परीक्षा में शामिल होना था जिला शिक्षा कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, कुल 4968 परीक्षार्थियों को परीक्षा में शामिल होना था। दूसरे दिन की परीक्षा में 2002 परीक्षार्थी उपस्थित हुए, जबकि 2966 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। परीक्षा का संचालन कदाचारमुक्त और शांतिपूर्ण माहौल में हुआ। दूसरे दिन भी किसी भी परीक्षार्थी को परीक्षा से निष्कासित नहीं किया गया। जमुई में सहायक शिक्षा विकास पदाधिकारी (एडीईओ) प्रतियोगिता परीक्षा बुधवार को दूसरे दिन भी शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। बिहार लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित इस परीक्षा में उपस्थित परीक्षार्थियों की तुलना में अनुपस्थित परीक्षार्थियों की संख्या अधिक रही। जिले के 14 परीक्षा केंद्रों पर यह परीक्षा कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच एक ही पाली में आयोजित की गई। जिला प्रशासन ने कदाचारमुक्त और सुव्यवस्थित संचालन सुनिश्चित करने के लिए व्यापक इंतजाम किए थे। प्रशासनिक अधिकारियों ने लगातार निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया सभी केंद्रों पर सुरक्षाकर्मी तैनात थे और प्रशासनिक अधिकारियों ने लगातार निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। अभ्यर्थियों को सुबह 9:00 बजे से पहले कड़ी जांच के बाद ही केंद्र में प्रवेश दिया गया। निर्धारित समय के बाद पहुंचने वाले अभ्यर्थियों को प्रवेश नहीं मिला। केवल प्रवेश पत्र के साथ ही अंदर जाने की अनुमति थी, अन्य आपत्तिजनक सामग्री पर पूर्ण प्रतिबंध था। कुल 4968 परीक्षार्थियों को परीक्षा में शामिल होना था जिला शिक्षा कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, कुल 4968 परीक्षार्थियों को परीक्षा में शामिल होना था। दूसरे दिन की परीक्षा में 2002 परीक्षार्थी उपस्थित हुए, जबकि 2966 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। परीक्षा का संचालन कदाचारमुक्त और शांतिपूर्ण माहौल में हुआ। दूसरे दिन भी किसी भी परीक्षार्थी को परीक्षा से निष्कासित नहीं किया गया।


