रोहतक में बिजली कर्मचारियों की निजीकरण के विरोध में 3 दिवसीय हड़ताल से जनता परेशान हो गई है। कई गांवों में बिजली की सप्लाई बाधित है, जिसके कारण ग्रामीण सड़कों पर उतर आए है। देर रात को गांव कंसाला व घिलौड़ के ग्रामीणों ने हाइवे पर जाम लगाते हुए विरोध प्रकट किया। हाईवे पर जाम लगाने के दौरान ग्रामीणों ने कहा कि सुबह से बिजली की सप्लाई नहीं हुई, जिसके कारण उनके सारे काम अटके हुए है। पानी की मोटर तक नहीं चला पा रहे। इनवर्टर भी बोल चुके है, जिसके कारण घर में अंधेरा है। गांव पूरी तरह अंधेरे में डूबा हुआ है। अधिकारियों की कॉलोनी में लाइट है, लेकिन जनता को परेशान किया जा रहा है। हाइवे पर गांव कंसाला के लोगों ने लगाया जाम
गांव कंसाला के लोगों ने देर रात को अंधेरे में डूबी गलियों को लेकर हाइवे जाम कर दिया। लोगों ने विरोध स्वरूप सरकार के खिलाफ नारेबाजी भी की। करीब घंटेभर तक जाम लगाए रखा। मौके पर पुलिस भी पहुंची, जिन्होंने ग्रामीणों को समझाकर जाम खुलवाया। घिलौड़ के ग्रामीणों ने नेशनल हाइवे किया जाम
देर रात को लाइट न आने से परेशान गांव घिलौड़ के ग्रामीणों ने नेशनल हाइवे पर जाम लगा दिया। लोगों ने सड़क के बीच बाइक खड़ी करके नारेबाजी की। इस दौरान सड़क के दोनों तरफ गाड़ियों की लाइन लग गई। सूचना के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों को समझाया। बिजली कर्मचारियों ने पहले ही दी थी चेतावनी
हरियाणा बिजली कर्मचारी एवं इंजीनियर संयुक्त संघर्ष मोर्चा लीगल एडवाइजर जगदीश निराला ने बताया कि निजीकरण के विरोध में हड़ताल की गई है, जिसके संभावित असर को लेकर पहले ही कर्मचारियों ने चेतावनी दी थी। कर्मचारियों की हड़ताल का असर पूरे प्रदेश में देखने को मिला है। अगर सरकार ने मांग पूरी नहीं की तो हड़ताल अनिश्चितकालीन होगी, जिसके परिणाम भी सरकार को भुगतने होंगे। नूह व गुरुग्राम में नहीं बिकने देंगे बिजली निगम
सर्कल सेक्रेटरी सुनील दहिया ने कहा कि हरियाणा सरकार बिजली निगम को बेच रही है। नूह व गुरुग्राम की बिजली को बेच दिया गया। अब पूरे हरियाणा के बिजली निगम को निजी हाथों में देने की तैयारी चल रही है। बिजली कर्मचारी नूह व गुरुग्राम की बिजली को भी निजी हाथों में जाने नहीं देंगे। अभी तो सरकार को ट्रेलर दिखाया है। सरकार नहीं मानी तो पूरी फिल्म दिखाई जाएगी।

