हजारीबाग में दुर्गापूजा के दौरान भक्ति और कला का अनूठा संगम देखने को मिल रहा है। मटवारी स्थित गांधी मैदान में शिव शक्ति दुर्गा पूजा समिति का भव्य पंडाल श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बना है। इसे कर्नाटक के मैसूर स्थित प्रसिद्ध ललित महल पैलेस की तर्ज पर तैयार किया गया है। पंडाल की भव्य बनावट लोगों को आकर्षित कर रही है। इसकी खूबसूरती देखने के लिए शहर के अलग-अलग इलाकों से लोग पहुंच रहे हैं। पंडाल को इस तरह सजाया गया है कि यह दूर से ही महल जैसा नजर आता है। दुर्गापूजा के अवसर पर समिति ने लोगों को एक अलग अनुभव देने की कोशिश की है। 80 फीट ऊंचा और 120 फीट चौड़ा पंडाल पंडाल की भव्यता इसकी ऊंचाई और चौड़ाई से भी साफ दिखाई देती है। इसकी ऊंचाई करीब 80 फीट है। वहीं, यह 120 फीट चौड़ा है। इतने बड़े आकार में महल जैसी संरचना तैयार करना कारीगरों के लिए बड़ी चुनौती रही। समिति के सदस्यों के अनुसार, पंडाल को बनाने में करीब तीन महीने लगे। इसे 100 से अधिक कारीगरों ने मिलकर तैयार किया है। कारीगरों ने इसकी बनावट और सजावट पर विशेष ध्यान दिया है। पंडाल के अलग-अलग हिस्सों को आकर्षक रूप दिया गया है। इसकी संरचना मैसूर के ललित महल पैलेस की भव्यता को दर्शाती है। इसे देखने पहुंच रहे लोग इसकी कलात्मक बनावट की सराहना कर रहे हैं। दूधिया रोशनी से जगमगा रहा गांधी मैदान पंडाल की विद्युत सज्जा इसकी खूबसूरती को और बढ़ा रही है। शाम होते ही पूरा परिसर दूधिया रोशनी से जगमगा उठता है। रोशनी में पंडाल का महल जैसा स्वरूप और भी आकर्षक दिखाई देता है। इसकी सजावट दूर से ही लोगों का ध्यान खींचती है। गांधी मैदान में शाम के समय लोगों की आवाजाही बढ़ रही है। श्रद्धालु पंडाल के सामने रुककर इसकी भव्यता निहार रहे हैं। कई लोग परिवार के साथ यहां पहुंच रहे हैं। बच्चे और युवा भी सजावट का आनंद ले रहे हैं। पंडाल की रोशनी और आकर्षक बनावट लोगों को कुछ देर रुककर इसे देखने के लिए प्रेरित कर रही है। नवमी से पहले ही जुटने लगी भीड़ नवमी से पहले ही पंडाल देखने के लिए गांधी मैदान में लोगों की भीड़ जुटने लगी है। श्रद्धालु परिवार के साथ पहुंचकर पंडाल की तस्वीरें ले रहे हैं। मोबाइल कैमरों में इसकी खूबसूरती कैद करने का सिलसिला जारी है। लोग इसकी कलात्मक बनावट और भव्य आकार की सराहना कर रहे हैं। शिव शक्ति दुर्गा पूजा समिति की यह पहल दुर्गापूजा के उत्साह को और बढ़ा रही है। पंडाल धार्मिक आस्था के साथ स्थापत्य कला का भी अनुभव करा रहा है। मैसूर के प्रसिद्ध महल की तर्ज पर बनी यह संरचना हजारीबाग की दुर्गापूजा की खास पहचान बन गई है। आने वाले दिनों में यहां श्रद्धालुओं की भीड़ और बढ़ने की उम्मीद है। हजारीबाग में दुर्गापूजा के दौरान भक्ति और कला का अनूठा संगम देखने को मिल रहा है। मटवारी स्थित गांधी मैदान में शिव शक्ति दुर्गा पूजा समिति का भव्य पंडाल श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बना है। इसे कर्नाटक के मैसूर स्थित प्रसिद्ध ललित महल पैलेस की तर्ज पर तैयार किया गया है। पंडाल की भव्य बनावट लोगों को आकर्षित कर रही है। इसकी खूबसूरती देखने के लिए शहर के अलग-अलग इलाकों से लोग पहुंच रहे हैं। पंडाल को इस तरह सजाया गया है कि यह दूर से ही महल जैसा नजर आता है। दुर्गापूजा के अवसर पर समिति ने लोगों को एक अलग अनुभव देने की कोशिश की है। 80 फीट ऊंचा और 120 फीट चौड़ा पंडाल पंडाल की भव्यता इसकी ऊंचाई और चौड़ाई से भी साफ दिखाई देती है। इसकी ऊंचाई करीब 80 फीट है। वहीं, यह 120 फीट चौड़ा है। इतने बड़े आकार में महल जैसी संरचना तैयार करना कारीगरों के लिए बड़ी चुनौती रही। समिति के सदस्यों के अनुसार, पंडाल को बनाने में करीब तीन महीने लगे। इसे 100 से अधिक कारीगरों ने मिलकर तैयार किया है। कारीगरों ने इसकी बनावट और सजावट पर विशेष ध्यान दिया है। पंडाल के अलग-अलग हिस्सों को आकर्षक रूप दिया गया है। इसकी संरचना मैसूर के ललित महल पैलेस की भव्यता को दर्शाती है। इसे देखने पहुंच रहे लोग इसकी कलात्मक बनावट की सराहना कर रहे हैं। दूधिया रोशनी से जगमगा रहा गांधी मैदान पंडाल की विद्युत सज्जा इसकी खूबसूरती को और बढ़ा रही है। शाम होते ही पूरा परिसर दूधिया रोशनी से जगमगा उठता है। रोशनी में पंडाल का महल जैसा स्वरूप और भी आकर्षक दिखाई देता है। इसकी सजावट दूर से ही लोगों का ध्यान खींचती है। गांधी मैदान में शाम के समय लोगों की आवाजाही बढ़ रही है। श्रद्धालु पंडाल के सामने रुककर इसकी भव्यता निहार रहे हैं। कई लोग परिवार के साथ यहां पहुंच रहे हैं। बच्चे और युवा भी सजावट का आनंद ले रहे हैं। पंडाल की रोशनी और आकर्षक बनावट लोगों को कुछ देर रुककर इसे देखने के लिए प्रेरित कर रही है। नवमी से पहले ही जुटने लगी भीड़ नवमी से पहले ही पंडाल देखने के लिए गांधी मैदान में लोगों की भीड़ जुटने लगी है। श्रद्धालु परिवार के साथ पहुंचकर पंडाल की तस्वीरें ले रहे हैं। मोबाइल कैमरों में इसकी खूबसूरती कैद करने का सिलसिला जारी है। लोग इसकी कलात्मक बनावट और भव्य आकार की सराहना कर रहे हैं। शिव शक्ति दुर्गा पूजा समिति की यह पहल दुर्गापूजा के उत्साह को और बढ़ा रही है। पंडाल धार्मिक आस्था के साथ स्थापत्य कला का भी अनुभव करा रहा है। मैसूर के प्रसिद्ध महल की तर्ज पर बनी यह संरचना हजारीबाग की दुर्गापूजा की खास पहचान बन गई है। आने वाले दिनों में यहां श्रद्धालुओं की भीड़ और बढ़ने की उम्मीद है।

