लगातार बारिश के बाद मौसम में आए बदलाव का असर अब लोगों की सेहत पर दिखाई दे रहा है। बारिश थमने के बाद रायसेन में वायरल फीवर, सर्दी-जुकाम, खांसी और कमजोरी के मरीजों की संख्या बढ़ गई है। कई मरीजों में 3 से 5 दिन तक बुखार रहने के बाद भी कमजोरी, चक्कर, बदन दर्द और खांसी की शिकायत बनी हुई है। शहर से लेकर गांवों तक बड़ी संख्या में लोग वायरल की चपेट में हैं। जिला अस्पताल की ओपीडी में भी मरीजों की भीड़ बढ़ी है। सिविल सर्जन डॉ. अनिल ओढ़ के अनुसार इन दिनों जिला अस्पताल में रोज करीब 800 मरीज पहुंच रहे हैं। अस्पताल में मौजूद प्रत्येक डॉक्टर करीब 60 से 100 मरीजों की जांच कर रहा है। मरीजों की संख्या बढ़ने से अस्पताल के वार्डों में बेड पर दो-दो मरीजों को भर्ती करना पड़ रहा है, जिनमें बच्चे भी शामिल हैं। मौसम में उतार-चढ़ाव बना वजह
डॉ. ओढ़ ने बताया कि बारिश के बाद दिन में उमस और धूप, जबकि रात में ठंडक का असर है। मौसम के इस बदलाव के कारण वायरल फीवर के मरीज बढ़ रहे हैं। मरीजों में सर्दी-जुकाम, गले में दर्द, खांसी और बुखार जैसे लक्षण सामने आ रहे हैं। कुछ मरीजों में बुखार कम होने के बाद भी कमजोरी और चक्कर कई दिनों तक बने रहते हैं। डॉक्टर की सलाह- सावधानी बरतें
डॉ. ओढ़ ने लोगों से बुखार आने पर खुद से दवा लेने के बजाय डॉक्टर को दिखाने की सलाह दी है। उन्होंने पर्याप्त आराम करने, पानी और तरल पदार्थ लेने तथा खान-पान का विशेष ध्यान रखने की बात कही। साथ ही भीड़भाड़ वाली जगहों से बचने और संक्रमण से बचाव के लिए हाथों की स्वच्छता रखने की अपील की।

