बेगूसराय के बलिया थाना क्षेत्र के लखमिनियां में 18 सितंबर की देर रात वार्ड पार्षद के पति, अनाज कारोबारी और बलिया थाना के टॉप-10 अपराधियों में रहे मो. इरशादुज्जमा पर हुए जानलेवा हमले में नया खुलासा हुआ है। अपराधियों ने घात लगाकर उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग की थी। इसमें इरशादुज्जमा और उनके साथी मो. साकिर गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों का इलाज बेगूसराय के एक निजी अस्पताल में चल रहा है। पुलिस के अनुसार, जमीन विवाद को लेकर हत्या की सुपारी देने की बात सामने आई है। मामले में सात नामजद लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए एक आरोपी मुन्ना सिंह को गिरफ्तार किया है। बाइक से घर लौटते समय बदमाशों ने की फायरिंग घटना की रात करीब 9:45 बजे मो. इरशादुज्जमा अपने साथी मो. साकिर के साथ बाइक से कार्यालय से घर लौट रहे थे। लखमिनियां में मो. अरफराज के घर के पास पहुंचते ही पहले से घात लगाए तीन नकाबपोश बदमाशों ने उन पर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। अचानक हुई गोलीबारी से इलाके में अफरा-तफरी मच गई। फायरिंग में इरशादुज्जमा के दाहिने कंधे और बाएं हाथ की अंगुली में गोली लगी। बाइक पर पीछे बैठे मो. साकिर के बाएं हाथ की अंगुली को चीरते हुए गोली निकल गई। दोनों को परिजनों और स्थानीय लोगों की मदद से आनन-फानन में बेगूसराय के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। फिलहाल दोनों का इलाज चल रहा है और उनकी स्थिति खतरे से बाहर बताई जा रही है। जमीन विवाद को लेकर हत्या की साजिश का दावा अस्पताल में पुलिस को दिए फर्दबयान में मो. इरशादुज्जमा ने घटना के पीछे साजिश की बात बताई। उनके अनुसार, उन्होंने अपनी खरीदी हुई जमीन बलिया नगर परिषद को सड़क निर्माण के लिए दान दी थी। इसी जमीन को लेकर स्थानीय निवासी मो. सहरोज उर्फ जंगली के साथ उनका विवाद चल रहा था। इरशादुज्जमा के बयान के अनुसार, इसी पुरानी रंजिश और जमीन विवाद को लेकर मो. सहरोज उर्फ जंगली, मो. शाहनवाज, मो. अब्दुल और मुन्ना सिंह ने मिलकर उनकी हत्या की साजिश रची। उन्होंने बताया कि हत्या को अंजाम देने के लिए डंडारी थाना क्षेत्र के दिलीप यादव और कंकौल निवासी मुकेश यादव को 15 लाख रुपये की सुपारी देने की बात सामने आई है। CCTV फुटेज में बाइक रोककर हमला करते दिखे बदमाश घटना का लाइव सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। इसमें बाइक सवारों को रोककर बदमाशों के हमला करने की घटना दिखाई दे रही है। पुलिस अब अपराधियों के आने-जाने वाले रास्तों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। पुलिस सुपारी लेने वाले शूटरों और साजिश में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश कर रही है। वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने के लिए एफएसएल टीम को भी मौके पर बुलाया गया था। पत्नी हैं वार्ड पार्षद, पुलिस ने एक आरोपी को पकड़ा मुख्यालय डीएसपी निखिल कुमार ने बताया कि मो. इरशादुज्जमा की पत्नी शाहीन प्रवीण वार्ड पार्षद हैं। इरशादुज्जमा कार्यालय से घर लौट रहे थे, इसी दौरान उन पर फायरिंग की गई। घटना में उन्हें और उनके साथी को गोली लगी है। दोनों का इलाज निजी अस्पताल में चल रहा है और वे खतरे से बाहर हैं। उन्होंने बताया कि घायल के बयान के आधार पर बलिया थाने में नामजद प्राथमिकी दर्ज की गई है। मामले में आरोपी मुन्ना सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस जांच में यह बात भी सामने आई है कि घायल मो. इरशादुज्जमा का पहले से आपराधिक इतिहास रहा है। मामले में अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। बेगूसराय के बलिया थाना क्षेत्र के लखमिनियां में 18 सितंबर की देर रात वार्ड पार्षद के पति, अनाज कारोबारी और बलिया थाना के टॉप-10 अपराधियों में रहे मो. इरशादुज्जमा पर हुए जानलेवा हमले में नया खुलासा हुआ है। अपराधियों ने घात लगाकर उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग की थी। इसमें इरशादुज्जमा और उनके साथी मो. साकिर गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों का इलाज बेगूसराय के एक निजी अस्पताल में चल रहा है। पुलिस के अनुसार, जमीन विवाद को लेकर हत्या की सुपारी देने की बात सामने आई है। मामले में सात नामजद लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए एक आरोपी मुन्ना सिंह को गिरफ्तार किया है। बाइक से घर लौटते समय बदमाशों ने की फायरिंग घटना की रात करीब 9:45 बजे मो. इरशादुज्जमा अपने साथी मो. साकिर के साथ बाइक से कार्यालय से घर लौट रहे थे। लखमिनियां में मो. अरफराज के घर के पास पहुंचते ही पहले से घात लगाए तीन नकाबपोश बदमाशों ने उन पर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। अचानक हुई गोलीबारी से इलाके में अफरा-तफरी मच गई। फायरिंग में इरशादुज्जमा के दाहिने कंधे और बाएं हाथ की अंगुली में गोली लगी। बाइक पर पीछे बैठे मो. साकिर के बाएं हाथ की अंगुली को चीरते हुए गोली निकल गई। दोनों को परिजनों और स्थानीय लोगों की मदद से आनन-फानन में बेगूसराय के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। फिलहाल दोनों का इलाज चल रहा है और उनकी स्थिति खतरे से बाहर बताई जा रही है। जमीन विवाद को लेकर हत्या की साजिश का दावा अस्पताल में पुलिस को दिए फर्दबयान में मो. इरशादुज्जमा ने घटना के पीछे साजिश की बात बताई। उनके अनुसार, उन्होंने अपनी खरीदी हुई जमीन बलिया नगर परिषद को सड़क निर्माण के लिए दान दी थी। इसी जमीन को लेकर स्थानीय निवासी मो. सहरोज उर्फ जंगली के साथ उनका विवाद चल रहा था। इरशादुज्जमा के बयान के अनुसार, इसी पुरानी रंजिश और जमीन विवाद को लेकर मो. सहरोज उर्फ जंगली, मो. शाहनवाज, मो. अब्दुल और मुन्ना सिंह ने मिलकर उनकी हत्या की साजिश रची। उन्होंने बताया कि हत्या को अंजाम देने के लिए डंडारी थाना क्षेत्र के दिलीप यादव और कंकौल निवासी मुकेश यादव को 15 लाख रुपये की सुपारी देने की बात सामने आई है। CCTV फुटेज में बाइक रोककर हमला करते दिखे बदमाश घटना का लाइव सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। इसमें बाइक सवारों को रोककर बदमाशों के हमला करने की घटना दिखाई दे रही है। पुलिस अब अपराधियों के आने-जाने वाले रास्तों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। पुलिस सुपारी लेने वाले शूटरों और साजिश में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश कर रही है। वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने के लिए एफएसएल टीम को भी मौके पर बुलाया गया था। पत्नी हैं वार्ड पार्षद, पुलिस ने एक आरोपी को पकड़ा मुख्यालय डीएसपी निखिल कुमार ने बताया कि मो. इरशादुज्जमा की पत्नी शाहीन प्रवीण वार्ड पार्षद हैं। इरशादुज्जमा कार्यालय से घर लौट रहे थे, इसी दौरान उन पर फायरिंग की गई। घटना में उन्हें और उनके साथी को गोली लगी है। दोनों का इलाज निजी अस्पताल में चल रहा है और वे खतरे से बाहर हैं। उन्होंने बताया कि घायल के बयान के आधार पर बलिया थाने में नामजद प्राथमिकी दर्ज की गई है। मामले में आरोपी मुन्ना सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस जांच में यह बात भी सामने आई है कि घायल मो. इरशादुज्जमा का पहले से आपराधिक इतिहास रहा है। मामले में अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।

