गोरखपुर-फैजाबाद खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव से पहले सियासी पारा चढ़ गया है। समाजवादी पार्टी के MLC प्रत्याशी डॉ. संजयन त्रिपाठी ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर भाजपा पर सरकारी मशीनरी के दुरुपयोग का आरोप लगाया है। उन्होंने दावा किया कि आजमगढ़ और मऊ के जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) विद्यालयों के प्रबंधकों को फोन कर भाजपा प्रत्याशी ध्रुव कुमार त्रिपाठी के पक्ष में मतदान कराने का दबाव बना रहे हैं। आरोप है कि ऐसा नहीं करने पर विद्यालयों की मान्यता वापस लेने की धमकी भी दी जा रही है। डॉ. संजयन त्रिपाठी ने वीडियो में कहा कि पिछले दो दिनों से आजमगढ़ के कई विद्यालयों के प्रबंधकों, प्रधानाचार्यों और मदरसों से जुड़े लोगों के फोन उनके पास आ रहे हैं। वे इस संबंध में शिकायत कर रहे हैं कि अधिकारियों और विद्यालयों में कार्यरत कुछ कर्मचारियों के माध्यम से भाजपा प्रत्याशी के पक्ष में मतदान कराने के निर्देश दिए जा रहे हैं। इस मामले को गंभीर बताते हुए डॉ. संजयन त्रिपाठी बुधवार को वरिष्ठ सपा नेताओं के साथ मंडलायुक्त कार्यालय पहुंचे। यहां उन्होंने निर्वाचन अधिकारी एवं मंडलायुक्त को ज्ञापन सौंपकर मामले की जांच कराने और संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। ज्ञापन देकर लगाया आरोप डॉ. संजयन त्रिपाठी ने निर्वाचन अधिकारी को दिए ज्ञापन में कहा कि गोरखपुर-फैजाबाद खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले आजमगढ़ समेत अन्य जिलों के कई वित्तविहीन और वित्तपोषित विद्यालयों के प्रबंधकों ने उनसे शिकायत की है। आरोप है कि संबंधित जिलों के जिला विद्यालय निरीक्षक अपने कार्यालय के माध्यम से विद्यालय प्रबंधकों पर दबाव बना रहे हैं। ज्ञापन के मुताबिक, प्रबंधकों को फोन कर कहा जा रहा है कि वे अपने विद्यालयों के निर्धारित मतदाता शिक्षकों से भाजपा प्रत्याशी ध्रुव कुमार त्रिपाठी के पक्ष में मतदान कराएं। ऐसा नहीं करने पर जिलाधिकारी के माध्यम से विद्यालय की मान्यता वापस लिए जाने की धमकी दिए जाने का भी आरोप लगाया गया है। सपा प्रत्याशी ने कहा कि यदि चुनाव में अधिकारियों के माध्यम से इस तरह का दबाव बनाया जा रहा है, तो यह चुनाव की निष्पक्षता पर गंभीर सवाल खड़े करता है। हालांकि, ये आरोप डॉ. संजयन त्रिपाठी की ओर से लगाए गए हैं। इनकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। मुख्य चुनाव आयुक्त को भी भेजी ज्ञापन की कॉपी डॉ. संजयन त्रिपाठी ने मंडलायुक्त से पूरे मामले को गंभीरता से संज्ञान में लेने की मांग की है। उन्होंने कहा कि शिकायतों की जांच कराई जाए और यदि आरोप सही पाए जाते हैं, तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ विधिक कार्रवाई की जाए। साथ ही, की गई कार्रवाई से उन्हें अवगत कराने का भी अनुरोध किया है। उन्होंने ज्ञापन की प्रतिलिपि मुख्य चुनाव आयुक्त, भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली और मुख्य निर्वाचन अधिकारी, उत्तर प्रदेश, लखनऊ को भी भेजी है। इस कदम के जरिए उन्होंने चुनाव प्रक्रिया में निष्पक्षता सुनिश्चित करने और कथित दबाव की शिकायत पर उच्च स्तर से कार्रवाई कराने की मांग की है। ज्ञापन सौंपने के दौरान सपा के कई नेता रहे मौजूद मंडलायुक्त कार्यालय में ज्ञापन सौंपने के दौरान डॉ. संजयन त्रिपाठी के साथ सपा के निवर्तमान जिलाध्यक्ष ब्रजेश कुमार गौतम, निवर्तमान महानगर अध्यक्ष शब्बीर कुरैशी और पूर्व मंत्री प्रहलाद यादव मौजूद रहे। इसके अलावा जियाउल इस्लाम, मनुरोजन यादव, विंदा देवी, राजीव पांडेय, कीर्तिनिधि पांडेय, अखिलेश यादव, कपिल मुनि यादव, सिंहासन यादव, बृजनाथ मौर्य, जितेंद्र यादव, गवीश दुबे, धन्नजय सिंह सैथवार, विश्वजीत त्रिपाठी, कमर कुरैशी, करुणा निधान सोनू पांडेय, अनुप यादव और अश्वनी गौड़ समेत कई वरिष्ठ नेता व कार्यकर्ता उपस्थित रहे। चुनाव से पहले बढ़ी सियासी हलचल: शिक्षक MLC चुनाव को लेकर पहले से ही राजनीतिक दलों के बीच सक्रियता बढ़ी हुई है। ऐसे में सपा प्रत्याशी की ओर से सरकारी मशीनरी के दुरुपयोग और विद्यालयों पर दबाव बनाने के आरोप लगाए जाने के बाद चुनावी माहौल में हलचल तेज हो गई है। अब इस मामले में संबंधित अधिकारियों की प्रतिक्रिया और शिकायत पर होने वाली कार्रवाई महत्वपूर्ण होगी।

