बंशीवाला के हरियाली श्रृंगार के दर्शन को उमड़े श्रद्धालु, नर्मदेश्वर महादेव मंदिर में उज्जैन महाकाल की तर्ज पर हुई विशेष महाआरती
नागौर. हरियाली अमावस्या बुधवार को शहर में श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाई गई। इस अवसर पर मंदिरों में विशेष पूजा-अर्चना और धार्मिक आयोजन हुए। बंशीवाला मंदिर में भगवान बंशीवाला का हरियाली से विशेष श्रृंगार किया गया। वहीं गिनाणी तालाब स्थित श्री नर्मदेश्वर महादेव मंदिर में भगवान शिव का सहस्त्रधार अभिषेक और विशेष महाआरती आयोजित की गई। दोनों मंदिरों में दिनभर श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रही।
हरियाली रंग में सजे बंशीवाला
हरियाली अमावस्या पर बंशीवाला मंदिर में भगवान बंशीवाला को पूरी तरह हरियाली के रंग में सजाया गया। भगवान के चारों ओर हरियाली और पुष्पों से विशेष सजावट की गई। आकर्षक श्रृंगार में सजे बंशीवाला के दर्शन के लिए श्रद्धालु मंदिर पहुंचते रहे। भक्तों ने भगवान को प्रसाद अर्पित कर मनमोहक श्रृंगारित स्वरूप के दर्शन किए। हरियाली अमावस्या से भगवान बंशीवाला के हिंडोला उत्सव की शुरुआत हुई। अब आगामी 15 दिनों तक बंशीवाला हिंडोले में झूलेंगे। इस दौरान श्रद्धालु भगवान के हिंडोला स्वरूप के दर्शन कर सकेंगे। मंदिर में इस परंपरा को लेकर श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह नजर आया।
नर्मदेश्वर महादेव का सहस्त्रधार अभिषेक
गिनाणी तालाब स्थित श्री नर्मदेश्वर महादेव मंदिर में हरियाली अमावस्या के अवसर पर भगवान भोलेनाथ का सहस्त्रधार अभिषेक किया गया। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने इसमें भाग लिया। भक्तों ने जल, दूध और अन्य पूजन सामग्री से भगवान शिव का विधिवत अभिषेक कर पूजा-अर्चना की। सहस्त्रधार अभिषेक के बाद संजना सोनी ने भगवान महादेव का विशेष श्रृंगार किया। आकर्षक पुष्प सज्जा और मनमोहक श्रृंगार से मंदिर में भगवान का दिव्य स्वरूप नजर आया। श्रृंगारित स्वरूप के दर्शन कर श्रद्धालु भावविभोर हो उठे। मंदिर परिसर पूरे दिन शिवभक्ति और धार्मिक उल्लास से सराबोर रहा। शाम को उज्जैन के श्री महाकाल मंदिर की तर्ज पर विशेष महाआरती का आयोजन किया गया। महाआरती के दौरान हर-हर महादेव के जयघोष, घंटा-घडिय़ाल, शंखध्वनि और भक्ति संगीत से मंदिर परिसर गूंज उठा। इस मौके पर नागौर शहर सहित आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। भक्तों ने भगवान महादेव से सुख, समृद्धि, आरोग्य और विश्व कल्याण की कामना की। हरियाली अमावस्या पर हुए विशेष श्रृंगार, सहस्त्रधार अभिषेक और महाआरती ने शहर के धार्मिक वातावरण को भक्तिमय बना दिया।
नागौर. हरियाली के रंग में रंगे बंशीवाला


